बॉलीवुड अभिनेता गोविंदा ने परिवार के साथ किए गणपति दर्शन: अमेरिका से लौटकर बच्चों संग लिया बप्पा का आशीर्वाद, सुनीता रहीं गायब
बॉलीवुड अभिनेता गोविंदा ने परिवार के साथ किए गणपति दर्शन: अमेरिका से लौटकर बच्चों संग लिया बप्पा का आशीर्वाद, सुनीता रहीं गायब
बॉलीवुड के मशहूर अभिनेता गोविंदा इस गणेश चतुर्थी के मौके पर अमेरिका से लौटने के बाद सीधे अपने परिवार के बीच पहुंचे और देर रात गणपति बप्पा का आशीर्वाद लिया। अभिनेता ने अपने बच्चों, बेटी टीना और बेटे यशवर्धन के साथ मिलकर बप्पा की पूजा-अर्चना की और उनके उज्ज्वल भविष्य की कामना की। हालांकि, इस दौरान उनकी पत्नी सुनीता आहूजा साथ नजर नहीं आईं।
गोविंदा से जुड़ी मुख्य बातें और खास प्रार्थनाएं:
पारिवारिक परंपरा: गोविंदा ने बताया कि उनके घर में गणपति स्थापना की यह परंपरा उनकी मां के समय से चली आ रही है, जिसे वह वर्षों से निभाते आ रहे हैं और अब उनके बेटे यशवर्धन इस विरासत को आगे बढ़ा रहे हैं।
बेटे यशवर्धन के लिए आशीर्वाद: अभिनेता ने भगवान गणेश से प्रार्थना की कि उनका बेटा यशवर्धन जीवन में खूब तरक्की करे। उन्होंने भावुक और मजाकिया अंदाज में इच्छा जताई कि आने वाले समय में लोग कहें कि यशवर्धन ने अभिनेता गोविंदा से भी बेहतर काम किया है।
बेटी टीना के लिए दुआ: गोविंदा ने अपनी बेटी टीना के खुशहाल भविष्य और एक अच्छे घर-परिवार के लिए भी बप्पा से विशेष आशीर्वाद मांगा। इस दौरान तीनों ने मिलकर तस्वीरें भी खिंचवाईं, जिसमें सुनीता आहूजा की अनुपस्थिति चर्चा का विषय रही।
सुनीता आहूजा ने खुद घर लाए थे गणपति बप्पा:
गोविंदा के अमेरिका में होने के कारण इस साल गणेशोत्सव की शुरुआत उनकी पत्नी सुनीता आहूजा ने बच्चों के साथ मिलकर की थी।
खुद निभाई जिम्मेदारी: सुनीता ने बताया कि आमतौर पर घर में बप्पा को गोविंदा या यशवर्धन लेकर आते हैं, लेकिन इस बार उन्होंने खुद नाचते-गाते हुए अपने हाथों से बप्पा को घर लाने का फैसला किया था।
खास वजह: उन्होंने इसके पीछे का कारण बताते हुए कहा कि पिछले एक साल में उन्हें बप्पा का असीम आशीर्वाद मिला है और उनके काम को भी लोगों का भरपूर प्यार मिला है, इसलिए वह खुद बप्पा का स्वागत करना चाहती थीं।
गोविंदा की वापसी का इंतजार: सुनीता ने पहले ही स्पष्ट किया था कि गोविंदा अमेरिका से देर रात लौटेंगे और यदि वे थके हुए नहीं हुए तो दर्शन करेंगे। आखिरकार, गोविंदा ने मुंबई लौटते ही परिवार के साथ बप्पा के दरबार में हाजिरी लगाई।
