मराठा आरक्षण आंदोलन: मनोज जरांगे पाटिल के खिलाफ ED में शिकायत; अजय बारस्कर ने लगाया ₹1,000 करोड़ के भ्रष्टाचार का आरोप
मराठा आरक्षण आंदोलन: मनोज जरांगे पाटिल के खिलाफ ED में शिकायत; अजय बारस्कर ने लगाया ₹1,000 करोड़ के भ्रष्टाचार का आरोप
मुंबई: मराठा आरक्षण आंदोलन को लेकर महाराष्ट्र की राजनीति में नया मोड़ आ गया है। मराठा आरक्षण विशेषज्ञ अजय बारस्कर ने आंदोलन के मुख्य चेहरा मनोज जरांगे पाटिल और उनके सहयोगियों के खिलाफ प्रवर्तन निदेशालय (ED) में आधिकारिक शिकायत दर्ज कराई है। बारस्कर ने जरांगे और उनके करीबियों पर आरक्षण आंदोलन की आड़ में 1,000 करोड़ रुपये के भ्रष्टाचार, अवैध संपत्ति अर्जित करने और रेत तस्करी (Sand Mining) में लिप्त होने के गंभीर आरोप लगाए हैं।
1. ED कार्यालय में पेशी और सबूत सौंपने का दावा
उप निदेशक के समक्ष बयान दर्ज: अजय बारस्कर ने मुंबई स्थित ED कार्यालय के बाहर मीडिया से बात करते हुए बताया कि उन्हें जांच एजेंसी से समन मिला था। वह उप निदेशक (Deputy Director) के सामने पेश हुए और मनोज जरांगे व उनके सहयोगियों के खिलाफ उपलब्ध सबूत सौंपे।
भ्रष्टाचार और अवैध गतिविधियों का आरोप: बारस्कर ने कहा, “मनोज जरांगे और उनके साथियों ने मराठा समाज के आरक्षण आंदोलन का इस्तेमाल कर बड़े पैमाने पर वित्तीय अनियमितताएं की हैं और अवैध संपत्तियां बनाई हैं।”
2. सहयोगियों के नाम और मुख्य आरोप
रेत माफिया से सांठगांठ: बारस्कर ने आरोप लगाया कि मनोज जरांगे के करीबी सहयोगी—पांडुरंग तारक, ईश्वर बालंडे, गंगाधर कलकुटे, श्रीराम पुरणकर, संजय कटारे, स्वप्निल तारक, बद्रीनाथ तारक और उनके जीजा विलास खेड़कर—अवैध रेत खनन और तस्करी के व्यवसाय में शामिल हैं।
लक्जरी गाड़ियों और जमीनों के सौदों पर सवाल:
बेनामी संपत्ति: बारस्कर ने दावा किया कि जरांगे के साथी पांडुरंग तारक ने हाल ही में 50 एकड़ और 28 एकड़ जमीन के बड़े सौदे किए हैं।
फंडिंग का स्रोत: उन्होंने सवाल उठाया कि आंदोलन से जुड़े लोगों के पास ‘डिफेंडर’ जैसी महंगी लक्जरी गाड़ियां कहां से आ रही हैं और मुंबई के लीलावती अस्पताल में महंगे इलाज के लिए पैसे का स्रोत क्या है?
3. निष्पक्ष जांच और कार्रवाई की मांग
अजय बारस्कर ने प्रिवेंशन ऑफ मनी लॉन्ड्रिंग एक्ट (PMLA) के तहत ED से इस मामले में औपचारिक केस (ECIR) दर्ज करने और मनोज जरांगे सहित उनके सभी नामित सहयोगियों को पूछताछ के लिए समन भेजने का अनुरोध किया है।
