काला धागा पहनते हैं? ज्योतिषियों की चेतावनी: इन 5 राशियों-ग्रहों वाले लोगों के लिए हो सकता है बेहद अशुभ
काला धागा पहनते हैं? ज्योतिषियों की चेतावनी: इन 5 राशियों-ग्रहों वाले लोगों के लिए हो सकता है बेहद अशुभ
नई दिल्ली। भारत में काला धागा बांधना बुरी नजर, शनि दोष या कालसर्प दोष से बचने का सबसे प्रचलित उपाय माना जाता है। लोग इसे पैर, कमर, गले या दाहिने हाथ में बांधते हैं। लेकिन ज्योतिष शास्त्र के अनुसार, हर व्यक्ति के लिए यह शुभ नहीं होता। कुछ राशियों और ग्रहों की स्थिति में काला धागा पहनने से उल्टा नुकसान हो सकता है – मानसिक तनाव, आर्थिक हानि, स्वास्थ्य समस्याएं और भाग्य में बाधा तक आ सकती है। पंडित मनोज तिवारी और ज्योतिषाचार्य डॉ. अरुणेश पांडेय ने बताया कि इन 5 स्थितियों में काला धागा भारी पड़ सकता है:
1. मेष, सिंह और धनु राशि वाले (अग्नि तत्व)
ये तीनों राशियां अग्नि तत्व की हैं और इनका स्वामी मंगल व सूर्य है। काला रंग शनि और राहु का है, जो अग्नि को दबाता है। इन राशियों के लोग अगर बिना जाँच के काला धागा बांधते हैं, तो आत्मविश्वास कम हो सकता है, क्रोध बढ़ सकता है और कार्यों में रुकावट आती है। विशेषकर मेष राशि वालों को तो बिल्कुल नहीं बांधना चाहिए।
2. जिनकी कुंडली में सूर्य या गुरु बलवान हो
अगर जन्मकुंडली में सूर्य उच्च का हो या गुरु मजबूत स्थिति में हो, तो काला रंग इन ग्रहों को कमजोर करता है। इससे नौकरी-व्यवसाय में बाधा, पिता से संबंध खराब और ज्ञान-विवेक में कमी आ सकती है। ऐसे लोग लाल या पीला धागा ही पहनें।
3. कन्या और मिथुन राशि (बुध प्रधान)
बुध ग्रह हरे रंग का कारक है। काला रंग बुध को कमजोर करता है। कन्या-मिथुन राशि वालों को अगर व्यापार, पढ़ाई या कम्युनिकेशन में दिक्कत आ रही है और वे काला धागा पहनते हैं, तो समस्या और बढ़ सकती है। इनके लिए हरा धागा या पन्ना ज्यादा फायदेमंद है।
4. शुक्र प्रधान तुला और वृषभ राशि
शुक्र सफेद और चमकीले रंगों का स्वामी है। काला रंग शुक्र को ग्रहण लगाता है। इन राशियों के लोग अगर वैवाहिक जीवन या सुख-सुविधाओं में परेशानी महसूस कर रहे हैं, तो काला धागा हटा देना चाहिए। इनके लिए सफेद या गुलाबी धागा शुभ है।
5. जिनकी कुंडली में पहले से शनि-राहु मजबूत हो
अगर किसी की कुंडली में शनि पहले से उच्च का या राहु-केतु प्रबल हैं, तो और काला धागा बांधने से नकारात्मक ऊर्जा बढ़ जाती है। ऐसे लोग डिप्रेशन, अनिद्रा और रहस्यमयी बीमारियों का शिकार हो सकते हैं।
क्या करें अगर पहले से बांध रखा है?
ज्योतिषियों के अनुसार, अगर आपको ऊपर बताई किसी भी स्थिति में आते हैं तो तुरंत काला धागा हटा दें। उसे बहते पानी में प्रवाहित करें या हनुमान मंदिर में चढ़ा दें। इसके बाद अपनी राशि के अनुसार लाल, पीला, हरा या सफेद धागा 7 या 11 गांठ लगाकर बांधें। शनिवार को सुबह स्नान कर शनि मंत्र “ॐ शं शनैश्चराय नमः” 11 बार जपने के बाद ही नया धागा बांधें।
याद रखें – काला धागा हर किसी के लिए रामबाण नहीं है। बिना कुंडली दिखाए
