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भारत-उज्बेकिस्तान रिश्तों को नई ऊंचाई, व्यापक रणनीतिक साझेदारी पर बनी सहमति; PM मोदी बोले- ‘दोस्ती को हमेशा मजबूती से निभाएगा भारत’

भारत-उज्बेकिस्तान रिश्तों को नई ऊंचाई, व्यापक रणनीतिक साझेदारी पर बनी सहमति; PM मोदी बोले- ‘दोस्ती को हमेशा मजबूती से निभाएगा भारत’

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की उज्बेकिस्तान यात्रा के दौरान भारत और उज्बेकिस्तान ने अपने द्विपक्षीय रिश्तों को व्यापक रणनीतिक साझेदारी के स्तर तक बढ़ाने का ऐलान किया। ताशकंद में पीएम मोदी ने भारतीय समुदाय से मुलाकात की और दोनों देशों के गहरे सांस्कृतिक संबंधों को रेखांकित किया।

ताशकंद में भारतीय समुदाय ने किया पीएम मोदी का जोरदार स्वागत

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी अपनी दो दिवसीय राजकीय यात्रा पर उज्बेकिस्तान पहुंचे, जहां ताशकंद में भारतीय समुदाय के लोगों ने उनका गर्मजोशी से स्वागत किया। पीएम मोदी ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म ‘एक्स’ पर भारतीय समुदाय के प्रति आभार जताते हुए कहा कि प्रवासी भारतीय दोनों देशों के बीच एक जीवंत सेतु की भूमिका निभाते हैं।

प्रधानमंत्री ने कहा कि भारतीय प्रवासी समुदाय भारत और उज्बेकिस्तान की दोस्ती को और मजबूत बनाने में अहम भूमिका निभा रहा है। स्वागत समारोह में भारत और उज्बेकिस्तान की संस्कृतियों का शानदार संगम भी देखने को मिला।

तबला, डोइरा और चांग की धुनों ने बांधा समां

स्वागत समारोह में भारतीय और उज्बेक संगीत परंपराओं का अनूठा मेल देखने को मिला। तबला, डोइरा और चांग जैसे वाद्ययंत्रों के साथ कलाकारों ने शानदार प्रस्तुति दी।

पीएम मोदी ने सांस्कृतिक कार्यक्रम की सराहना करते हुए कहा कि यह भारत और उज्बेकिस्तान के बीच गहरे सांस्कृतिक जुड़ाव को दर्शाता है। भारतीय समुदाय की कुछ महिलाओं ने प्रधानमंत्री मोदी से मुलाकात के दौरान उन्हें राखी भी बांधी।

प्रधानमंत्री ने बच्चों के नृत्य प्रदर्शन का भी आनंद लिया और कार्यक्रम के बाद बच्चों से मुलाकात कर उनका उत्साह बढ़ाया।

‘यांगी उज्बेकिस्तान स्मारक’ पहुंचे पीएम मोदी

ताशकंद पहुंचने के बाद प्रधानमंत्री मोदी ने उज्बेकिस्तान के राष्ट्रपति शावकत मिर्जियोयेव के साथ ‘यांगी उज्बेकिस्तान स्मारक’ का दौरा किया। पीएम मोदी ने इसे उज्बेकिस्तान के लोगों की आकांक्षाओं और देश की प्रगति का प्रतीक बताया।

दोनों नेताओं ने यांगी उज्बेकिस्तान पार्क में उज्बेक संस्कृति और इतिहास को दर्शाने वाली कलाकृतियों का भी अवलोकन किया।

एयरपोर्ट पर राष्ट्रपति मिर्जियोयेव ने किया स्वागत

पीएम मोदी के उज्बेकिस्तान पहुंचने पर राष्ट्रपति शावकत मिर्जियोयेव खुद ताशकंद हवाई अड्डे पर उनका स्वागत करने पहुंचे। प्रधानमंत्री ने इस विशेष सम्मान के लिए उज्बेक राष्ट्रपति का आभार जताया।

