मथुरा में अफवाहों से भड़का बवाल! फरसा वाले बाबा की मौत के बाद ट्रक ड्राइवर भी नहीं बचा, 13 गिरफ्तार
मथुरा में अफवाहों से भड़का बवाल! फरसा वाले बाबा की मौत के बाद ट्रक ड्राइवर भी नहीं बचा, 13 गिरफ्तार
उत्तर प्रदेश के मथुरा जिले के कोसीकलां थाना क्षेत्र में शुक्रवार रात (20-21 मार्च) हुए सड़क हादसे ने इलाके में तनाव पैदा कर दिया। गौरक्षक चंद्रशेखर उर्फ फरसा वाले बाबा (45) की मौत हो गई, और अब उसी हादसे में घायल ट्रक ड्राइवर खुर्शीद की भी अस्पताल में इलाज के दौरान मौत हो गई है। पुलिस ने स्पष्ट किया कि यह घने कोहरे में हुई दुर्घटना है, गोतस्करी से कोई लेना-देना नहीं। लेकिन अफवाहों ने माहौल बिगाड़ दिया — लोगों ने इसे गौतस्करों की साजिश बताकर हाईवे जाम किया, पथराव किया, पुलिस वाहनों को तोड़ा और तोड़फोड़ की।
क्या हुआ था?
फरसा वाले बाबा (जो फरसे से लैस रहते थे और गौ-रक्षा के लिए जाने जाते थे) अपने शिष्यों के साथ दिल्ली-आगरा हाईवे पर एक कंटेनर ट्रक (नागालैंड नंबर) को रोके थे — शक था कि गौवंश ले जा रहा है।
घने कोहरे के कारण पीछे से आ रहे दूसरे ट्रक (राजस्थान नंबर) ने उनकी बाइक को टक्कर मार दी। बाबा मौके पर ही मारे गए, ट्रक ड्राइवर गंभीर घायल।
ट्रक में कोई गौवंश नहीं मिला — सिर्फ ग्रॉसरी आइटम्स थे। पुलिस ने इसे साफ सड़क हादसा बताया।
अफवाहों ने भड़काया बवाल:
अफवाह फैली कि गौतस्करों ने जानबूझकर कुचला। समर्थक (कुछ बाहर से आए, जैसे हिंदू रक्षा दल के दक्ष चौधरी) हाईवे जाम कर दिए, पथराव किया, पुलिस पर हमला किया — कई पुलिसकर्मी घायल, वाहन क्षतिग्रस्त।
ईद के दिन होने से संवेदनशीलता और बढ़ गई।
पुलिस की कार्रवाई:
मथुरा पुलिस ने अफवाह फैलाने, हिंसा भड़काने, सार्वजनिक शांति भंग करने और पुलिस ड्यूटी में बाधा डालने के आरोप में 13 लोगों को गिरफ्तार किया है।
मुख्य आरोपी में दक्ष चौधरी (हिंदू रक्षा दल) और उनके साथी शामिल। सीसीटीवी फुटेज से और पहचान जारी।
कड़ी धाराओं (जैसे 307, 147, 148 आदि) के तहत केस दर्ज। पुलिस ने लोगों से अफवाहों से बचने और सोशल मीडिया पर फेक न्यूज न फैलाने की अपील की।
स्थिति अब नियंत्रण में है, लेकिन हाईवे पर ट्रैफिक प्रभावित रहा।
फरसा वाले बाबा कौन थे?
ब्रज क्षेत्र में प्रसिद्ध गौरक्षक और साधु। गौ-तस्करी रोकने के लिए सक्रिय रहते थे। उनके आश्रम और समर्थक काफी हैं।
पुलिस का कहना है कि जांच जारी है, लेकिन अफवाहों से शांति भंग न हो। यूपी सरकार और CM योगी ने सख्त कार्रवाई के निर्देश दिए हैं। क्या यह सिर्फ हादसा था या कुछ और? जांच बताएगी। लेकिन अफवाहों ने दो मौतों के बाद बड़ा संकट पैदा कर दिया।
