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संचार साथी ऐप की धमाकेदार सफलता: 50 हजार चोरी-गुम फोन ऐसे बरामद!

संचार साथी ऐप की धमाकेदार सफलता: 50 हजार चोरी-गुम फोन ऐसे बरामद!

अगर आपका स्मार्टफोन कभी खोया या चोरी हो गया हो, तो अब चिंता की कोई बात नहीं! भारत सरकार का ‘संचार साथी’ ऐप चमत्कारिक तरीके से काम कर रहा है। दूरसंचार विभाग (DoT) ने शनिवार को खुलासा किया कि अक्टूबर महीने में ही 50 हजार से ज्यादा खोए या चोरी हुए मोबाइल फोन बरामद हो चुके हैं। यह आंकड़ा जून महीने की तुलना में 47% ज्यादा है, जो हर मिनट औसतन 1 से ज्यादा फोन मिलने का रिकॉर्ड बनाता है।

DoT के मुताबिक, यह सफलता ‘संचार साथी’ प्लेटफॉर्म की देन है, जो CEIR (सेंट्रल इक्विपमेंट आइडेंटिटी रजिस्टर) से जुड़ा है। 2023 में लॉन्च हुए इस इंडिजिनस सिस्टम ने अब तक पूरे देश में 7 लाख से ज्यादा फोन रिकवर करा चुके हैं। जब कोई चोरी का फोन नई सिम से चालू होता है, तो सिस्टम तुरंत अलर्ट भेजता है – मालिक और नजदीकी पुलिस स्टेशन दोनों को। इससे रिकवरी प्रक्रिया तेज हो जाती है।

कर्नाटक और तेलंगाना टॉप पर हैं, जहां दोनों राज्यों में 1 लाख से ज्यादा फोन वापस लौट चुके हैं। महाराष्ट्र तीसरे नंबर पर है, जहां 80 हजार से ज्यादा ट्रेस हुए हैं। DoT ने लोगों से अपील की है कि हर स्मार्टफोन में ‘संचार साथी’ ऐप डाउनलोड करें। यह ऐप न सिर्फ खोए फोन को रिपोर्ट और ब्लॉक करता है, बल्कि ‘नो योर मोबाइल’ फीचर से डिवाइस की असली-पहचान भी चेक करता है। साथ ही, फर्जी कॉल-एसएमएस रिपोर्ट करने का ‘चक्षु’ ऑप्शन भी है, जिससे 1 करोड़ से ज्यादा अनधिकृत कनेक्शन कट चुके हैं।

गूगल प्ले स्टोर और ऐप स्टोर पर उपलब्ध इस ऐप ने 50 लाख डाउनलोड्स पार कर लिए हैं। पोर्टल www.sancharsaathi.gov.in पर 16.7 करोड़ से ज्यादा विजिट्स हो चुके हैं। DoT सचिव ने कहा, “यह नागरिक-केंद्रित पहल डिजिटल सिक्योरिटी को मजबूत कर रही है। राज्य पुलिस के साथ साझेदारी से ग्राउंड लेवल पर रिस्पॉन्स बेहतर हुआ है।”

अगर आपका फोन गुम हो, तो तुरंत ऐप पर IMEI नंबर रिपोर्ट करें। ब्लॉकिंग से फोन बेकार हो जाता है और ट्रेसिंग आसान। DoT की चेतावनी: पुराना या नया फोन खरीदने से पहले ‘जानें आपका मोबाइल’ चेक करें, वरना फर्जी डिवाइस में फंस सकते हैं। यह ऐप न सिर्फ फोन बचाता है, बल्कि आपकी प्राइवेसी भी। डाउनलोड करें और सुरक्षित रहें!

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