बांग्लादेश में हिंदुओं पर हमले थमने का नाम नहीं: जेसोर में हिंदू शिक्षक राणा प्रताप बैरागी की बाजार में गोली मारकर हत्या; तीन हफ्तों में पांचवीं घटना
बांग्लादेश में हिंदुओं पर हमले थमने का नाम नहीं: जेसोर में हिंदू शिक्षक राणा प्रताप बैरागी की बाजार में गोली मारकर हत्या; तीन हफ्तों में पांचवीं घटना
जेसोर (बांग्लादेश), 5 जनवरी 2026: बांग्लादेश में अल्पसंख्यक हिंदू समुदाय पर लक्षित हमलों का सिलसिला जारी है। सोमवार को जेसोर जिले के मणिरामपुर उपजिला में कोपालिया बाजार में एक हिंदू शिक्षक की अज्ञात हमलावरों ने गोली मारकर हत्या कर दी। मृतक की पहचान राणा प्रताप बैरागी (45) के रूप में हुई है, जो केशबपुर उपजिला के अरुआ गांव के रहने वाले थे और स्थानीय स्कूल में पढ़ाते थे।
घटना दोपहर करीब 12 बजे हुई जब बैरागी बाजार में थे। हमलावरों ने उन पर गोली चलाई और मौके से फरार हो गए। बैरागी की मौके पर ही मौत हो गई। सूचना मिलते ही पुलिस मौके पर पहुंची और जांच शुरू कर दी है। इलाके में दहशत का माहौल है और हिंदू समुदाय में आक्रोश फैल गया है।
यह घटना पिछले तीन हफ्तों में हिंदुओं पर हुई पांचवीं बड़ी हिंसक वारदात है। इससे पहले दिसंबर में दीपू चंद्र दास की लिंचिंग, बजेंद्र बिस्वास की गोली मारकर हत्या, अमृत मंडल की भीड़ द्वारा पीट-पीटकर हत्या और खोकोन चंद्र दास पर जानलेवा हमला हुआ था। मानवाधिकार संगठनों का कहना है कि अंतरिम सरकार के कार्यकाल में अल्पसंख्यकों पर हमले बढ़े हैं और दोषियों को सजा नहीं मिलने से अपराधी बेखौफ हो गए हैं।
बांग्लादेश हिंदू बौद्ध क्रिश्चियन ओइक्य परिषद ने घटना की निंदा की और सरकार से तत्काल कार्रवाई की मांग की। संगठन के अनुसार, 2025 में अब तक सैकड़ों हमले दर्ज हुए हैं, जिनमें मंदिरों पर आगजनी, घर जलाना और हिंसा शामिल है।
भारत ने भी बांग्लादेश में अल्पसंख्यकों पर हमलों को गंभीर चिंता का विषय बताया है। अंतरिम सरकार ने इन घटनाओं की जांच का आश्वासन दिया है, लेकिन समुदाय में असुरक्षा की भावना बढ़ रही है।
पुलिस ने इलाके में सुरक्षा कड़ी कर दी है और हमलावरों की तलाश जारी है। स्थिति पर नजर रखी जा रही है।
