कैलिफोर्निया में 17,000 विदेशी ट्रक ड्राइवरों के लाइसेंस रद्द: भारतीय चालकों पर पड़ेगा सबसे ज्यादा असर, ट्रंप प्रशासन का दबाव
कैलिफोर्निया में 17,000 विदेशी ट्रक ड्राइवरों के लाइसेंस रद्द: भारतीय चालकों पर पड़ेगा सबसे ज्यादा असर, ट्रंप प्रशासन का दबाव
कैलिफोर्निया प्रशासन ने लगभग 17,000 विदेशी ट्रक ड्राइवरों के कमर्शियल ड्राइविंग लाइसेंस (CDL) रद्द करने की प्रक्रिया शुरू कर दी है। यह कदम ट्रंप प्रशासन के दबाव और हालिया घातक दुर्घटनाओं के बाद उठाया गया है, जिसमें बड़ी संख्या में भारतीय और भारतीय मूल के चालक प्रभावित हो सकते हैं। राज्य के ट्रकिंग उद्योग में विदेशी श्रमिकों की अहम भूमिका को देखते हुए यह फैसला आपूर्ति श्रृंखला पर भारी पड़ सकता है।
राज्य परिवहन विभाग (DMV) ने पुष्टि की है कि ये लाइसेंस इसलिए अमान्य हो रहे हैं क्योंकि इनकी वैधता अवधि चालकों की अमेरिका में वैध रहने की अनुमति (वीजा) से अधिक थी। गवर्नर गेविन न्यूजॉम ने कहा, “यह सुरक्षा सुनिश्चित करने का कदम है, न कि इमिग्रेशन का मुद्दा।” हालांकि, ट्रंप प्रशासन इसे अवैध इमिग्रेंट्स को लाइसेंस देने की ‘गलती’ बता रहा है।
क्यों सख्त कदम? दुर्घटनाओं और विसंगतियों का दबाव
हाल के महीनों में कैलिफोर्निया में कई घातक सड़क हादसे हुए, जिनमें अवैध विदेशी ट्रक ड्राइवरों की भूमिका सामने आई। अक्टूबर 2025 में सैन बर्नार्डिनो काउंटी में एक भारतीय मूल के अवैध चालक जशंप्रीत सिंह से जुड़े हादसे में तीन लोगों की मौत हो गई। इसी तरह टेक्सास और अलबामा में भी ऐसी घटनाएं दर्ज की गईं। जांच में पाया गया कि कई लाइसेंस वीजा एक्सपायरी के बाद भी वैध दिखाए गए, जो सुरक्षा के लिए खतरा था।
ट्रांसपोर्टेशन सेक्रेटरी सीन डफी ने कहा, “कैलिफोर्निया ने गलतियां कीं, अब 17,000 अवैध लाइसेंस रद्द हो रहे हैं।” राज्य ने फेडरल जांच के बाद यह समीक्षा शुरू की।
भारतीय चालक सबसे ज्यादा क्यों प्रभावित?
राज्य ने स्पष्ट रूप से देशों का नाम नहीं लिया, लेकिन विशेषज्ञों का अनुमान है कि भारतीय और सिख समुदाय के चालक सबसे ज्यादा (करीब 70%) प्रभावित होंगे। लॉस एंजिल्स टाइम्स की 2019 की रिपोर्ट के अनुसार, पिछले दशक में भारत से आए सिख ड्राइवरों ने अमेरिकी ट्रकिंग की 15% कमी पूरी की थी। ये चालक मुख्य रूप से H-1B या अन्य वीजा पर आते थे, लेकिन ओवरस्टे के कारण लाइसेंस विसंगति हुई। यह फैसला ट्रकिंग कंपनियों के लिए संकट पैदा कर सकता है, जहां पहले से ही 80,000 ड्राइवरों की कमी है।
गवर्नर न्यूजॉम का बयान: सुरक्षा पहले
गेविन न्यूजॉम ने कहा, “हम इमिग्रेशन पर बहस नहीं कर रहे, बल्कि नियमों का पालन सुनिश्चित कर रहे हैं। लाइसेंस वैधता वीजा से मेल नहीं खाती थी, इसलिए रद्दीकरण जरूरी है।” AP की रिपोर्ट में DMV ने पुष्टि की कि यह ‘नियमों का स्पष्ट उल्लंघन’ था। न्यूजॉम ने ट्रंप प्रशासन के दबाव को ‘राजनीतिक’ बताया, लेकिन फंडिंग कटौती से बचने के लिए कार्रवाई तेज की।
अंग्रेजी दक्षता और फंडिंग विवाद
2025 में 7,000 अमेरिकी ट्रक चालकों को अंग्रेजी प्रवीणता टेस्ट में फेल होने पर सेवा से हटाया गया।
इसके बाद ट्रंप प्रशासन ने कैलिफोर्निया की 40 मिलियन डॉलर फंडिंग रोक दी, आरोप लगाते हुए कि राज्य भाषा नियम लागू नहीं कर रहा।
डफी ने चेतावनी दी कि अवैध लाइसेंस न रद्द करने पर 160 मिलियन डॉलर की वसूली होगी। कैलिफोर्निया ने इसे ‘अनुचित दबाव’ बताया, लेकिन अनुपालन कर रहा है।
नए वीजा नियमों से और चुनौतियां
सितंबर 2025 से लागू नए नियमों के तहत केवल तीन वीजा प्रकार—H-2A (कृषि श्रमिक), H-2B (गैर-कृषि श्रमिक) और E-2 (व्यवसाय निवेशक)—के धारक ही CDL के पात्र हैं। इससे पहले H-1B जैसे वीजा पर निर्भर भारतीय चालकों की राह मुश्किल हो गई। ट्रंप प्रशासन का यह कदम इमिग्रेशन सुधार का हिस्सा है, जो डेमोक्रेटिक राज्य कैलिफोर्निया से टकराव बढ़ा रहा है।
यह फैसला न केवल चालकों के लिए नौकरी का संकट है, बल्कि ट्रकिंग उद्योग के लिए भी। विशेषज्ञों का कहना है कि इससे माल ढुलाई लागत बढ़ेगी और आपूर्ति श्रृंखला प्रभावित होगी। भारतीय दूतावास ने प्रभावित नागरिकों को सहायता का आश्वासन दिया है।
