राष्ट्रीय

Live Update: जम्मू के डोडा में फटा बादल,4 की मौत,10 घर बहे: बचाव कार्य जारी,वैष्णो देवी यात्रा पर रोक

डोडा: जम्मू-कश्मीर के डोडा जिले में मंगलवार, 26 अगस्त 2025 को भारी बारिश के बीच बादल फटने की घटना ने भारी तबाही मचाई। भद्रवाह क्षेत्र के गौरी नाला में बादल फटने से चिनाब नदी का जलस्तर खतरनाक स्तर तक बढ़ गया, जिसके परिणामस्वरूप 4 लोगों की मौत हो गई और 10 से अधिक घर पूरी तरह नष्ट हो गए। इस प्राकृतिक आपदा के कारण माता वैष्णो देवी यात्रा को अस्थायी रूप से रोक दिया गया है, और जम्मू क्षेत्र के कई महत्वपूर्ण रास्ते भूस्खलन और बाढ़ के कारण बंद हो गए हैं। भारत मौसम विज्ञान विभाग (IMD) ने अगले 48 घंटों तक भारी बारिश की चेतावनी जारी की है।

डोडा के उपायुक्त ने बताया कि बादल फटने से गौरी नाला में तेज बहाव और मलबे ने कई घरों, दुकानों और एक स्थानीय होटल को बहा दिया। मृतकों में एक महिला और एक बच्चा शामिल हैं, जिनके शव मलबे से निकाले गए। सेना, राष्ट्रीय आपदा मोचन बल (NDRF), और राज्य आपदा मोचन बल (SDRF) की टीमें बचाव कार्य में जुटी हैं, लेकिन लगातार बारिश और भूस्खलन ने राहत कार्यों में बाधा डाली है। भद्रवाह-किश्तवाड़ मार्ग और डोडा-पठानकोट रोड पर कई जगहों पर सड़कें धंस गईं, जिससे यातायात पूरी तरह ठप है।

वैष्णो देवी श्राइन बोर्ड ने कटड़ा से तीर्थयात्रा को अनिश्चितकाल के लिए स्थगित कर दिया है। बोर्ड ने X पर एक बयान में कहा, “भारी बारिश और भूस्खलन के खतरे को देखते हुए यात्रा और पंजीकरण केंद्र बंद किए गए हैं। श्रद्धालुओं से कटड़ा में ही रुकने की अपील है।” कटड़ा मार्केट में दुकानें बंद हैं, और रेलवे स्टेशन के पास भूस्खलन से जम्मू-कटरा रेल सेवा भी प्रभावित हुई है। हजारों तीर्थयात्री कटड़ा में फंसे हुए हैं, जिनके लिए प्रशासन ने अस्थायी आश्रय की व्यवस्था की है।

मुख्यमंत्री उमर अब्दुल्ला ने प्रभावित क्षेत्रों का हवाई सर्वेक्षण किया और केंद्र सरकार से तत्काल सहायता की मांग की। गृह मंत्री अमित शाह ने X पर लिखा, “जम्मू-कश्मीर के लोगों के साथ केंद्र सरकार खड़ी है। NDRF और सेना को तैनात किया गया है।” IMD ने डोडा, कठुआ, किश्तवाड़ और रामबन के लिए रेड अलर्ट जारी किया है, जिसमें और क्लाउडबर्स्ट की आशंका जताई गई है।

स्थानीय निवासियों में दहशत का माहौल है। एक ग्रामीण ने बताया, “पिछले साल की बाढ़ की यादें ताजा हो गईं। रातोंरात सब कुछ बह गया।” प्रशासन ने लोगों से नदियों और नालों से दूर रहने की अपील की है। स्कूल-कॉलेज बंद कर दिए गए हैं, और राहत कार्यों के लिए अतिरिक्त संसाधन जुटाए जा रहे हैं।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *