हमास बंधक छोड़ेगा, इजरायल पीछे हटेगा… गाजा में सीजफायर पर ऐतिहासिक डील, सड़कों पर जश्न का माहौल
हमास बंधक छोड़ेगा, इजरायल पीछे हटेगा… गाजा में सीजफायर पर ऐतिहासिक डील, सड़कों पर जश्न का माहौल
दो साल से चले आ रहे खूनी संघर्ष को विराम मिलने की उम्मीद जगी है। इजरायल और हमास के बीच मध्यस्थ अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप के 20-सूत्री शांति प्लान के पहले चरण पर ऐतिहासिक समझौता हो गया है। इसके तहत हमास गाजा में बंधक इजरायली नागरिकों को रिहा करेगा, जबकि इजरायल अपनी सेना को आंशिक रूप से पीछे हटाएगा। गाजा और तेल अवीव की सड़कों पर जश्न का दौर शुरू हो गया है, जहां लोग आंसुओं और नारों के बीच शांति की कामना कर रहे हैं।
समझौते के अनुसार, इजरायली कैबिनेट गुरुवार शाम को इस डील को मंजूरी देगी, जिसके 24 घंटे के अंदर गाजा में फायरिंग पूरी तरह रुक जाएगी। इसके बाद हमास को 72 घंटों के भीतर बंधकों को रिहा करने का समय मिलेगा। अमेरिकी राष्ट्रपति ट्रंप ने ट्रुथ सोशल पर पोस्ट कर कहा, “मैं गर्व से घोषणा करता हूं कि इजरायल और हमास ने हमारे शांति प्लान के पहले चरण पर हस्ताक्षर कर दिए हैं। सभी बंधक बहुत जल्द लौट आएंगे, और इजरायल अपनी सेना को तय सीमा तक पीछे हटाएगा। यह मजबूत, टिकाऊ और शाश्वत शांति की दिशा में पहला कदम है।”
गाजा में बंधक इजरायलियों की संख्या अब महज 20 बताई जा रही है, जो जिंदा हैं, जबकि 26 की मौत हो चुकी है और दो का पता अज्ञात है। ट्रंप ने फॉक्स न्यूज को दिए इंटरव्यू में कहा कि सभी बंधक सोमवार या मंगलवार तक लौट आएंगे।
हमास ने भी समझौते की पुष्टि की है और कहा है कि जिंदा बंधकों की रिहाई में देरी नहीं होगी, लेकिन मृतकों के शवों को रूबल से निकालने में समय लग सकता है। बदले में इजरायल को सैकड़ों फिलिस्तीनी कैदियों को रिहा करना होगा, जिनमें महिलाएं और बच्चे पहले होंगे।
समझौते की मुख्य शर्तें
– बंधक रिहाई: हमास पहले चरण में 33 बंधकों (ज्यादातर महिलाएं और 50 साल से ऊपर के पुरुष) को रिहा करेगा।
– इजरायली पीछे हटना: इजरायली सेना गाजा के 70% इलाके से हटेगी, लेकिन फिलहाल बफर जोन पर कंट्रोल बरकरार रखेगी।
– मानवीय सहायता: इजरायल गाजा में पर्याप्त सहायता पहुंचाने और विस्थापित फिलिस्तीनियों को घर लौटने की अनुमति देगा।
– अगला चरण: दूसरे चरण में स्थायी सीजफायर और बाकी बंधकों की रिहाई पर बात होगी, जिसमें हमास के निरस्त्रीकरण और गाजा के भविष्य पर चर्चा शामिल है।
मिस्र में हुई बातचीत में अमेरिकी प्रतिनिधि स्टीव विटकॉफ और जेरेड कुश्नर ने अहम भूमिका निभाई। कतर, मिस्र और तुर्की के मध्यस्थों ने भी सफलता सुनिश्चित की। इजरायली प्रधानमंत्री बेंजामिन नेतन्याहू ने इसे “इजरायल के लिए महान दिन” करार देते हुए कैबिनेट बैठक बुलाई है। हमास ने ट्रंप और अंतरराष्ट्रीय पक्षों से अपील की है कि इजरायल समझौते का पूरा पालन करे।
गाजा और इजरायल में जश्न की लहर
गाजा के खान यूनिस में फिलिस्तीनियों ने सड़कों पर उतरकर नाच-गाना शुरू कर दिया। स्थानीय निवासी अब्दुल माजिद अब्द रब्बो ने कहा, “अल्लाह का शुक्र है, खूनखराबे का अंत हो गया। न सिर्फ गाजा, बल्कि पूरी दुनिया खुश है।” तेल अवीव के होस्टेज स्क्वायर पर बंधकों के परिवार उत्साह से भरे हैं। मातन जौगौकर की मां एइनाव ने कहा, “सारी दुनिया आज खुश है। हमारा बेटा लौट रहा है।”
हालांकि, इजरायली वित्त मंत्री बेजलेल स्मोट्रिच ने चेतावनी दी है कि बंधकों की रिहाई के बाद हमास को पूरी तरह खत्म करना होगा। दो साल के युद्ध में 67,000 से ज्यादा फिलिस्तीनियों और 1,200 इजरायलियों की जान जा चुकी है। 7 अक्टूबर 2023 को हमास के हमले से शुरू हुआ यह संघर्ष अब शांति की ओर बढ़ रहा है।
ट्रंप मिस्र जाकर समझौते पर हस्ताक्षर करेंगे। विशेषज्ञों का मानना है कि अगर अगले चरण सफल रहे, तो यह मध्य पूर्व में नई शुरुआत हो सकती है।
