मसूरी बाबा बुल्ले शाह मजार मामला: तीन आरोपियों के खिलाफ केस दर्ज, कईयों की तलाश जारी
मसूरी बाबा बुल्ले शाह मजार मामला: तीन आरोपियों के खिलाफ केस दर्ज, कईयों की तलाश जारी
उत्तराखंड की पहाड़ी रानी मसूरी में बाबा बुल्ले शाह की 100 साल पुरानी मजार पर तोड़फोड़ के मामले ने तनाव पैदा कर दिया है। घटना बाला हिसार (बाला हींसार) क्षेत्र में वायनबर्ग एलेन स्कूल की निजी भूमि पर स्थित मजार से जुड़ी है, जहां अज्ञात हमलावरों ने मजार को क्षतिग्रस्त कर दिया। मजार समिति और स्थानीय मुस्लिम समुदाय ने इसे धर्म की भावनाओं पर हमला बताया है, जबकि कुछ हिंदू संगठनों ने इसे अवैध अतिक्रमण करार दिया है।
पुलिस कार्रवाई:
मजार समिति की तहरीर पर कोतवाली मसूरी में एफआईआर दर्ज की गई है।
तीन नामजद आरोपियों के खिलाफ मुकदमा दर्ज किया गया है।
कुल 25-30 अज्ञात लोगों के खिलाफ भी केस दर्ज है, जिनकी तलाश जारी है।
पुलिस ने घटनास्थल पर फोर्स तैनात की है और जांच तेज कर दी है। वीडियो और सबूत इकट्ठा किए जा रहे हैं।
विवाद का बैकग्राउंड:
मजार लगभग 100 साल पुरानी बताई जा रही है, लेकिन कुछ संगठनों का दावा है कि यह अवैध निर्माण है और स्कूल की भूमि पर कब्जा है।
घटना के बाद वीडियो वायरल हुए, जिसमें नारेबाजी और तोड़फोड़ दिखाई दे रही है। कुछ रिपोर्ट्स में हिंदू रक्षा दल या अन्य संगठनों का नाम जुड़ा है।
मजार के दानपात्र को भी क्षतिग्रस्त किया गया और आसपास की दो अन्य मजारें पूरी तरह ध्वस्त कर दी गईं।
मुस्लिम समुदाय में रोष है, जबकि कुछ हिंदू संगठनों ने कहा कि अगर मजार दोबारा बनेगी तो वहां मंदिर भी बनवाया जाएगा।
प्रशासन ने स्थिति संभालने की कोशिश की है और दोनों पक्षों से शांति बनाए रखने की अपील की है। पुलिस ने कहा है कि कानून के अनुसार कार्रवाई होगी और किसी भी तरह की अफवाह फैलाने वालों पर सख्ती बरती जाएगी।
यह मामला उत्तराखंड में धार्मिक सद्भाव और भूमि विवाद से जुड़ा संवेदनशील मुद्दा बन गया है। जांच जारी है और जल्द गिरफ्तारियां होने की उम्मीद है।
