राहुल गांधी पर गौरव भाटिया का हमला, बोले- ‘दलित और पिछड़ा विरोधी नेता’; पंजाब सरकार पर भी साधा निशाना
राहुल गांधी पर गौरव भाटिया का हमला, बोले- ‘दलित और पिछड़ा विरोधी नेता’; पंजाब सरकार पर भी साधा निशाना
नई दिल्ली। भाजपा के राष्ट्रीय प्रवक्ता गौरव भाटिया ने सोमवार को प्रेस कॉन्फ्रेंस कर कांग्रेस नेता और लोकसभा में नेता प्रतिपक्ष राहुल गांधी पर तीखा हमला बोला। उन्होंने राहुल गांधी को गैर-जिम्मेदार बताते हुए उन पर दलित और पिछड़ा विरोधी होने का आरोप लगाया। भाटिया ने यह बयान हल्द्वानी में कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खड़गे के कार्यक्रम के बाद कथित शुद्धिकरण के मुद्दे पर राहुल गांधी द्वारा उठाए गए सवालों के संदर्भ में दिया।
‘खड़गे का अपमान कांग्रेस ने किया’
गौरव भाटिया ने आरोप लगाया कि राहुल गांधी खड़गे के अपमान की बात कर रहे हैं, जबकि कांग्रेस के भीतर ही मल्लिकार्जुन खड़गे के साथ कथित तौर पर भेदभाव हुआ। उन्होंने प्रियंका गांधी वाड्रा के नामांकन के दौरान खड़गे के पीछे बैठने का दावा करते हुए इसे उनका अपमान बताया।
भाटिया ने कहा कि खड़गे ने खुद अपने अपमान की बात कही थी, लेकिन राहुल गांधी ने करीब तीन सप्ताह तक इस मामले पर कोई प्रतिक्रिया नहीं दी। उन्होंने आरोप लगाया कि राहुल गांधी के पास विदेश यात्राओं के लिए समय है, लेकिन दलित और पिछड़े समाज से जुड़े मुद्दों को गंभीरता से लेने का समय नहीं है।
उदित राज के बयानों का किया जिक्र
भाजपा प्रवक्ता ने कांग्रेस नेता उदित राज के पूर्व राष्ट्रपति रामनाथ कोविंद और राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू को लेकर दिए गए कथित विवादित बयानों का भी जिक्र किया। उन्होंने सवाल उठाया कि ऐसे बयानों पर राहुल गांधी ने सार्वजनिक रूप से आपत्ति क्यों नहीं जताई।
भाटिया ने कांग्रेस पर दोहरे मापदंड अपनाने का आरोप लगाते हुए कहा कि पार्टी दलित और ओबीसी हितों की बात तो करती है, लेकिन उसके नेताओं के बयानों और व्यवहार में कथित तौर पर विरोधाभास दिखाई देता है।
उन्होंने राहुल गांधी को ‘फेल्ड प्रोडक्ट’ बताते हुए कांग्रेस पर बार-बार उन्हें राजनीतिक तौर पर लॉन्च करने का आरोप लगाया।
पंजाब सरकार पर भी बरसे गौरव भाटिया
प्रेस कॉन्फ्रेंस के दौरान गौरव भाटिया ने पंजाब की भगवंत मान सरकार पर भी निशाना साधा। उन्होंने दावा किया कि सरकारी कर्मचारी अपनी विभिन्न मांगों को लेकर आंदोलन कर रहे हैं और उनके साथ बड़ी संख्या में पेंशनधारक भी हैं।
भाटिया ने आरोप लगाया कि कर्मचारियों के नियमितीकरण, महंगाई भत्ते और पुरानी पेंशन योजना से जुड़े वादे पूरे नहीं किए गए हैं। उन्होंने कहा कि सरकार को प्रदर्शन कर रहे कर्मचारियों से बातचीत करनी चाहिए, न कि उनके खिलाफ कार्रवाई की चेतावनी देनी चाहिए।
‘प्रदर्शन करना संवैधानिक अधिकार’
भाजपा नेता ने 29 अगस्त 2026 के कथित सरकारी आदेश का हवाला देते हुए आरोप लगाया कि प्रदर्शनकारियों की सूची तैयार कर उनके खिलाफ कार्रवाई की बात कही गई है। उन्होंने सवाल किया कि क्या प्रदर्शन करने का संवैधानिक अधिकार केवल आम आदमी पार्टी के कार्यकर्ताओं के लिए है।
भाटिया ने भगवंत मान सरकार पर तानाशाही रवैया अपनाने का आरोप लगाते हुए कहा कि पंजाब के विभिन्न वर्ग खुद को ठगा हुआ महसूस कर रहे हैं। उन्होंने दावा किया कि राज्य सरकार अपने वादों को पूरा करने में विफल रही है और आने वाले समय में पंजाब की जनता इसका जवाब देगी।
