डिप्टी सीएम विजय सिन्हा के दही-चूड़ा भोज में पहुंचे तेज प्रताप यादव: NDA में शामिल होने की अटकलें तेज, क्या होगा बड़ा खेल?
डिप्टी सीएम विजय सिन्हा के दही-चूड़ा भोज में पहुंचे तेज प्रताप यादव: NDA में शामिल होने की अटकलें तेज, क्या होगा बड़ा खेल?
बिहार की सियासत में मकर संक्रांति के बहाने नई हलचल मच गई है। जनशक्ति जनता दल (JJD) के अध्यक्ष और लालू प्रसाद यादव के बड़े बेटे तेज प्रताप यादव मंगलवार को बिहार के डिप्टी सीएम विजय कुमार सिन्हा के पटना स्थित सरकारी आवास पर आयोजित दही-चूड़ा भोज में शामिल हुए। यह मौका सिर्फ पारंपरिक त्योहार नहीं रहा, बल्कि राजनीतिक संकेतों से भरा दिखा। तेज प्रताप के इस कदम से NDA में शामिल होने की अटकलें तेज हो गई हैं, खासकर जब नीतीश सरकार के दो मंत्रियों ने उनका स्वागत करने की बात कही।
क्या हुआ भोज में?
डिप्टी सीएम विजय सिन्हा ने मकर संक्रांति पर अपने आवास पर दही-चूड़ा भोज का आयोजन किया, जिसमें एनडीए के कई वरिष्ठ नेता, मंत्री और घटक दल शामिल हुए।
तेज प्रताप यादव पहुंचे और पारंपरिक अंदाज में शामिल हुए। उन्होंने खुद भी बुधवार (14 जनवरी) को अपने सरकारी आवास (26 M स्ट्रैंड रोड) पर दही-चूड़ा भोज रखा है, जिसमें उन्होंने NDA और महागठबंधन के कई नेताओं को न्योता दिया है।
तेज प्रताप ने मीडिया से कहा: “दही-चूड़ा भोज का आमंत्रण मिला था, हम अपना धर्म निभाने आए हैं। नेता लोग मिलते-जुलते रहते हैं, राजनीति अलग है।” लेकिन जब NDA में शामिल होने पर सवाल हुआ, तो उन्होंने मुस्कुराते हुए कहा, “पता चल जाएगा, अभी क्यों बताना है?”
भोज के दौरान एनडीए नेताओं ने तेज प्रताप को NDA में आने का ऑफर दिया। हम पार्टी के नेता संतोष सुमन (जीतन राम मांझी के बेटे) ने कहा: “अगर तेज प्रताप एनडीए में आते हैं तो उनका स्वागत है।” पूर्व सांसद राम कृपाल यादव ने भी हल्के अंदाज में कहा कि वे तेज प्रताप के भोज में जाएंगे।
तेज प्रताप की NDA से बढ़ती नजदीकी क्यों?
तेज प्रताप यादव ने RJD से अलग होकर जनशक्ति जनता दल बनाई और 2025 बिहार विधानसभा चुनाव में महुआ सीट से लड़े, लेकिन हार गए।
परिवार (लालू, राबड़ी, तेजस्वी) से दूरी के बाद वे अपनी अलग राजनीतिक पहचान बनाने में जुटे हैं। मकर संक्रांति पर दही-चूड़ा भोज लालू की पुरानी परंपरा है, जिसे तेज प्रताप अब आगे बढ़ा रहे हैं।
उन्होंने CM नीतीश कुमार, डिप्टी CM सम्राट चौधरी, विजय सिन्हा, राज्यपाल और यहां तक कि छोटे भाई तेजस्वी यादव को भी न्योता दिया है। यह सभी को एक मंच पर लाने की कोशिश लगती है।
पहले भी तेज प्रताप ने NDA नेताओं से मुलाकातें कीं, जैसे दीपक प्रकाश और अन्य मंत्रियों से। सोशल मीडिया पर वीडियो वायरल हुए, जहां वे फोन नंबर एक्सचेंज करते दिखे।
NDA में शामिल होंगे तेज प्रताप?
अभी कोई आधिकारिक घोषणा नहीं, लेकिन अटकलें तेज हैं। NDA नेता उनका स्वागत करने को तैयार दिख रहे हैं, खासकर यादव वोट बैंक को मजबूत करने के लिए।
तेज प्रताप का कहना है कि यह सिर्फ त्योहार का आयोजन है, लेकिन राजनीतिक विश्लेषक इसे “नई खिचड़ी” बता रहे हैं। बुधवार के उनके भोज में कौन-कौन शामिल होता है, यह बड़ा संकेत देगा।
अगर तेज प्रताप NDA में जाते हैं, तो बिहार की सियासत में बड़ा उलटफेर हो सकता है, खासकर RJD और महागठबंधन के लिए।
बिहार में मकर संक्रांति सिर्फ त्योहार नहीं, राजनीति का मौसम बन गया है। तेज प्रताप के अगले कदम पर सबकी नजरें टिकी हैं। क्या NDA में नया चेहरा जुड़ेगा? अपडेट्स के लिए नजर रखें!
