‘जब तक सरकार में JDU रहेगी, बिहार में नहीं मिलेगी शराब’ – नीतीश के करीबी मंत्री श्रवण कुमार की दो टूक, शराबबंदी पर साफ संदेश!
‘जब तक सरकार में JDU रहेगी, बिहार में नहीं मिलेगी शराब’ – नीतीश के करीबी मंत्री श्रवण कुमार की दो टूक, शराबबंदी पर साफ संदेश!
न्यूज़ अपडेट: 7 मार्च 2026
बिहार में शराबबंदी कानून को लेकर चल रही बहस के बीच मुख्यमंत्री नीतीश कुमार के सबसे करीबी और विश्वसनीय मंत्री श्रवण कुमार (जल संसाधन मंत्री और JDU के वरिष्ठ नेता) ने बड़ा बयान दिया है। उन्होंने साफ कहा: “जब तक सरकार में JDU रहेगी, बिहार में शराब नहीं मिलेगी।” यह बयान आज (7 मार्च 2026) मीडिया से बातचीत में आया, जब उनसे हाल के कुछ JDU नेताओं और सहयोगी दलों के शराबबंदी समीक्षा/हटाने के बयानों पर सवाल किया गया।
बयान का संदर्भ: पिछले कुछ दिनों में JDU सांसद देवेश चंद्र ठाकुर, कुछ BJP विधायकों और सहयोगी दलों (जैसे LJP(R) के चिराग पासवान) ने शराबबंदी की समीक्षा या हटाने की मांग की थी। कुछ ने कहा कि कानून फेल हो रहा है, अवैध शराब का कारोबार बढ़ा है, और राजस्व घाटा हो रहा है। लेकिन श्रवण कुमार ने इसे खारिज करते हुए JDU की मूल नीति पर अडिग रहने का संकेत दिया।
श्रवण कुमार का पूरा स्टैंड: उन्होंने कहा कि नीतीश कुमार ने 2016 में महात्मा गांधी के विचारों और महिलाओं/परिवारों की सुरक्षा के लिए शराबबंदी लागू की थी। यह कानून महिलाओं के वोटबैंक और सामाजिक सुधार का बड़ा हिस्सा है। “कानून में समय-समय पर समीक्षा होती है, लेकिन इसे खत्म करना या ढील देना बिल्कुल संभव नहीं। JDU की सरकार में शराबबंदी जारी रहेगी।”
पृष्ठभूमि: बिहार में पूर्ण शराबबंदी 1 अप्रैल 2016 से लागू है। नीतीश ने इसे अपनी सबसे बड़ी उपलब्धि माना है, खासकर महिलाओं में लोकप्रियता के लिए। लेकिन 10 साल बाद भी अवैध शराब, मौतें और कारोबार की शिकायतें आती रहती हैं। नीतीश के राज्यसभा जाने की खबरों के बीच यह बयान JDU की एकजुटता दिखाता है कि नीतीश के जाने के बाद भी नीति नहीं बदलेगी।
विपक्ष की प्रतिक्रिया: RJD और अन्य विपक्षी कह रहे हैं कि JDU में भी मतभेद हैं, और कानून फेल साबित हो चुका है। लेकिन JDU ने इसे “व्यक्तिगत बयान” बताकर खारिज किया है।
