“आर्थिक तूफान सिर पर और पीएम इटली में टॉफ़ी बांट रहे हैं”: राहुल गांधी का रायबरेली में मोदी, शाह और RSS पर तीखा हमला
“आर्थिक तूफान सिर पर और पीएम इटली में टॉफ़ी बांट रहे हैं”: राहुल गांधी का रायबरेली में मोदी, शाह और RSS पर तीखा हमला
लोकसभा में नेता प्रतिपक्ष और वरिष्ठ कांग्रेस नेता राहुल गांधी ने बुधवार को प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी, गृह मंत्री अमित शाह और राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ (RSS) पर अब तक का सबसे तीखा राजनीतिक हमला बोला है। अपने संसदीय क्षेत्र रायबरेली के दौरे के दूसरे दिन एक ‘बहुजन स्वाभिमान सभा’ को संबोधित करते हुए राहुल गांधी ने दावा किया कि देश एक बड़े आर्थिक संकट और अभूतपूर्व महंगाई की कगार पर खड़ा है, जिसके लिए सीधे तौर पर केंद्र सरकार की नीतियां जिम्मेदार हैं।
राहुल गांधी ने सोशल मीडिया पर भी तंज कसते हुए लिखा, “आर्थिक तूफान सिर पर है और प्रधानमंत्री इटली में टॉफ़ी बांट रहे हैं। किसान, युवा, महिला, मजदूर सब रो रहे हैं; प्रधानमंत्री हंसकर रील बना रहे हैं और भाजपा वाले ताली बजा रहे हैं। यह नेतृत्व नहीं, नौटंकी है।”
”देश में आने वाला है बड़ा आर्थिक संकट, मोदी जनता के सामने रोएंगे”
राहुल गांधी ने जनसभा में चेतावनी देते हुए कहा कि आने वाले महीनों में देशवासियों को एक भयंकर आर्थिक तूफान का सामना करना पड़ेगा, जिसमें सब कुछ तबाह हो जाएगा। उन्होंने कहा:
महंगाई की मार: आने वाले समय में पेट्रोल-डीजल, गैस और जरूरी चीजों के दाम आसमान छूने वाले हैं और किसानों को खाद के लिए किल्लत झेलनी पड़ेगी।
जनता पर पड़ेगा असर: इस आर्थिक झटके का असर अंबानी-अडानी पर नहीं, बल्कि सीधे देश की गरीब और आम जनता पर लगेगा।
पूर्व के फैसलों से तुलना: राहुल गांधी ने कहा कि जब देश में हाहाकार मचेगा, तो नरेंद्र मोदी जनता के सामने आकर रोएंगे कि उनकी कोई गलती नहीं है, जैसा उन्होंने पूर्व में नोटबंदी और कोविड महामारी के समय किया था।
पीएम मोदी और उद्योगपतियों के गठजोड़ पर उठाए सवाल
प्रधानमंत्री पर दोहरा मापदंड अपनाने का आरोप लगाते हुए कांग्रेस नेता ने कहा कि पीएम मोदी आम जनता से सोना न खरीदने, इलेक्ट्रिक गाड़ियों में चलने और विदेश न जाने की अपील करते हैं, लेकिन खुद हजारों करोड़ रुपये के आलीशान हवाई जहाज में बैठकर विदेशों के दौरे करते हैं।
उन्होंने उद्योगपति मुकेश अंबानी का नाम लेते हुए गंभीर आरोप लगाए और कहा:
”चुनाव से पहले कहा गया था कि देश में तेल-गैस की कमी नहीं होगी और दाम नहीं बढ़ेंगे। लेकिन आज जब देश में कीमतें बढ़ रही हैं, तब अंबानी हिंदुस्तान के बाहर पेट्रोल बेच रहे हैं। वह रूस से कच्चा तेल खरीदकर दूसरे देशों में बेचते हैं और उसी पैसे से नरेंद्र मोदी की फंडिंग की जाती है। मोदी ने देश का आर्थिक सिस्टम अंबानी, अडानी और अमेरिका को बेच दिया है।”
”संविधान पर हमला करने वाले गद्दार”
राजनीतिक हमले को और तेज करते हुए राहुल गांधी ने प्रधानमंत्री, गृह मंत्री और भाजपा-आरएसएस को ‘गद्दार’ करार दिया। उन्होंने कहा कि इन लोगों ने देश को बेचने और संविधान पर हमला करने का काम किया है। उन्होंने जनता से आह्वान किया कि जब भी भाजपा या आरएसएस के लोग सामने आएं, तो वे उनसे यह बात खुलकर कहें।
हाथ में संविधान की प्रति दिखाते हुए राहुल गांधी ने कहा:
”यह कोई मामूली किताब नहीं है, इसकी विचारधारा महात्मा गांधी, बाबासाहेब डॉ. भीमराव आंबेडकर और वीरा पासी जैसे जननायकों के खून में थी। आरएसएस की विचारधारा बाबासाहेब के संविधान को रौंदती है और उसके चीथड़े उड़ाती है।”
संस्थाओं पर कब्जे और ‘वोट चोरी’ का लगाया आरोप
राहुल गांधी ने आरोप लगाया कि संविधान दलितों, पिछड़ों और गरीबों की रक्षा के लिए आरक्षण और पब्लिक सेक्टर की व्यवस्था करता था, जिसे मोदी-शाह की जोड़ी ने खत्म कर दिया है। उन्होंने शिक्षा व्यवस्था पर सवाल उठाते हुए कहा कि देश के बड़े विश्वविद्यालयों में ऐसे वाइस चांसलरों (कुलपतियों) को बैठा दिया गया है जिन्हें अपने विषय का ज्ञान नहीं है, वे सिर्फ इसलिए वहां हैं क्योंकि वे आरएसएस से जुड़े हैं।
इसके अलावा, उन्होंने ‘वोटों की चोरी’ का गंभीर मुद्दा उठाते हुए दावा किया कि महाराष्ट्र, हरियाणा, मध्य प्रदेश, असम और बंगाल जैसे राज्यों में उन करोड़ों लोगों के नाम वोटर लिस्ट से काट दिए गए हैं, जो भाजपा के समर्थक नहीं माने जाते हैं। राहुल गांधी ने साफ कहा कि जातिगत जनगणना न कराना, मनरेगा को कमजोर करना और वोट चोरी कराना, यह सब संविधान पर सीधे हमले का हिस्सा है।
