तिरुवनंतपुरम मासूम हत्याकांड: पोस्टमार्टम रिपोर्ट में भयावह खुलासे, शरीर पर मिले चोट के 91 निशान, आरोपी पर कसा शिकंजा
तिरुवनंतपुरम मासूम हत्याकांड: पोस्टमार्टम रिपोर्ट में भयावह खुलासे, शरीर पर मिले चोट के 91 निशान, आरोपी पर कसा शिकंजा
तिरुवनंतपुरम: केरल की राजधानी तिरुवनंतपुरम में 18 महीने के मासूम बच्चे की बेरहमी से की गई हत्या के मामले में एक बेहद चौंकाने वाली और दिल दहला देने वाली पोस्टमार्टम रिपोर्ट सामने आई है। इस रिपोर्ट ने बच्चे पर लंबे समय से हो रहे बर्बर अत्याचारों की पोल खोलकर रख दी है। पुलिस ने इस मामले के मुख्य आरोपी अशकर के खिलाफ हत्या के साथ-साथ एससी/एसटी (SC/ST) एक्ट के तहत मामला दर्ज कर उसे रिमांड पर लिया है।
पोस्टमार्टम रिपोर्ट में रोंगटे खड़े कर देने वाले खुलासे
पुलिस की रिमांड रिपोर्ट और बच्चे की पोस्टमार्टम रिपोर्ट के अनुसार, इस मासूम बच्चे को लंबे समय तक असहनीय और क्रूर शारीरिक शोषण का शिकार बनाया गया था:
- शरीर पर 91 चोटें और 7 टूटी पसलियां: डॉक्टरों ने बच्चे के शव पर चोट के छोटे-बड़े कुल 91 निशान दर्ज किए हैं। बच्चे की मौत मुख्य रूप से सीने और सिर पर लगी गंभीर आंतरिक चोटों के कारण हुई। उसके सीने की सात पसलियां टूटी हुई पाई गईं, जिसके कारण अंदरूनी अंगों को भारी नुकसान पहुंचा। जांचकर्ताओं के मुताबिक, आरोपी अशकर ने बच्चे के सीने पर पैर से जोरदार प्रहार किया था, जिससे पसलियां टूट गईं।
- खोपड़ी में सूजन और ब्लीडिंग: बच्चे के सिर पर किए गए हमलों के कारण खोपड़ी के भीतर कई जगहों पर खून बहने (इंटरनल ब्लीडिंग) और गंभीर सूजन की बात सामने आई है।
- सिगरेट लाइटर से दागने के निशान: क्रूरता की हदें पार करते हुए मासूम के गुप्तांगों और दाहिने पैर के तलवे पर जलने के गहरे निशान मिले हैं। पुलिस जांच में यह बात सामने आई है कि आरोपी ने कथित तौर पर सिगरेट लाइटर से बच्चे को बेरहमी से दागा था।
”सीढ़ियों से गिरने” की थ्योरी निकली झूठी, मां भी संदेह के घेरे में
इससे पहले बच्चे के हाथ की हड्डी टूटने की एक घटना सामने आई थी। उस वक्त आरोपी अशकर और बच्चे की मां अखिला ने दावा किया था कि बच्चा सीढ़ियों से गिर गया था, जिसके कारण उसका हाथ टूटा। हालांकि, पोस्टमार्टम रिपोर्ट के बाद पुलिस का यह शक यकीन में बदल गया है कि वह भी एक सुनियोजित कृत्य था। पुलिस ने संकेत दिए हैं कि अपराध को छिपाने और आरोपी का साथ देने के लिए मां अखिला के खिलाफ भी इस मामले में उकसाने और साजिश रचने की धाराएं जोड़ी जा सकती हैं।
रिश्ते में “रुकावट” बन रहा था मासूम
कड़ी पूछताछ के दौरान आरोपी अशकर ने पुलिस के सामने अपना जुर्म कबूलते हुए बेहद चौंकाने वाली वजह बताई। उसने कहा कि वह छोटा बच्चा अखिला के साथ उसके प्रेम संबंध और रिश्ते के बीच में “रुकावट” बन रहा था, इसलिए उसने बच्चे को रास्ते से हटाने के लिए उस पर बार-बार जानलेवा अत्याचार किए। पुलिस इस बात की गहराई से तफ्तीश कर रही है कि क्या यह पूरी हत्या एक सोची-समझी साजिश के तहत की गई थी और क्या परिवार या पड़ोस में किसी अन्य व्यक्ति को इस टॉर्चर की भनक थी।
आरोपी का पुराना आपराधिक इतिहास
पुलिस को जांच के दौरान आरोपी अशकर के पुराने रिकॉर्ड के बारे में भी कई गंभीर जानकारियां मिली हैं:
- आरोप है कि अशकर ने अपनी पहली पत्नी के साथ भी इसी तरह बर्बरतापूर्वक मारपीट की थी, जिसके कारण वह शारीरिक रूप से विकलांग हो गई थी।
- इसके अलावा, कुछ समय पहले अशकर के साथ रहने वाली एक अन्य महिला की संदिग्ध हालातों में मौत हो गई थी। पुलिस अब उस महिला की मौत से जुड़े रहस्यों और परिस्थितियों की भी नए सिरे से तफ्तीश कर रही है ताकि आरोपी के सारे काले कारनामे उजागर किए जा सकें।
