अमेरिका में विवादास्पद गोलीकांड: ICE एजेंट ने कार सवार महिला को मार गिराया, ट्रंप प्रशासन का दावा- आत्मरक्षा, लोकल अधिकारी बोले- झूठ
अमेरिका में विवादास्पद गोलीकांड: ICE एजेंट ने कार सवार महिला को मार गिराया, ट्रंप प्रशासन का दावा- आत्मरक्षा, लोकल अधिकारी बोले- झूठ
मिनियापोलिस (अमेरिका), 8 जनवरी 2026: अमेरिका के मिनेसोटा राज्य के मिनियापोलिस शहर में बुधवार को एक बड़ा विवादास्पद घटनाक्रम हुआ। इमिग्रेशन एंड कस्टम्स एनफोर्समेंट (ICE) के एक एजेंट ने 37 वर्षीय महिला रेनी निकोल गुड को उनकी SUV कार में गोली मार दी, जिससे उनकी मौके पर ही मौत हो गई। यह घटना ट्रंप प्रशासन की बड़े पैमाने पर इमिग्रेशन क्रैकडाउन ऑपरेशन के दौरान हुई, जिसमें शहर में 2000 से ज्यादा फेडरल एजेंट तैनात हैं।
महिला रेनी निकोल गुड तीन बच्चों की मां थीं और अमेरिकी नागरिक थीं। स्थानीय अधिकारियों के मुताबिक, वह इमिग्रेशन ऑपरेशन की निगरानी कर रही थीं और किसी गिरफ्तारी का टारगेट नहीं थीं। घटना साउथ मिनियापोलिस के एक रिहायशी इलाके में हुई, जो जॉर्ज फ्लॉयड की मौत वाली जगह से महज एक मील दूर है।
दोनों पक्षों के दावे अलग-अलग
फेडरल अधिकारियों का दावा: होमलैंड सिक्योरिटी सेक्रेटरी क्रिस्टी नोएम और DHS ने कहा कि महिला ने अपनी कार से एजेंटों को कुचलने की कोशिश की, जिसे “डोमेस्टिक टेररिज्म” का मामला बताया। एजेंट ने आत्मरक्षा में गोली चलाई। राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने भी ट्रुथ सोशल पर पोस्ट कर एजेंट का बचाव किया और कहा कि महिला ने “हिंसक तरीके से” एजेंट पर हमला किया।
स्थानीय अधिकारियों और गवाहों का दावा: मिनियापोलिस मेयर जैकब फ्रे ने फेडरल नैरेटिव को “बुलशिट” करार दिया और कहा कि वीडियो में ऐसा कुछ नहीं दिखता। गवाहों ने बताया कि ICE एजेंटों ने महिला की कार का दरवाजा खोलने की कोशिश की, महिला भागने की कोशिश में कार आगे बढ़ाई, तो एजेंट ने कार के सामने खड़े होकर हूड पर हाथ रखकर 3-4 गोलियां दागीं। एक गवाह ने कहा, “एजेंट का मिडरिफ कार के बंपर पर था और उसने महिला के चेहरे पर गोली मारी।” मेयर फ्रे ने ICE को “मिनियापोलिस से बाहर निकलने” को कहा। गवर्नर टिम वाल्ज ने इसे “पूरी तरह रोकी जा सकने वाली” घटना बताया और नेशनल गार्ड अलर्ट पर रखा।
सोशल मीडिया पर वायरल वीडियोज में दिख रहा है कि एजेंट महिला की कार के सामने खड़े होकर तुरंत गोली चलाते हैं, और कोई एजेंट घायल नहीं दिखता। गोली लगने के बाद कार पास की गाड़ियों से टकराकर रुकी।
प्रदर्शन और आक्रोश
घटना के बाद सैकड़ों लोग सड़कों पर उतर आए। प्रदर्शनकारियों ने ICE वाहनों को रोकने की कोशिश की, जिस पर एजेंटों ने पेपर स्प्रे और टीयर गैस का इस्तेमाल किया। शाम को हजारों लोगों ने विजिल रखी और “ICE गो होम” के नारे लगाए। स्कूल बंद कर दिए गए। डेमोक्रेट नेता जैसे इल्हान उमार और टिम वाल्ज ने ट्रंप प्रशासन की नीति को जिम्मेदार ठहराया।
FBI और लोकल एजेंसियां जांच कर रही हैं। यह घटना ट्रंप के दूसरे कार्यकाल में इमिग्रेशन पर सख्ती का हिस्सा है, जो सोमाली कम्युनिटी से जुड़े फ्रॉड आरोपों पर आधारित है। विवाद बढ़ता जा रहा है, और आने वाले दिनों में और प्रदर्शन हो सकते हैं। क्या यह जांच सच सामने लाएगी? देखना बाकी है।
