उत्तराखंड: राज्य आंदोलनकारियों और शहीदों के परिवारों को बड़ी राहत, पेंशन में भारी बढ़ोतरी को मंजूरी
उत्तराखंड: राज्य आंदोलनकारियों और शहीदों के परिवारों को बड़ी राहत, पेंशन में भारी बढ़ोतरी को मंजूरी
देहरादून, 12 फरवरी 2026: मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी के नेतृत्व वाली उत्तराखंड सरकार ने राज्य आंदोलनकारियों और उनके आश्रितों के कल्याण के लिए एक महत्वपूर्ण कदम उठाया है। राज्य सरकार ने विभिन्न श्रेणियों में दी जा रही पेंशन राशि में वृद्धि को स्वीकृति प्रदान कर दी है। यह फैसला राज्य आंदोलन के दौरान हुए बलिदान और योगदान को सम्मान देने की दिशा में उठाया गया है, जिसकी घोषणा राज्य स्थापना के रजत जयंती वर्ष के दौरान की गई थी और अब औपचारिक अनुमोदन मिल गया है।
नई पेंशन दरें इस प्रकार हैं:
राज्य आंदोलन के दौरान 7 दिन जेल गए या घायल हुए आंदोलनकारियों की मासिक पेंशन ₹6,000 से बढ़ाकर ₹7,000 कर दी गई है।
जेल गए या घायल श्रेणी से अलग अन्य राज्य आंदोलनकारियों की पेंशन ₹4,500 से बढ़ाकर ₹5,500 प्रतिमाह कर दी गई है।
आंदोलन के दौरान विकलांग होकर पूर्णतः शय्याग्रस्त (Bedridden) हुए आंदोलनकारियों की विशेष पेंशन ₹20,000 से बढ़ाकर ₹30,000 प्रतिमाह कर दी गई है (इसमें चिकित्सा सहायक की सुविधा भी शामिल)।
राज्य आंदोलन में शहीद हुए आंदोलनकारियों के आश्रितों की पेंशन ₹3,000 से बढ़ाकर ₹5,500 प्रतिमाह कर दी गई है।
मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने कहा, “उत्तराखंड राज्य आंदोलनकारियों का त्याग और बलिदान सदैव स्मरणीय रहेगा। राज्य सरकार उनके सम्मान, सुरक्षा और सामाजिक-आर्थिक सशक्तिकरण के लिए प्रतिबद्ध है। यह निर्णय आंदोलनकारियों और उनके परिवारों के प्रति सरकार की कृतज्ञता का प्रतीक है।”
यह बढ़ोतरी नवंबर 2025 में मुख्यमंत्री द्वारा की गई घोषणा के बाद अब अनुमोदित हो गई है, और जल्द ही प्रभावी होगी। इससे हजारों आंदोलनकारियों और उनके परिवारों को आर्थिक मदद मिलेगी। साथ ही, सरकार ने अन्य इंफ्रास्ट्रक्चर प्रोजेक्ट्स के लिए भी ₹397 करोड़ से अधिक की स्वीकृति दी है।
राजनीतिक विश्लेषकों का मानना है कि यह कदम राज्य निर्माण में योगदान देने वालों के प्रति सरकार की संवेदनशीलता दिखाता है और आगामी चुनावों में भी इसका असर दिख सकता है। आंदोलनकारियों के संगठनों ने इस फैसले का स्वागत किया है।
