जंतर मंतर मारपीट मामला: आरोपी स्वतंत्र भारद्वाज को अदालत से मिली तीन सप्ताह की अंतरिम जमानत
जंतर मंतर मारपीट मामला: आरोपी स्वतंत्र भारद्वाज को अदालत से मिली तीन सप्ताह की अंतरिम जमानत
दिल्ली के जंतर-मंतर पर निशु आजाद के पिता संजय आजाद के साथ मारपीट करने के मामले में मुख्य आरोपी स्वतंत्र भारद्वाज को अदालत से राहत मिल गई है। दिल्ली की पटियाला हाउस कोर्ट ने आरोपी को तीन सप्ताह की अंतरिम जमानत दे दी है।
मामले से जुड़े मुख्य बिंदु:
घटना और आरोप: यह पूरा मामला 23 जून का है, जहां स्वतंत्र भारद्वाज पर संजय आजाद की पिटाई करने का गंभीर आरोप है। इस मामले में पुलिस ने उसके खिलाफ एससी-एसटी एक्ट समेत अन्य धाराओं के तहत कार्रवाई की थी।
पॉडकास्ट का दावा और बढ़ा विवाद: कुछ दिन पहले एक पॉडकास्ट के दौरान स्वतंत्र भारद्वाज ने यह दावा किया था कि उसने लड़की के पिता को इस तरह पीटा था कि वह मरणासन्न हो गए थे। इसके अलावा उसने चिराग पासवान और कपिल मिश्रा जैसे नेताओं से अपने करीबी संबंध होने का दावा किया था, जिसके बाद मामला तूल पकड़ गया था।
नेताओं की प्रतिक्रिया: चिराग पासवान ने स्वतंत्र भारद्वाज के दावों का खंडन करते हुए कहा था कि वह उनके नाम का गलत फायदा उठा रहा है और उन्होंने आरोपी के खिलाफ सख्त कार्रवाई की मांग की थी। इसके साथ ही, कांग्रेस नेता राहुल गांधी और सांसद चंद्रशेखर आजाद ने भी पीड़िता निशु आजाद के समर्थन में आवाज उठाई थी।
गिरफ्तारी और कोर्ट की कार्रवाई: बीते शुक्रवार को दिल्ली पुलिस ने आरोपी को उत्तर प्रदेश के बुलंदशहर से गिरफ्तार किया था। पटियाला हाउस कोर्ट के जज सौरभ प्रताप सिंह लालेर की अदालत में इस मामले की सुनवाई हुई। चूंकि इस मामले में पोक्सो और एससी-एसटी एक्ट जैसी धाराएं भी जुड़ी हैं, इसलिए अदालत की कार्यवाही कैमरे की निगरानी में पूरी की गई, जिसके बाद कोर्ट ने उसे तीन हफ्ते की अंतरिम राहत दी है।
