टीएमसी नेता जहांगीर खान की पत्नी सरीना बीबी गिरफ्तार, पुलिस स्टेशन पर हमले की साजिश का आरोप
टीएमसी नेता जहांगीर खान की पत्नी सरीना बीबी गिरफ्तार, पुलिस स्टेशन पर हमले की साजिश का आरोप
कोलकाता: पश्चिम बंगाल की राजनीति से इस वक्त की एक बड़ी खबर सामने आ रही है। तृणमूल कांग्रेस (TMC) के कद्दावर नेता जहांगीर खान की पत्नी सरीना बीबी को शनिवार सुबह पुलिस ने गिरफ्तार कर लिया है। सरीना बीबी पर फाल्टा पुलिस स्टेशन पर हमला करने और अपने पति जहांगीर खान को पुलिस हिरासत से जबरन छुड़ाने की साजिश में शामिल होने का गंभीर आरोप है।
जहांगीर खान को हाल ही में पुलिस ने बंगाल-नेपाल सीमा से गिरफ्तार किया था और वह फिलहाल पुलिस हिरासत में हैं। इस मामले में पुलिस अब तक कुल 27 लोगों को गिरफ्तार कर चुकी है।
क्या है मामला और गिरफ्तारी की वजह?
जहांगीर खान की गिरफ्तारी के बाद फाल्टा इलाके में भारी तनाव देखा गया था। पुलिस के अनुसार, सरीना बीबी पर फाल्टा में पुलिस प्रशासन और केंद्रीय सुरक्षा बलों पर हमले की साजिश रचने का आरोप है।
इस विरोध-प्रदर्शन के दौरान कथित तौर पर कुछ देश-विरोधी गतिविधियां भी सामने आई थीं। इसके बाद पश्चिम बंगाल सरकार ने सख्त रुख अपनाते हुए आरोपियों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई के निर्देश दिए थे। मुख्यमंत्री ने हाल ही में फाल्टा में एक बैठक के दौरान चेतावनी दी थी कि कानून हाथ में लेने वालों और हिंसा भड़काने वालों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी, जिसमें उनकी संपत्ति जब्त करना भी शामिल है।
कौन हैं जहांगीर खान? (अभिषेक बनर्जी के माने जाते हैं करीबी)
जहांगीर खान डायमंड हार्बर लोकसभा क्षेत्र के अंतर्गत आने वाली फाल्टा विधानसभा सीट से टीएमसी के उम्मीदवार थे। उन्हें टीएमसी महासचिव अभिषेक बनर्जी का बेहद करीबी नेता माना जाता है।
’पुष्पा’ वाली छवि से आए थे चर्चा में: चुनाव प्रचार के दौरान जहांगीर खान ने फिल्मी अंदाज में अपनी छवि बनाई थी। उन्होंने खुद को फिल्म ‘पुष्पा’ के मुख्य किरदार की तरह पेश किया था, जो किसी के आगे नहीं झुकता। उन्होंने उत्तर प्रदेश के चर्चित पुलिस अधिकारी (सिंघम कहे जाने वाले) अजयपाल शर्मा को खुली चुनौती देते हुए कहा था, “अगर वो सिंघम हैं, तो मैं पुष्पा हूं… झुकूंगा नहीं।”
चुनावी नतीजों के बाद हो गए थे अंडरग्राउंड
फाल्टा विधानसभा सीट पर मतदान के दिन बड़े पैमाने पर गड़बड़ी की शिकायतें आई थीं, जिसके बाद चुनाव आयोग ने वहां दोबारा मतदान (रि-पोलिंग) का आदेश दिया था। हालांकि, रि-पोलिंग से पहले ही घोषित हुए चुनावी नतीजों में भारतीय जनता पार्टी (BJP) ने बड़ी जीत हासिल की।
बीजेपी की जीत और फाल्टा सीट पर टीएमसी की हार के बाद जहांगीर खान अचानक मैदान छोड़कर अंडरग्राउंड हो गए थे। कई दिनों की तलाश के बाद 8 जून 2026 को पुलिस ने उन्हें बंगाल-नेपाल बॉर्डर से उस वक्त दबोचा, जब वह नेपाल भागने की फिराक में थे। गिरफ्तारी के बाद पुलिस ने सड़क पर उनकी परेड भी निकाली थी, जिसकी तस्वीरें सोशल मीडिया पर काफी वायरल हुई थीं।
