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नोएडा हिंसा का पाकिस्तानी कनेक्शन सामने! पुलिस-मंत्री का दावा: PAK हैंडलर्स ने भड़काया, 350 से ज्यादा गिरफ्तार

नोएडा हिंसा का पाकिस्तानी कनेक्शन सामने! पुलिस-मंत्री का दावा: PAK हैंडलर्स ने भड़काया, 350 से ज्यादा गिरफ्तार

नोएडा: गौतम बुद्ध नगर के नोएडा में मजदूरों के वेतन वृद्धि और साप्ताहिक अवकाश की मांग को लेकर शुरू हुए प्रदर्शन सोमवार (13 अप्रैल 2026) को हिंसक हो गए। प्रदर्शनकारियों ने कई जगहों पर तोड़फोड़, आगजनी और पथराव किया, जिससे इलाके में अफरा-तफरी मच गई। अब इस हिंसा में पाकिस्तानी कनेक्शन की आशंका जताई जा रही है।

उत्तर प्रदेश के श्रम मंत्री अनिल राजभर ने इसे “सुनियोजित साजिश” बताया और कहा कि एजेंसियां पाकिस्तान स्थित हैंडलर्स से जुड़े लिंक की जांच कर रही हैं। उन्होंने बताया कि हाल ही में मेरठ और नोएडा से चार संदिग्ध आतंकियों को गिरफ्तार किया गया था, जिनके पाकिस्तानी हैंडलर्स से कनेक्शन पाए गए। मंत्री ने कहा कि यह हिंसा राज्य के विकास और कानून-व्यवस्था को बिगाड़ने की बड़ी साजिश का हिस्सा हो सकती है।

पुलिस का दावा और अपडेट:

गिरफ्तारियां: अब तक 350 से ज्यादा लोगों को हिंसा में शामिल होने के आरोप में गिरफ्तार किया गया है। सात से ज्यादा FIR दर्ज की गई हैं।

बाहरी तत्वों की भूमिका: पुलिस के अनुसार, प्रदर्शन में “बाहरी लोग” घुसे और हिंसा भड़काई। व्हाट्सएप ग्रुप्स और सोशल मीडिया के जरिए QR कोड से मजदूरों को भड़काने का काम किया गया।

डिजिटल साजिश: कुछ रिपोर्ट्स में बॉट नेटवर्क और ऑर्गनाइज्ड नेटवर्क का जिक्र है, जो हिंसा को फैलाने में सक्रिय थे।

PAK लिंक की जांच: उत्तर प्रदेश पुलिस और ATS इस बात की जांच कर रही है कि क्या पाकिस्तानी हैंडलर्स ने स्थानीय प्रदर्शन को हाईजैक कर हिंसा को बढ़ावा दिया। अभी तक सीधा ऑपरेशनल लिंक साबित नहीं हुआ है, लेकिन जांच जारी है।

घटना का संक्षिप्त विवरण:

हजारों फैक्ट्री वर्कर्स (करीब 40,000 बताए जा रहे हैं) ने वेतन बढ़ोतरी की मांग को लेकर प्रदर्शन किया। यह शांतिपूर्ण शुरू हुआ, लेकिन कुछ देर बाद पथराव, वाहनों को आग लगाने और तोड़फोड़ की घटनाएं हुईं। यातायात पूरी तरह ठप हो गया था।

सरकार की प्रतिक्रिया:

मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ की सरकार ने मजदूरों की कुछ मांगों को मानते हुए वार्ता शुरू की है, लेकिन हिंसा भड़काने वालों पर सख्त कार्रवाई का ऐलान किया है। विपक्ष (सपा, कांग्रेस) ने इसे योगी सरकार की “विफलता” बताया है, जबकि सरकार इसे “एंटी-नेशनल ताकतों” की साजिश करार दे रही है।

नोट: पाकिस्तानी कनेक्शन अभी जांच के स्तर पर है। पुलिस और एजेंसियां इंटरोगेशन और डिजिटल फुटप्रिंट्स के आधार पर आगे की जानकारी जुटा रही हैं। कोई अंतिम निष्कर्ष अभी नहीं निकला है।

स्थिति पर नजर रखें – जांच में नई जानकारी आने पर अपडेट होगा।

प्रभावित इलाकों में सुरक्षा बढ़ा दी गई है और स्थिति नियंत्रण में बताई जा रही है।

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