देहरादून: विंडलास फैक्ट्री के कर्मचारियों का वेतन बढ़ोतरी के लिए दूसरे दिन भी प्रदर्शन, प्रशासन ने लागू की BNS धारा-163
देहरादून: विंडलास फैक्ट्री के कर्मचारियों का वेतन बढ़ोतरी के लिए दूसरे दिन भी प्रदर्शन, प्रशासन ने लागू की BNS धारा-163
मोहब्बेवाला स्थित विंडलास फैक्ट्री के कर्मचारियों का अपनी मांगों को लेकर धरना प्रदर्शन आज दूसरे दिन भी जारी रहा। कर्मचारी वेतन में बढ़ोतरी (Salary Hike) की मांग को लेकर फैक्ट्री के मुख्य गेट के बाहर डटे हुए हैं। प्रदर्शनकारियों का साफ कहना है कि जब तक उनका वेतन बढ़ाकर 20 हजार रुपये नहीं किया जाता, तब तक उनका यह आंदोलन खत्म नहीं होगा।
दूसरी ओर, स्थिति की गंभीरता और कानून व्यवस्था (Law and Order) को बनाए रखने के लिए प्रशासन ने कड़ा रुख अपनाया है। उप जिला मजिस्ट्रेट (SDM सदर) द्वारा तत्काल प्रभाव से फैक्ट्री परिसर और उसके आसपास BNS (भारतीय नागरिक सुरक्षा संहिता) की धारा-163 (पूर्व में सीआरपीसी की धारा-144) लागू करने के आदेश जारी कर दिए गए हैं।
”10,500 रुपये में घर चलाना मुश्किल”— कर्मचारियों का दर्द
फैक्ट्री के बाहर शांतिपूर्ण लेकिन मुखर तरीके से धरने पर बैठे कर्मचारियों ने अपनी आर्थिक समस्याओं को साझा करते हुए कहा:
”हमें वर्तमान में केवल 10,500 रुपये प्रति माह वेतन मिल रहा है। आज के समय में जब हर जरूरत की वस्तु इतनी महंगी हो गई है, इतने कम पैसों में परिवार का भरण-पोषण करना और घर का खर्चा चलाना पूरी तरह असंभव हो गया है। बढ़ती महंगाई के कारण हमारा जीवन यापन मुश्किल हो गया है। हम सभी कर्मचारियों की बस एक ही मांग है कि हमारा वेतन न्यूनतम 20 हजार रुपये किया जाए ताकि हम सम्मान से जी सकें। जब तक हमारी यह मांग पूरी नहीं होती, हमारा धरना प्रदर्शन लगातार जारी रहेगा।”
क्यों लागू करनी पड़ी धारा-163?
प्रशासन को स्थानीय स्तर से मिली रिपोर्ट के अनुसार, बीती 16 मई को फैक्ट्री में कार्यरत कुछ श्रमिकों द्वारा फैक्ट्री के दोनों गेटों के बाहर सड़क पर उग्र प्रदर्शन और नारेबाजी की गई थी। इसके चलते क्षेत्र में शांति व्यवस्था भंग होने और यातायात बाधित होने की आशंका जताई गई थी।
सैकड़ों की संख्या में कर्मचारियों के जुटने को देखते हुए सुरक्षा के लिहाज से प्रशासन ने निम्नलिखित प्रतिबंध लागू किए हैं:
पांच या अधिक लोगों के जुटने पर रोक: फैक्ट्री के दोनों गेटों के बाहर और आसपास के दायरे में 5 या उससे अधिक व्यक्तियों के एक साथ एकत्र होने पर पूरी तरह प्रतिबंध लगा दिया गया है।
हथियारों और ज्वलनशील वस्तुओं पर प्रतिबंध: क्षेत्र में किसी भी व्यक्ति को लाठी, डंडा, तलवार, चाकू, ईंट, पत्थर या हिंसा में इस्तेमाल हो सकने वाली कोई भी अन्य वस्तु साथ लाने या लेकर चलने की अनुमति नहीं होगी।
नारेबाजी और पोस्टरों पर रोक: धारा-163 के प्रभावी रहने के दौरान किसी भी प्रकार के भड़काऊ भाषण, सांप्रदायिक भावना भड़काने वाली गतिविधि, नारेबाजी, पोस्टर, बैनर या पर्चे बांटने पर पूरी तरह रोक रहेगी।
सख्त कार्रवाई की चेतावनी
प्रशासन ने स्पष्ट आदेश जारी करते हुए कहा है कि बिना पूर्व लिखित अनुमति के क्षेत्र में किसी भी प्रकार का धरना, प्रदर्शन, जुलूस या सार्वजनिक सभा आयोजित नहीं की जा सकेगी। यदि कोई भी व्यक्ति सरकारी या निजी संपत्ति को नुकसान पहुंचाने अथवा कानून व्यवस्था को अपने हाथ में लेने की कोशिश करेगा, तो उसके खिलाफ कानूनी प्रावधानों के तहत सख्त से सख्त दंडात्मक कार्रवाई की जाएगी। फिलहाल मौके पर पुलिस बल तैनात है और स्थिति पर नजर रखी जा रही है।
