ऋषिकेश एम्स में हाई-वोल्टेज ड्रामा: छठी मंजिल से कूदने चला था मरीज, जांबाज तीमारदार ने पीछे से दबोचकर बचाई जान
ऋषिकेश एम्स (AIIMS) से आज सुबह एक ऐसी खबर आई जिसने वहां मौजूद हर शख्स की सांसें अटका दीं। एक मानसिक रूप से अस्वस्थ युवक अस्पताल की छठी मंजिल की छत पर चढ़ गया, लेकिन सुरक्षाकर्मियों की सूझबूझ और एक जांबाज तीमारदार की बहादुरी से एक बड़ा हादसा टल गया।
ऋषिकेश एम्स में हाई-वोल्टेज ड्रामा: छठी मंजिल से कूदने चला था मरीज, जांबाज तीमारदार ने पीछे से दबोचकर बचाई जान
ऋषिकेश: अखिल भारतीय आयुर्विज्ञान संस्थान (AIIMS), ऋषिकेश में बुधवार सुबह करीब 11 बजे उस वक्त अफरा-तफरी मच गई, जब मनोरोग विभाग की छठी मंजिल की छत पर एक युवक को मुंडेर पर खड़े देखा गया। युवक वहां से छलांग लगाने की कोशिश कर रहा था, जिसे देख अस्पताल परिसर में मौजूद सैकड़ों लोगों के होश उड़ गए।
बातों में उलझाया और फिर… ऐसे बचाई जान
जैसे ही सुरक्षाकर्मियों की नजर युवक पर पड़ी, उन्होंने तुरंत मोर्चा संभाला। नीचे खड़े सुरक्षाकर्मियों ने युवक को बातों में उलझाए रखा ताकि उसका ध्यान भटकाया जा सके। इसी बीच, मौके पर मौजूद एक अन्य मरीज के तीमारदार ने अदम्य साहस का परिचय दिया। वह बिना कोई आवाज किए चुपके से छत पर पहुंचा और जैसे ही युवक कूदने को हुआ, उसे पीछे से मजबूती से पकड़कर सुरक्षित खींच लिया। तुरंत ही सुरक्षाकर्मी भी वहां पहुंच गए और युवक को काबू में किया।
क्यों आत्मघाती कदम उठाने चला था युवक?
एम्स के जनसंपर्क अधिकारी श्रीलोय मोहंती ने घटना की जानकारी देते हुए बताया:
* इलाज का विरोध: युवक मानसिक रूप से अस्वस्थ है और उसे इलाज के लिए एम्स लाया गया था।
* ओपीडी की लाइन: जब उसके परिजन ओपीडी की लाइन में पर्ची बनवा रहे थे, तभी युवक इलाज न कराने की जिद पर अड़ गया।
* गेट तोड़कर पहुंचा छत पर: अचानक परिजनों से हाथ छुड़ाकर वह भागने लगा और छठी मंजिल पर लगे गेट की कुंडी तोड़कर छत की मुंडेर पर जा चढ़ा।
दहशत में रहे मरीज और चिकित्साकर्मी
इस पूरी घटना के दौरान करीब आधे घंटे तक एम्स परिसर में चीख-पुकार और दहशत का माहौल रहा। वहां मौजूद अन्य मरीज और डॉक्टर इस खौफनाक मंजर को देखकर सन्न रह गए थे। गनीमत रही कि समय रहते युवक को बचा लिया गया।
वर्तमान स्थिति:
फिलहाल एम्स के सुरक्षा अधिकारी युवक और उसके परिजनों से पूछताछ कर रहे हैं। युवक को सुरक्षित वार्ड में शिफ्ट कर दिया गया है और उसकी निगरानी बढ़ा दी गई है।
