प्रधानमंत्री राहत योजना: सड़क हादसों में घायलों को 7 दिनों तक 1.5 लाख तक का कैशलेस इलाज, बिल ‘शून्य’!
प्रधानमंत्री राहत योजना: सड़क हादसों में घायलों को 7 दिनों तक 1.5 लाख तक का कैशलेस इलाज, बिल ‘शून्य’!
नई दिल्ली: केंद्र सरकार ने सड़क दुर्घटनाओं में घायल लोगों की जान बचाने के लिए एक महत्वपूर्ण कदम उठाया है। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने ‘पीएम राहत’ (PM RAHAT – Road Accident Victim Hospitalization and Assured Treatment) योजना को मंजूरी दी है। इस योजना के तहत सड़क हादसे के शिकार हर व्यक्ति को दुर्घटना की तारीख से 7 दिनों तक 1.5 लाख रुपये तक का कैशलेस इलाज मिलेगा। मतलब, अस्पताल में इलाज के दौरान मरीज को एक पैसा भी नहीं चुकाना पड़ेगा – बिल पूरी तरह ‘0’ रहेगा!
यह योजना सेवा तीर्थ (नए पीएमओ कॉम्प्लेक्स) से प्रधानमंत्री के पहले फैसलों में से एक है, जो ‘सेवा’ की भावना पर आधारित है। इसका मुख्य उद्देश्य है कि ‘गोल्डन आवर’ (पहले एक घंटे) में तत्काल चिकित्सा सहायता मिल सके, ताकि पैसे की कमी या देरी से किसी की जान न जाए। भारत में सड़क हादसों के कारण हर साल बड़ी संख्या में मौतें होती हैं, और कई बार घायल व्यक्ति समय पर इलाज न मिलने से दम तोड़ देते हैं। पीएम राहत योजना इसी समस्या का समाधान करने के लिए लाई गई है।
योजना की मुख्य विशेषताएं:
कवरेज: किसी भी श्रेणी की सड़क (हाईवे, शहर की सड़कें आदि) पर हुई दुर्घटना के पीड़ितों के लिए लागू।
राशि: प्रति व्यक्ति अधिकतम ₹1.5 लाख तक का कैशलेस उपचार।
समय सीमा: दुर्घटना से 7 दिन तक।
स्टेबलाइजेशन: गैर-गंभीर मामलों में 24 घंटे और जीवन-घातक मामलों में 48 घंटे तक शुरुआती स्थिरीकरण इलाज।
प्रक्रिया: एकीकृत डिजिटल सिस्टम के जरिए पुलिस प्रमाणीकरण (24-48 घंटे में) जरूरी, ताकि इलाज निर्बाध चले और दुरुपयोग न हो।
लागू होने का तरीका: पब्लिक और प्राइवेट अस्पतालों को शामिल किया जाएगा। इलाज शुरू होने के बाद क्लेम 10 दिनों के भीतर सेटल हो जाएगा।
लाभार्थी: अमीर-गरीब, किसी भी उम्र का कोई भी व्यक्ति – कोई आय सीमा नहीं।
यह योजना पूरे देश में लागू होगी और तकनीक आधारित फ्रेमवर्क से संचालित होगी, जिसमें एक्सीडेंट रिपोर्टिंग, पुलिस वेरिफिकेशन, अस्पताल ट्रीटमेंट और क्लेम सब जुड़े रहेंगे। विशेषज्ञों का मानना है कि इससे सड़क हादसों में मृत्यु दर काफी कम हो सकती है।
पीएम मोदी ने इसे ‘जीवन रक्षक सुरक्षा’ बताया है, जो नागरिकों के प्रति सरकार की प्रतिबद्धता दिखाता है। जल्द ही योजना की पूरी डिटेल्स और आवेदन प्रक्रिया आधिकारिक वेबसाइट या मंत्रालय के माध्यम से जारी की जाएगी।
यह कदम निश्चित रूप से लाखों परिवारों के लिए राहत लेकर आएगा!
