उत्तराखंड में शराब महंगी: आबकारी विभाग का VAT फॉर्मूले में बड़ा संशोधन, राज्य को मिलेगा अतिरिक्त राजस्व!
उत्तराखंड में शराब महंगी: आबकारी विभाग का VAT फॉर्मूले में बड़ा संशोधन, राज्य को मिलेगा अतिरिक्त राजस्व!
उत्तराखंड आबकारी विभाग ने वित्तीय वर्ष 2025-26 की आबकारी नीति में शराब पर वैट (VAT) की गणना के फॉर्मूले में बड़ा बदलाव किया है। अब तक वैट की गणना एक्साइज ड्यूटी से पहले की जाती थी, जिससे राज्य को अपेक्षित राजस्व कम मिल रहा था। लेकिन अब एक्साइज ड्यूटी को वैट गणना में शामिल कर लिया गया है, जिससे शराब की कीमतों में औसतन 10-15% की बढ़ोतरी हो जाएगी। प्रति बोतल 50 से 100 रुपये तक महंगा होना तय है।
विभाग के प्रमुख सचिव ने जारी आदेश में स्पष्ट किया कि नई व्यवस्था के तहत एक्साइज ड्यूटी पर 12% VAT + 5% सरचार्ज (कुल 12.60%) लगेगा। यह बदलाव 1 दिसंबर से लागू हो जाएगा, और सभी शराब दुकानों पर MRP स्टिकर तुरंत अपडेट करने का निर्देश दिया गया है। वित्त विभाग की आपत्तियों के बाद यह संशोधन हुआ, क्योंकि पुरानी नीति से राज्य को करीब 500-600 करोड़ रुपये का नुकसान हो रहा था। विभाग ने 5,060 करोड़ रुपये का राजस्व लक्ष्य रखा था, लेकिन अब तक सिर्फ 4,200 करोड़ ही जमा हुए।
बदलाव का पूरा फॉर्मूला और असर
पुरानी व्यवस्था: VAT एक्साइज ड्यूटी से पहले लगता था, जिससे कुल बिक्री पर वैट कम आंकता था। इससे राजस्व में कमी आई, क्योंकि एक्साइज ड्यूटी पर वैट राज्य को नहीं मिल पाया।
नई व्यवस्था: अब एक्साइज ड्यूटी सहित कुल बिक्री पर वैट लगेगा। उदाहरण: 750 ml व्हिस्की की बोतल (पुरानी MRP 700 रुपये) अब 800 रुपये तक हो सकती है। बीयर पर 20-30 रुपये, वाइन पर 40-60 रुपये प्रति बोतल की बढ़ोतरी।
राजस्व लाभ: बिक्री बढ़ने पर राज्य को अतिरिक्त वैट मिलेगा, जो वित्तीय स्थिति को मजबूत करेगा। शराब राज्य के कुल आय स्रोतों में महत्वपूर्ण हिस्सा रखती है।
विपक्ष ने इसे “जन-विरोधी” करार दिया। कांग्रेस नेता करन माहरा ने कहा, “वित्त विभाग की क्वेरी पर संशोधन तो ठीक, लेकिन पिछले नुकसान की भरपाई कौन करेगा?” आबकारी मंत्री इकबाल नरवाल ने सफाई दी, “यह पारदर्शिता के लिए जरूरी है। अवैध शराब पर अंकुश लगेगा और राजस्व बढ़ेगा।” होटल एसोसिएशन ने चेतावनी दी कि पर्यटन प्रभावित हो सकता है।
यह नीति मार्च 2025 में कैबिनेट द्वारा मंजूर हुई थी, लेकिन वित्त विभाग की आपत्तियों के बाद संशोधन हुआ। क्या शराब की बिक्री पर असर पड़ेगा? बाजार का इंतजार।