पीएम मोदी ने कहा कि यह उज्बेकिस्तान की उनकी चौथी यात्रा है और यह दोनों देशों के बीच संबंधों की गहराई और लगातार बढ़ती गति को दर्शाती है।

भारत-उज्बेकिस्तान संबंध अब ‘व्यापक रणनीतिक साझेदारी’

यात्रा के दौरान भारत और उज्बेकिस्तान के रिश्तों को नई दिशा मिली। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने घोषणा की कि दोनों देशों के संबंधों को अब व्यापक रणनीतिक साझेदारी के स्तर तक बढ़ा दिया गया है।

पीएम मोदी ने राष्ट्रपति शावकत मिर्जियोयेव के नेतृत्व और भारत के प्रति उनकी मित्रता की भावना की सराहना की। उन्होंने कहा कि दोनों देशों के रिश्ते लगातार मजबूत हो रहे हैं और अब नई ऊंचाइयों तक पहुंच चुके हैं।

उज्बेकिस्तान के सर्वोच्च सम्मान से सम्मानित हुए PM मोदी

राष्ट्रपति शावकत मिर्जियोयेव ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी को दोनों देशों के द्विपक्षीय संबंधों को मजबूत बनाने में उनके योगदान के लिए उज्बेकिस्तान के सर्वोच्च सम्मान ‘ओली दराजली दोस्तलिक’ से सम्मानित किया।

सम्मान प्राप्त करने के बाद पीएम मोदी ने इसे केवल अपना नहीं, बल्कि भारत के 140 करोड़ लोगों का सम्मान बताया। उन्होंने यह सम्मान भारत और उज्बेकिस्तान की सदियों पुरानी दोस्ती और साझा विरासत को समर्पित किया।

PM मोदी बोले- ‘दोस्तलिक का मतलब है दोस्ती’

प्रधानमंत्री मोदी ने सम्मान के नाम में शामिल ‘दोस्तलिक’ शब्द का जिक्र करते हुए कहा कि इसका अर्थ दोस्ती है और यही शब्द भारत-उज्बेकिस्तान संबंधों की असली भावना को सबसे बेहतर तरीके से व्यक्त करता है।

उन्होंने उज्बेकिस्तान की जनता, सरकार और राष्ट्रपति मिर्जियोयेव का आभार जताते हुए कहा कि भारत दोनों देशों की मित्रता को पूरी मजबूती के साथ आगे बढ़ाने के लिए प्रतिबद्ध है।

‘भारत अपनी जिम्मेदारियों से कभी पीछे नहीं हटेगा’

प्रधानमंत्री मोदी ने कहा कि सम्मान मिलने के साथ एक बड़ी जिम्मेदारी भी आती है। उन्होंने उज्बेकिस्तान की धरती से दोनों देशों के लोगों को भरोसा दिलाया कि भारत अपनी जिम्मेदारियों से कभी पीछे नहीं हटेगा और दोनों देशों की दोस्ती को हमेशा मजबूती से निभाएगा।

उन्होंने कहा कि भारत और उज्बेकिस्तान मिलकर ग्लोबल साउथ की एकजुट आवाज को मजबूत करेंगे और ग्लोबल साउथ के लोगों के कल्याण के लिए हर संभव प्रयास करेंगे।

साझा विरासत और दोस्ती पर भारत का जोर

पीएम मोदी की उज्बेकिस्तान यात्रा में रणनीतिक संबंधों के साथ-साथ दोनों देशों के सांस्कृतिक और ऐतिहासिक रिश्तों पर भी खास जोर रहा। भारतीय समुदाय से मुलाकात, सांस्कृतिक कार्यक्रम और उज्बेकिस्तान के ऐतिहासिक स्थलों का दौरा दोनों देशों के बीच लोगों से लोगों के जुड़ाव को दर्शाता है।

भारत और उज्बेकिस्तान के बीच व्यापक रणनीतिक साझेदारी का नया स्तर दोनों देशों के बीच भविष्य में व्यापार, कनेक्टिविटी, सुरक्षा, संस्कृति और अन्य क्षेत्रों में सहयोग को और मजबूत करने की दिशा में महत्वपूर्ण कदम माना जा रहा है।

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