होर्मुज संकट: ट्रंप का ‘शूट एंड किल’ ऑर्डर, ईरान ने नकारा नेतृत्व का मतभेद; दुनिया पर गहराया ईंधन संकट
होर्मुज संकट: ट्रंप का ‘शूट एंड किल’ ऑर्डर, ईरान ने नकारा नेतृत्व का मतभेद; दुनिया पर गहराया ईंधन संकट
वाशिंगटन/तेहरान | खाड़ी क्षेत्र में युद्ध के बादल और गहरे हो गए हैं। अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने होर्मुज जलडमरूमध्य में ईरान की गतिविधियों को रोकने के लिए अपनी नौसेना को सीधे हमले के आदेश दिए हैं। वहीं, ईरान ने अपने भीतर किसी भी प्रकार की फूट की खबरों को खारिज करते हुए ‘क्रांतिकारी एकजुटता’ का दावा किया है।
1. ट्रंप का कड़ा रुख: “ईरानी नावों को देखते ही नष्ट कर दें”
अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने सोशल मीडिया के माध्यम से सेना को स्पष्ट निर्देश जारी किए हैं।
सीधा आदेश: ट्रंप ने कहा कि उन्होंने अमेरिकी नौसेना को आदेश दिया है कि यदि ईरान की छोटी नावें (Small Boats) जलडमरूमध्य में बाधा डालती हैं या अमेरिकी जहाजों को परेशान करती हैं, तो उन्हें तुरंत ‘शूट एंड किल’ (गोली मारें और नष्ट करें) की नीति के तहत खत्म कर दिया जाए।
वजह: अमेरिका का आरोप है कि ईरान की नावें अंतरराष्ट्रीय व्यापारिक जहाजों के मार्ग में माइन्स (समुद्री सुरंगें) बिछा रही हैं और यातायात को ‘चोक’ करने की कोशिश कर रही हैं।
2. ईरान का पलटवार: “हम सब क्रांतिकारी हैं”
ईरान में नेतृत्व परिवर्तन और वैचारिक मतभेद की अटकलों पर तेहरान ने कड़ा जवाब दिया है।
एकजुटता का संदेश: राष्ट्रपति मसूद पेजेशकियान और संसद अध्यक्ष मोहम्मद बघेर गालिबफ ने साझा रुख अपनाते हुए कहा, “ईरान में कट्टरपंथी या नरमपंथी जैसा कोई विभाजन नहीं है। हम सभी ईरानी और क्रांतिकारी हैं।”
अमरीकी दावे खारिज: ईरान ने ट्रंप के उस दावे को सिरे से नकार दिया जिसमें ईरान के नेतृत्व में अस्थिरता की बात कही गई थी।
3. वैश्विक अर्थव्यवस्था पर प्रहार: 20% तेल व्यापार ठप
होर्मुज जलडमरूमध्य दुनिया का सबसे महत्वपूर्ण ‘चोकपॉइंट’ है। वर्तमान तनाव ने वैश्विक बाजार को हिला कर रख दिया है:
व्यापारिक प्रभाव: शांति काल में दुनिया के कुल तेल व्यापार का 20% और गैस का एक बड़ा हिस्सा इसी मार्ग से गुजरता है।
ईंधन संकट: तनाव के कारण बीमा कंपनियों ने प्रीमियम बढ़ा दिया है और कई शिपिंग कंपनियों ने इस मार्ग से अपने जहाजों को भेजना बंद कर दिया है, जिससे दुनिया भर में ईंधन की कीमतों में उछाल और सप्लाई चेन टूटने का खतरा पैदा हो गया है।
4. नेतृत्व का सस्पेंस: मुज्तबा खामेनेई का गुप्त शासन
28 फरवरी को इजरायल और अमेरिका के संयुक्त हमलों में अयातुल्ला अली खामेनेई की मौत के बाद से ईरान की सत्ता को लेकर सस्पेंस बना हुआ है:
नया सुप्रीम लीडर: अली खामेनेई के बेटे मुज्तबा खामेनेई को नया सर्वोच्च नेता माना जा रहा है, लेकिन वे अब तक सार्वजनिक रूप से सामने नहीं आए हैं।
लिखित संदेश: मुज्तबा केवल सरकारी टीवी पर पढ़े जाने वाले लिखित संदेशों के जरिए ही देश को संबोधित कर रहे हैं, जिससे उनकी स्थिति और शक्तियों को लेकर रहस्य बरकरार है।
5. पाकिस्तान की मध्यस्थता? अराघची की महत्वपूर्ण वार्ता
इस युद्ध को रोकने के लिए कूटनीतिक प्रयास भी तेज हो गए हैं। ईरान के विदेश मंत्री अब्बास अराघची ने पाकिस्तान का दौरा किया है:
क्षेत्रीय सुरक्षा: अराघची ने पाकिस्तान के विदेश मंत्री इशाक डार और सेना प्रमुख आसिम मुनीर से मुलाकात की।
संघर्ष विराम की उम्मीद: हालांकि बातचीत का पूरा विवरण सार्वजनिक नहीं किया गया है, लेकिन माना जा रहा है कि पाकिस्तान इस तनाव को कम करने और संघर्ष विराम (Ceasefire) की कोशिशों में एक पुल का काम कर रहा है।
बड़ी बात: होर्मुज की स्थिति अब ‘डू ऑर डाई’ (करो या मरो) के मोड़ पर है। यदि ट्रंप के आदेश के तहत गोलीबारी शुरू होती है, तो यह क्षेत्रीय संघर्ष एक पूर्ण विकसित वैश्विक युद्ध में बदल सकता है।
