विनय त्यागी ‘मर्डर’ पर बहन का सनसनीखेज खुलासा: 750 करोड़ की चोरी का राज दबाने के लिए रची साजिश?
विनय त्यागी ‘मर्डर’ पर बहन का सनसनीखेज खुलासा: 750 करोड़ की चोरी का राज दबाने के लिए रची साजिश?
ऋषिकेश/हरिद्वार, 27 दिसंबर 2025: पश्चिमी उत्तर प्रदेश के कुख्यात हिस्ट्रीशीटर विनय त्यागी की एम्स ऋषिकेश में इलाज के दौरान मौत हो गई। 24 दिसंबर को हरिद्वार के लक्सर में पुलिस कस्टडी में कोर्ट पेशी के दौरान बाइक सवार बदमाशों ने उन पर ताबड़तोड़ फायरिंग की थी, जिसमें तीन गोलियां लगीं। मौत के बाद उनकी बहन सीमा त्यागी ने सनसनीखेज आरोप लगाए हैं, जिससे मामला 750 करोड़ की रहस्यमयी चोरी से जुड़ गया।
सीमा त्यागी का दावा है कि देहरादून में एक NHAI ठेकेदार (सुभाष त्यागी नाम बताया जा रहा) की करीब 750 करोड़ रुपये की बेनामी संपत्ति—नकदी, सोना-चांदी, ज्वैलरी और प्रॉपर्टी दस्तावेज—छिपाई गई थी। यह माल ठेकेदार ने ED की रेड से बचाने के लिए देहरादून के एक डॉक्टर के घर रखा था। विनय त्यागी को इसकी भनक लगी और पुरानी रंजिश के चलते उन्होंने यह चोरी कर ली। बहन का आरोप है कि ठेकेदार ने ही विनय को मारने के लिए शूटर्स हायर किए, ताकि ED या अन्य एजेंसियों के सामने बड़े खुलासे न हो सकें।
विनय त्यागी पर यूपी-उत्तराखंड में 57-60 से ज्यादा मुकदमे दर्ज थे—हत्या, डकैती, अपहरण, रंगदारी आदि। वे सुनील राठी गैंग से जुड़े बताए जाते थे। हमले के बाद पुलिस ने दोनों शूटर्स (सनी यादव उर्फ शेरा और अजय कुमार) को गिरफ्तार कर लिया, जो पहले विनय के साथ काम करते थे। तीन पुलिसकर्मी निलंबित हुए, जबकि कुछ को सम्मानित किया गया।
परिवार ने पुलिस कस्टडी में सुरक्षा न देने का आरोप लगाया, कहा कि विनय को जान का खतरा था। अखिलेश यादव ने इसे ‘पूर्वनियोजित पटकथा’ बताया। क्या यह गैंगवार है या 750 करोड़ की काली कमाई का राज दबाने की साजिश? जांच में ED की एंट्री की मांग उठ रही है। मामला अब और उलझ गया है—पोस्टमार्टम के बाद शव परिवार को सौंपा जाएगा। दुनिया की नजरें इस मिस्ट्री पर टिकी हैं।
