विटामिन की कमी से बढ़ रहा चिड़चिड़ापन: विशेषज्ञ बोले- B12 और D की कमी सबसे बड़ा कारण, जानें लक्षण और बचाव
विटामिन की कमी से बढ़ रहा चिड़चिड़ापन: विशेषज्ञ बोले- B12 और D की कमी सबसे बड़ा कारण, जानें लक्षण और बचाव
आजकल की भागदौड़ भरी जिंदगी में चिड़चिड़ापन, गुस्सा जल्दी आना और मूड स्विंग्स की शिकायत आम हो गई है। डॉक्टरों का कहना है कि इसके पीछे अक्सर विटामिन की कमी होती है। विशेष रूप से विटामिन B12, विटामिन B6 और विटामिन D की कमी से नर्वस सिस्टम प्रभावित होता है, जिससे व्यक्ति जल्दी चिड़चिड़ा हो जाता है। न्यूट्रिशनिस्ट और मनोचिकित्सकों ने चेतावनी दी है कि अगर समय रहते इसकी जांच न कराई जाए तो यह डिप्रेशन और एंग्जाइटी का रूप ले सकता है।
कौन से विटामिन की कमी सबसे ज्यादा जिम्मेदार?
विटामिन B12: इसकी कमी से ब्रेन में सेरोटोनिन और डोपामाइन जैसे ‘हैपी हॉर्मोन्स’ का उत्पादन कम होता है। लक्षण: चिड़चिड़ापन, थकान, याददाश्त कमजोर होना। शाकाहारी लोगों में यह कमी ज्यादा आम है क्योंकि B12 मुख्य रूप से नॉन-वेज सोर्स (मांस, अंडा, दूध) में मिलता है।
विटामिन D: सूरज की रोशनी से बनने वाला यह विटामिन मूड रेगुलेट करता है। कमी से सीजनल अफेक्टिव डिसऑर्डर (SAD) होता है, जिसमें व्यक्ति बिना वजह चिड़चिड़ा और उदास रहता है। इंडोर लाइफस्टाइल और सनस्क्रीन के ज्यादा इस्तेमाल से भारत में 70-80% लोगों में इसकी कमी पाई जाती है।
विटामिन B6 और फोलिक एसिड (B9): ये भी न्यूरोट्रांसमीटर बनाने में मदद करते हैं। कमी से तनाव और इरिटेबिलिटी बढ़ती है।
दिल्ली के अपोलो अस्पताल के न्यूट्रिशनिस्ट डॉ. प्रिया शर्मा ने कहा, “हमारे पास रोज 10-15 मरीज आते हैं जो चिड़चिड़ापन की शिकायत करते हैं। ब्लड टेस्ट में 60% मामलों में B12 या D की कमी निकलती है। सप्लीमेंट्स और डाइट चेंज से 4-6 हफ्तों में सुधार दिखता है।”
लक्षण जिन्हें नजरअंदाज न करें:
बिना वजह गुस्सा आना
छोटी-छोटी बातों पर चिड़चिड़ाना
नींद न आना या ज्यादा थकान
एकाग्रता में कमी
बचाव के आसान उपाय:
सुबह 15-20 मिनट धूप लें (विटामिन D के लिए)।
डाइट में शामिल करें: दूध-दही, अंडा, मछली, हरी पत्तेदार सब्जियां, नट्स, साबुत अनाज।
शाकाहारियों के लिए B12 सप्लीमेंट डॉक्टर की सलाह पर लें।
नियमित व्यायाम और ध्यान से भी मूड बेहतर होता है।
विशेषज्ञों की सलाह है कि अगर चिड़चिड़ापन लगातार बना रहे तो ब्लड टेस्ट जरूर कराएं। समय पर पता चलने से आसानी से ठीक हो जाता है। अपनी सेहत का ख्याल रखें, क्योंकि अच्छा मूड ही खुशहाल जीवन की कुंजी है!
