उत्तराखंड

देहरादून: चेंबर निर्माण की मांग को लेकर वकीलों का उग्र प्रदर्शन, घंटाघर पर जाम – सरकार को दी आर-पार की चेतावनी

देहरादून: चेंबर निर्माण की मांग को लेकर वकीलों का उग्र प्रदर्शन, घंटाघर पर जाम – सरकार को दी आर-पार की चेतावनी

देहरादून: राजधानी देहरादून में जिला न्यायालय परिसर में चेंबर निर्माण की मांग को लेकर पिछले कई दिनों से धरने पर बैठे वकीलों ने शनिवार को बड़ा प्रदर्शन किया। वकीलों ने हरिद्वार रोड से प्रिंस चौक, गांधी रोड, दर्शनलाल चौक होते हुए घंटाघर तक मार्च निकाला और वहां सड़क जाम कर सरकार को खुली चेतावनी दी। बार एसोसिएशन के पदाधिकारियों ने साफ कहा, “अब आर-पार की लड़ॊई होगी। अगर मांगें नहीं मानी गईं तो आंदोलन और उग्र होगा।”

कोर्ट परिसर में पूर्ण बंदी

प्रदर्शन के चलते शनिवार को जिला न्यायालय परिसर में पूरी तरह बंद रहा:

वकीलों ने बस्ता नहीं उठाया

टाइपिस्ट, स्टांप वेंडर, फोटोकॉपी दुकानें बंद

रजिस्ट्री ऑफिस भी पूरी तरह ठप

वकीलों की मुख्य मांगें

जिला जज कोर्ट परिसर में वकीलों के लिए पर्याप्त चेंबर बनाए जाएं

रैन बसेरा को न्यायालय परिसर से हटाया जाए

वकीलों और कोर्ट स्टाफ की बढ़ती संख्या को देखते हुए अतिरिक्त भूमि आवंटित की जाए

बार एसोसिएशन के अध्यक्ष एडवोकेट आर.के. मलिक और महासचिव पंकज गुप्ता ने कहा, “न्यायालय परिसर में 1500 से ज्यादा वकील प्रतिदिन काम करते हैं। जगह इतनी कम है कि चेंबर में दो वकील भी नहीं बैठ पाते। रैन बसेरा बनने से और जगह घिर जाएगी। हम इसका पुरजोर विरोध करते हैं।”

सरकार को चेतावनी

वकीलों ने कहा कि मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी और जिला प्रशासन को कई बार ज्ञापन दिए जा चुके हैं, लेकिन कोई सुनवाई नहीं हुई। घंटाघर पर जाम के दौरान नारेबाजी करते हुए वकीलों ने चेताया, “अगर जल्द चेंबर निर्माण और रैन बसेरा हटाने का आदेश नहीं हुआ तो हम हाईकोर्ट और सुप्रीम कोर्ट तक जाएंगे। जरूरत पड़ी तो पूर्ण हड़ताल भी करेंगे।”

पुलिस ने घंटाघर पर भारी फोर्स तैनात की थी। जाम के कारण शहर में लंबा ट्रैफिक जाम लगा। एसएसपी दलीप सिंह कुंवर ने बताया कि वकीलों से बातचीत की जा रही है और जल्द समस्या का समाधान निकाला जाएगा।

वकीलों का कहना है कि यह सिर्फ चेंबर की लड़ाई नहीं, बल्कि न्यायिक व्यवस्था को सुचारु बनाने का सवाल है। अब देखना यह है कि धामी सरकार इस आंदोलन को कितनी गंभीरता से लेती है, वरना राजधानी में वकीलों का गुस्सा और भड़क सकता है।

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