उत्तर प्रदेश में बड़ा विवाद: बिहार के मौलाना ने CM योगी आदित्यनाथ की मां पर कथित आपत्तिजनक टिप्पणी की, कई जिलों में प्रदर्शन
उत्तर प्रदेश में बड़ा विवाद: बिहार के मौलाना अब्दुल्ला सलीम चतुर्वेदी ने CM योगी आदित्यनाथ की मां पर कथित आपत्तिजनक टिप्पणी की, कई जिलों में प्रदर्शन और पुतला दहन – FIR की मांग तेज!
न्यूज़ अपडेट: 8 मार्च 2026
उत्तर प्रदेश की सियासत और सोशल मीडिया में तूफान मचा हुआ है! बिहार के एक मौलाना अब्दुल्ला सलीम चतुर्वेदी (जिनके नाम के साथ ‘चतुर्वेदी’ भी जुड़ा है) ने एक धार्मिक सभा (रमजान के दौरान) में उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ की मां पर अत्यंत आपत्तिजनक और अपमानजनक टिप्पणी की, जिसके बाद राज्य में भारी आक्रोश फैल गया है। मौलाना ने गौकशी कानून और मांसाहार पर बात करते हुए कथित तौर पर कहा कि “योगी जी की अम्मा का गोश्त 250 ग्राम मिलने पर गोली मारने का कानून है” जैसे भड़काऊ और अश्लील शब्द इस्तेमाल किए। यह वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल हो गया, जिससे हिंदू संगठनों, BJP कार्यकर्ताओं और आम जनता में गुस्सा भड़क उठा।
मौलाना का विवादित बयान क्या था?
वीडियो में मौलाना ने यूपी के गौहत्या कानून की आलोचना करते हुए कहा (अनुमानित अनुवाद):
“योगी जी की… (मां का जिक्र) अगर 250 ग्राम गोश्त मिले तो घुटनों के नीचे गोली मारने का कानून है… तुम मटन खाते हो, मीट खाते हो…”
उन्होंने गौमाता और CM योगी की मां को जोड़कर अपमानजनक तरीके से बात की, जिसे लोग “हिंदू मां” और “गौमाता” का अपमान मान रहे हैं। मौलाना प्राशांत किशोर की जन सुराज पार्टी से जुड़े बताए जा रहे हैं, और उनका नाम ‘अब्दुल्ला सलीम चतुर्वेदी’ है, जो विवाद को और संवेदनशील बनाता है।
प्रदर्शन और आक्रोश कहां-कहां?
लखनऊ: अटल चौराहा और हजरतगंज पर युवाओं ने मौलाना का पुतला फूंका, शव यात्रा निकाली और FIR दर्ज कर गिरफ्तारी की मांग की। प्रदर्शनकारियों ने कहा: “चार दिनों में कार्रवाई नहीं हुई तो पूरे शहर में बड़ा आंदोलन होगा।” ABVP और BJP कार्यकर्ता भी शामिल हुए।
वाराणसी: तनाव की खबरें, लोग सड़कों पर उतरे और विरोध जताया।
अन्य जिले: कई जिलों (जैसे गोरखपुर, आजमगढ़ के आसपास) में छोटे-मोटे विरोध प्रदर्शन और सोशल मीडिया पर #ArrestMaulanaSalim ट्रेंड कर रहा है।
प्रदर्शनकारियों का कहना: “मुख्यमंत्री योगी जी यूपी के दिल और जान हैं। उनकी मां पर ऐसी टिप्पणी किसी भी हाल में बर्दाश्त नहीं। मौलाना एंटी-नेशनल बयान दे रहा है।”
राजनीतिक और सामाजिक प्रतिक्रिया
BJP और हिंदू संगठनों ने इसे “हिंदू भावनाओं का अपमान” बताया और UP पुलिस से तुरंत कार्रवाई की मांग की।
सोशल मीडिया पर वीडियो वायरल होने से हजारों पोस्ट्स आए, जहां लोग मौलाना को “जिहादी” और “भड़काऊ” बता रहे हैं।
अभी तक मौलाना या उनके खिलाफ कोई FIR की आधिकारिक पुष्टि नहीं, लेकिन पुलिस जांच शुरू कर सकती है (IPC की धारा 153A, 295A आदि के तहत)।
यह विवाद लोकसभा चुनाव 2026 से पहले उत्तर प्रदेश में धार्मिक ध्रुवीकरण को और तेज कर सकता है।
यह घटना महिलाओं की गरिमा, धार्मिक सद्भाव और राजनीतिक भाषणों की सीमा पर सवाल उठा रही है। अगर मौलाना का पूरा वीडियो या बयान देखना हो तो सोशल मीडिया पर उपलब्ध है, लेकिन सावधानी बरतें – यह बेहद आपत्तिजनक है।
क्या लगता है आपको – मौलाना पर सख्त कार्रवाई होनी चाहिए या यह सिर्फ राजनीतिक विवाद है?
