राजनीति

बुलडोजर एक्शन शुरू, एंटी रोमियो स्क्वाड तैयार: बिहार में 400 माफिया और 1300 क्रिमिनल्स की संपत्ति पर कब्जा, नीतीश सरकार का ‘योगी मॉडल’

बुलडोजर एक्शन शुरू, एंटी रोमियो स्क्वाड तैयार: बिहार में 400 माफिया और 1300 क्रिमिनल्स की संपत्ति पर कब्जा, नीतीश सरकार का ‘योगी मॉडल’

बिहार में कानून-व्यवस्था को पुख्ता करने के लिए नीतीश कुमार सरकार ने बड़ा दांव खेला है। उपमुख्यमंत्री सम्राट चौधरी ने गृह विभाग संभालते ही ‘योगी मॉडल’ अपनाते हुए बुलडोजर एक्शन की घोषणा की। पहले चरण में 400 कुख्यात माफिया गैंग्स की संपत्तियों पर नजर, जबकि दूसरे चरण में 1300 से अधिक अपराधियों की जमीन-जायदाद जब्त करने की तैयारी। साथ ही, महिलाओं व छात्राओं की सुरक्षा के लिए एंटी रोमियो स्क्वाड तैनात किया जाएगा। डीजीपी विनय कुमार ने कहा, “यह जीरो टॉलरेंस पॉलिसी है। अपराधी अब नहीं बचेंगे।”

सम्राट चौधरी ने मंगलवार को पदभार ग्रहण करते ही कहा, “बुलडोजर तैयार है। 400 माफिया गैंग्स की लिस्ट बनी है, कोर्ट के आदेश पर उनकी संपत्तियां जब्त होंगी। लैंड माफिया, बालू माफिया और अन्य अपराधियों पर सख्ती बरती जाएगी।” पहले चरण में पुलिस ने 400 अपराधियों का पूरा डोजियर तैयार कर कोर्ट में पेश किया है, जहां संपत्ति जब्ती की फाइलें विचाराधीन हैं। डीजीपी ने बताया कि दूसरे चरण में 1200-1300 और नाम शामिल हैं, जिनकी प्रॉपर्टी पर जल्द बुलडोजर चलेगा। यह कार्रवाई उत्तर प्रदेश के ‘बुलडोजर जस्टिस’ से प्रेरित है, जहां अपराधियों की अवैध संपत्तियां ध्वस्त की जाती हैं। बिहार में हाल के दिनों में अपराधों की बढ़ती घटनाओं—जैसे सिवान में 1 करोड़ की ज्वेलरी लूट—ने सरकार को यह कदम उठाने पर मजबूर किया।

महिलाओं की सुरक्षा पर खास फोकस: चौधरी ने एंटी रोमियो स्क्वाड गठन का ऐलान किया। “स्कूल-कॉलेजों के आसपास रोमियो तत्वों पर नजर रखी जाएगी। पिंक पेट्रोल वैन और सोशल मीडिया मॉनिटरिंग होगी। ईव टीजिंग पर जीरो टॉलरेंस,” उन्होंने कहा। यह स्क्वाड यूपी के एंटी रोमियो मॉडल पर आधारित होगा, जहां विशेष दस्ते लड़कियों की सुरक्षा सुनिश्चित करते हैं। चौधरी ने जोर दिया कि भाजपा के नेतृत्व में पहली बार बिहार में गृह विभाग स्वतंत्र रूप से काम करेगा, जो 50 सालों का रिकॉर्ड है।

विपक्ष ने इसकी आलोचना की। आरजेडी नेता तेजस्वी यादव ने कहा, “यह सिर्फ शोबाजी है। असली सुधार कहां?” पूर्व डीजीपी अभयानंद ने चेतावनी दी कि आईपीएस अधिकारियों के ट्रांसफर पर सीएम की मंजूरी जरूरी है। लेकिन सरकार का दावा है कि यह कदम अपराध दर 20% तक घटाएगा। पुलिस ने साइबर क्राइम यूनिट को भी अलर्ट किया है।

यह अभियान बिहार की 19वीं विधानसभा सत्र (1-5 दिसंबर) से पहले शुरू हो रहा है, जहां नए विधायकों की शपथ होगी। विशेषज्ञों का मानना है कि ‘योगी मॉडल’ बिहार में सफल होगा, अगर पारदर्शी तरीके से लागू हो। क्या अपराधी अब डरेंगे? आने वाले दिनों में साफ होगा।

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