देहरादून: गोर्खाली महिला हरितालिका तीज उत्सव में पहुंचे सीएम पुष्कर सिंह धामी; तीज उत्सव को सरकारी स्तर पर और भव्य रूप से आयोजित करने का ऐलान
देहरादून: गोर्खाली महिला हरितालिका तीज उत्सव में पहुंचे सीएम पुष्कर सिंह धामी; तीज उत्सव को सरकारी स्तर पर और भव्य रूप से आयोजित करने का ऐलान
देहरादून: उत्तराखंड के मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने गढ़ी कैंट स्थित जसवंत सिंह ग्राउंड में आयोजित ‘गोर्खाली महिला हरितालिका तीज उत्सव’ में मुख्य अतिथि के रूप में प्रतिभाग किया। इस अवसर पर उन्होंने गोर्खाली समाज की माताओं-बहनों को हरितालिका तीज की बधाई देते हुए इस उत्सव को भविष्य में सरकारी स्तर पर और भी भव्य रूप से आयोजित करने की बड़ी घोषणा की।
1. गोर्खाली समाज के शौर्य और ‘आजाद हिंद फौज शहीद द्वार’ का उल्लेख
सांस्कृतिक संरक्षकों को नमन: सीएम धामी ने कहा कि हरितालिका तीज माता पार्वती की अटूट तपस्या और समर्पण का प्रतीक है। उन्होंने माताओं-बहनों को हमारी भाषा, लोक परंपराओं और सांस्कृतिक विरासत का सच्चा संरक्षक बताया।
वीरता और राष्ट्रभक्ति की सराहना: मुख्यमंत्री ने कहा कि गोर्खाली समाज अपनी अदम्य वीरता, निष्ठा और राष्ट्रभक्ति के लिए जाना जाता है। देश की सीमाओं की रक्षा में गोरखा वीरों का योगदान अतुलनीय है।
’आजाद हिंद फौज शहीद द्वार’ का शिलान्यास: सीएम ने बताया कि मसूरी विधानसभा क्षेत्र में अमर शहीद कप्तान दल बहादुर थापा की स्मृति में ‘आजाद हिंद फौज शहीद द्वार’ का शिलान्यास किया गया है, जो आने वाली पीढ़ियों के लिए प्रेरणास्रोत बनेगा।
2. भारत-नेपाल के आत्मीय संबंध और आपदा पर संवेदना
सांस्कृतिक और पारिवारिक रिश्ते: भारत और नेपाल के संबंधों का उल्लेख करते हुए सीएम धामी ने कहा कि दोनों देशों के बीच महज पड़ोसी का रिश्ता नहीं, बल्कि सदियों पुराने सांस्कृतिक व पारिवारिक संबंध हैं।
नेपाल आपदा पर समर्थन: हाल ही में नेपाल में आई प्राकृतिक आपदा का जिक्र करते हुए उन्होंने कहा कि इस संकट की घड़ी में भारत पूरी तरह नेपाल के साथ खड़ा है। उन्होंने आपदा पीड़ितों के प्रति गहरी संवेदना व्यक्त की।
