सर्दियों में शकरकंद क्यों है सबसे हेल्दी सुपरफूड? डॉक्टर और आयुर्वेद दोनों कहते हैं – रोज खाओ!
सर्दियों में शकरकंद क्यों है सबसे हेल्दी सुपरफूड? डॉक्टर और आयुर्वेद दोनों कहते हैं – रोज खाओ!
सर्दियों में बाजार में लाल-गुलाबी शकरकंद (शकरकंद/मीठा आलू) की खुशबू आते ही मन ललचाता है। अलाव पर भुना हुआ या उबालकर गुड़-घी के साथ – यह सिर्फ स्वाद ही नहीं, बल्कि इस मौसम का सबसे शक्तिशाली हेल्थ टॉनिक है। जानिए क्यों डॉक्टर, डायटीशियन और आयुर्वेदाचार्य सर्दियों में रोज शकरकंद खाने की सलाह देते हैं:
1. शरीर को गर्म रखता है (Natural Body Warmer)
शकरकंद स्वभाव से गर्म तासीर (उष्ण वीर्य) का होता है। सर्दी-खांसी, ठंड लगना, जोड़ों का दर्द – यह अंदर से गर्माहट देता है। आयुर्वेद में इसे “वात-पित्त शामक” माना गया है।
2. इम्यूनिटी का पावरहाउस
एक मध्यम शकरकंद में विटामिन A की दैनिक जरूरत का 400-500% तक होता है (बीटा-कैरोटीन के रूप में)।
विटामिन C भी भरपूर – सर्दी-जुकाम, वायरल इंफेक्शन से बचाव।
एंटीऑक्सीडेंट्स (एंथोसायनिन) सूजन कम करते हैं।
3. डायबिटीज में भी सुरक्षित
GI (ग्लाइसिमिक इंडेक्स) सामान्य आलू से कम होता है। फाइबर ज्यादा होने से शुगर धीरे छूटती है। जापान में तो इसे “डायबिटीज का सबसे अच्छा मीठा” कहा जाता है।
4. पाचन तंत्र को बनाता है मजबूत
4-5 ग्राम फाइबर प्रति 100 ग्राम – कब्ज भगाता है।
प्री-बायोटिक होने से आंत के अच्छे बैक्टीरिया बढ़ते हैं।
छिलके समेत खाओ तो फायदा दोगुना।
5. वजन घटाने में भी मददगार
100 ग्राम उबला शकरकंद = सिर्फ 86-90 कैलोरी
पेट लंबे समय तक भरा रखता है, मीठा खाने की क्रेविंग कम करता है। जिम जाने वाले लोग प्री-वर्कआउट स्नैक की तरह खाते हैं।
6. स्किन और बालों के लिए वरदान
बीटा-कैरोटीन + विटामिन E = सर्दियों की रूखी त्वचा में निखार। कोलेजन बढ़ता है, बालों का झड़ना कम होता है।
सर्दियों में कैसे खाएं?
सुबह नाश्ते में: उबालकर + थोड़ा गुड़ + इलायची
दोपहर में: भुनकर + नींबू-नमक-चाट मसाला
रात में: शकरकंद की खिचड़ी या चाट
हेल्दी स्वीट: शकरकंद का हलवा (घी कम डालें)
कितना खाना चाहिए?
150-200 ग्राम रोज बिल्कुल सुरक्षित और फायदेमंद।
अगर थायरॉइड है तो ज्यादा कच्चा न खाएं, अच्छे से पकाकर खाएं।
इस सर्दी में आलू-पराठा छोड़िए, रोज एक शकरकंद जरूर खाइए – सस्ता है, स्वादिष्ट है और शरीर को बीमारियों से लड़ने की ताकत देता है।
