वंदे भारत स्लीपर का विस्तार: बेंगलुरु से मुंबई के बीच चलेगी दूसरी ट्रेन, दिसंबर 2026 तक 12 ट्रेनों का लक्ष्य
भारतीय रेलवे के आधुनिकीकरण की दिशा में एक और बड़ा कदम उठाते हुए, वंदे भारत स्लीपर ट्रेनों के विस्तार को लेकर बड़ी जानकारी सामने आई है। गुवाहाटी-हावड़ा रूट पर मिली अपार सफलता के बाद, अब देश को अपनी दूसरी वंदे भारत स्लीपर ट्रेन मिलने जा रही है।
वंदे भारत स्लीपर का विस्तार: बेंगलुरु से मुंबई के बीच चलेगी दूसरी ट्रेन, दिसंबर 2026 तक 12 ट्रेनों का लक्ष्य
1. दूसरी वंदे भारत स्लीपर का रूट तय
रेल मंत्री अश्विनी वैष्णव ने दूसरी वंदे भारत स्लीपर ट्रेन के लिए बेंगलुरु (KSR) से मुंबई (CSMT) रूट को आधिकारिक तौर पर मंजूरी दे दी है।
सांसद की पहल: बेंगलुरु सेंट्रल के सांसद पीसी मोहन की मांग पर रेल मंत्री ने इस रूट को हरी झंडी दिखाई है।
आधिकारिक पुष्टि: सांसद ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म ‘X’ पर 5 अप्रैल को जारी हुए आधिकारिक पत्र की जानकारी साझा की।
2. ट्रेन की विशेषताएं और वर्तमान स्थिति
तैयारी: ट्रेन का स्लीपर सेट पूरी तरह बनकर तैयार हो चुका है।
उद्घाटन: हालांकि अभी उद्घाटन की सटीक तारीख तय नहीं हुई है, लेकिन माना जा रहा है कि यह बहुत जल्द पटरी पर उतरेगी।
पहली ट्रेन की सफलता: गुवाहाटी से हावड़ा के बीच चल रही पहली वंदे भारत स्लीपर का ऑक्यूपेंसी रेट 100% से ज्यादा बना हुआ है, जो इसकी जबरदस्त लोकप्रियता को दर्शाता है।
3. रेलवे का बड़ा विस्तार प्लान
रेल मंत्री अश्विनी वैष्णव के अनुसार, वंदे भारत स्लीपर नेटवर्क को इस साल के अंत तक तेजी से बढ़ाया जाएगा:
अक्टूबर 2025 तक: 8 नई वंदे भारत स्लीपर ट्रेनें शुरू करने की योजना है।
दिसंबर 2026 तक: देश के विभिन्न हिस्सों में कुल 12 वंदे भारत स्लीपर ट्रेनें दौड़ने लगेंगी।
4. यात्रियों को क्या होगा फायदा?
वंदे भारत स्लीपर ट्रेनें लंबी दूरी के सफर को न केवल आरामदायक बल्कि समय की दृष्टि से भी किफायती बनाएंगी।
हाई-स्पीड कनेक्टिविटी: मुंबई और बेंगलुरु जैसे दो बड़े व्यापारिक केंद्रों के बीच यात्रा का समय कम होगा।
शाही सुविधाएं: चेयरकार वर्जन की सफलता के बाद, स्लीपर वर्जन में यात्रियों को आधुनिक इंटीरियर, बेहतर लाइटिंग और अंतरराष्ट्रीय स्तर की सुविधाएं मिलेंगी।
विशेष नोट: इस “शाही ट्रेन” की बढ़ती मांग को देखते हुए देशभर के कई अन्य सांसद भी अपने क्षेत्रों के लिए वंदे भारत स्लीपर की मांग कर रहे हैं, जिससे आने वाले समय में देश के सभी प्रमुख रूटों पर यह ट्रेन देखने को मिल सकती है।
