ईरान के सुप्रीम लीडर अयातुल्ला अली खामेनेई को अंतिम विदाई, तेहरान में उमड़ा जनसैलाब, सुरक्षा के अभूतपूर्व इंतजाम
ईरान के सुप्रीम लीडर अयातुल्ला अली खामेनेई को अंतिम विदाई, तेहरान में उमड़ा जनसैलाब, सुरक्षा के अभूतपूर्व इंतजाम
ईरान के दिवंगत सुप्रीम लीडर अयातुल्ला अली खामेनेई को अंतिम विदाई देने का आधिकारिक समारोह शनिवार को तेहरान के ग्रैंड इमाम खुमैनी मुसल्ला में शुरू हो गया। अपने नेता के अंतिम दर्शन के लिए देश-विदेश से भारी तादाद में शोकाकुल लोग तेहरान पहुंच रहे हैं। प्रेस टीवी के अनुसार, शनिवार तड़के से ही मुसल्ला परिसर शोक और श्रद्धांजलि व्यक्त करने वाले लोगों से पूरी तरह भर गया।
हफ़्ते भर चलेगा विदाई का कार्यक्रम, मशहद में सुपुर्द-ए-खाक
स्मृति समारोह आयोजन मुख्यालय द्वारा जारी कार्यक्रम के अनुसार, खामेनेई की अंतिम विदाई और दफन (तदफीन) की रस्में कई शहरों में आयोजित की जाएंगी:
शनिवार और रविवार: तेहरान के ग्रैंड इमाम खुमैनी मुसल्ला में अंतिम विदाई का कार्यक्रम जारी रहेगा।
सोमवार: तेहरान में जनाजे का भव्य जुलूस निकाला जाएगा।
मंगलवार और गुरुवार: कॉम (Qom) और मशहद (Mashhad) शहरों में विशेष रस्में पूरी की जाएंगी। मशहद स्थित पवित्र इमाम रजा दरगाह में खामेनेई को सुपुर्द-ए-खाक किया जाएगा।
बुधवार: पवित्र शिया शहरों नजफ और कर्बला (इराक) में भी विशेष श्रद्धांजलि कार्यक्रमों का आयोजन किया जाएगा।
भारत की ओर से आधिकारिक प्रतिनिधिमंडल ने दी श्रद्धांजलि
इससे पहले, शुक्रवार को दुनिया भर के राष्ट्राध्यक्षों, राजनयिकों और धार्मिक नेताओं ने आधिकारिक तौर पर ईरान पहुंचकर अपनी श्रद्धांजलि अर्पित की। भारत सरकार की ओर से इस दुखद अवसर पर एक आधिकारिक प्रतिनिधिमंडल ईरान भेजा गया, जिसमें विदेश राज्य मंत्री पबित्रा मार्गेरिटा और बिहार के राज्यपाल लेफ्टिनेंट जनरल (सेवानिवृत्त) सैयद अता हसनैन शामिल हुए। केंद्रीय मंत्री पबित्रा मार्गेरिटा ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स (X) पर इस दौरान की कुछ तस्वीरें भी साझा कीं।
जनता के लिए विशेष रियायतें: मेट्रो-बसें फ्री, खुले 5,000 स्कूल
शनिवार को तेहरान में करीब 1 करोड़ से अधिक लोगों के जुटने की उम्मीद को देखते हुए ईरान सरकार ने कई बड़े और अभूतपूर्व कदम उठाए हैं:
मुफ्त परिवहन: लोगों को कार्यक्रम स्थल तक बिना किसी असुविधा के पहुंचाने के लिए तेहरान की मेट्रो सेवा और सभी सरकारी बसों को पूरी तरह से निशुल्क कर दिया गया है। परिवहन के रूट भी बदले गए हैं।
रहने की व्यवस्था: देश भर से आने वाले लोगों के ठहरने के लिए ईरान सरकार ने होटलों के किराए में 50 प्रतिशत तक की भारी छूट दी है।
स्कूल और मस्जिदें बनीं रैनबसेरा: ईरान के शिक्षा मंत्री के मुताबिक, शोकाकुल लोगों के ठहरने के लिए देश भर के 5,000 से अधिक स्कूलों और करीब 40,000 से 50,000 कक्षाओं को खोलकर तैयार किया गया है। इसके अलावा मस्जिदों और खेल परिसरों (स्पोर्ट्स कॉम्प्लेक्स) में भी इंतजाम किए गए हैं।
एस-300 और बावर-373 एयर डिफेंस सिस्टम तैनात, सुरक्षा बेहद सख्त
विदेशी वीआईपी मेहमानों और भारी भीड़ की सुरक्षा को ध्यान में रखते हुए ईरान ने राजधानी तेहरान को एक अभेद्य किले में तब्दील कर दिया है।
ईरान ने अपने हवाई क्षेत्र को पूरी तरह सुरक्षित करने के लिए सबसे आधुनिक एस-300 (S-300) और स्वदेशी बावर-373 (Bavar-373) एयर डिफेंस मिसाइल सिस्टम को तैनात किया है।
पूरे तेहरान शहर के ऊपर ड्रोन उड़ाने और निजी विमानों की आवाजाही पर पूरी तरह से पाबंदी लगा दी गई है।
किसी भी आपात स्थिति से निपटने और विदेशी डेलिगेट्स की सुरक्षा सुनिश्चित करने के लिए विशेष अंडरग्राउंड कमांड सेंटर (भूमिगत नियंत्रण कक्ष) सक्रिय किए गए हैं।
