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मोकामा हत्याकांड: अनंत सिंह 14 दिनों की न्यायिक हिरासत में, दुलारचंद यादव की हत्या में मुख्य आरोपी के रूप में गिरफ्तार

मोकामा हत्याकांड: अनंत सिंह 14 दिनों की न्यायिक हिरासत में, दुलारचंद यादव की हत्या में मुख्य आरोपी के रूप में गिरफ्तार

बिहार चुनाव 2025 से ठीक पहले मोकामा क्षेत्र में राजनीतिक तनाव को नई ऊंचाई दे रही है। 2 नवंबर 2025 को पटना सिविल कोर्ट (CJM कोर्ट) ने पूर्व विधायक और JD(U) प्रत्याशी अनंत सिंह को दुलारचंद यादव हत्याकांड में 14 दिनों की न्यायिक हिरासत में भेज दिया। अनंत सिंह को 1 नवंबर की रात बाढ़ के कारगिल मार्केट से गिरफ्तार किया गया था, और पुलिस ने उन्हें मुख्य आरोपी बताते हुए IPC की धारा 302 (हत्या), 307 (हत्या का प्रयास) और आर्म्स एक्ट के तहत नामजद किया। पटना SSP कार्तिकेय शर्मा ने बताया कि कोर्ट में पेशी के दौरान पुलिस को 3 दिनों की रिमांड मिली थी, लेकिन जज ने सीधे न्यायिक हिरासत का आदेश दिया। अनंत सिंह को बेउर जेल भेजा गया है, और पुलिस आगे की पूछताछ जारी रखेगी।

हत्याकांड का पूरा विवरण: प्रचार के बीच गोलीबारी

घटना: 30 अक्टूबर 2025 को मोकामा विधानसभा क्षेत्र के तारताड़ (टाल) गांव में जन सुराज पार्टी प्रत्याशी पीयूष प्रियदर्शी के समर्थन में प्रचार कर रहे दुलारचंद यादव (55 वर्ष, पूर्व RJD नेता और लालू प्रसाद के करीबी) पर हमला हुआ। दो प्रतिद्वंद्वी गुटों के बीच झड़प में पैर में गोली लगी, लेकिन पोस्टमॉर्टम रिपोर्ट से खुलासा हुआ कि मौत फेफड़े फटने, कई पसलियां टूटने और आंतरिक रक्तस्राव से हुई। आरोप है कि अनंत सिंह के काफिले ने दुलारचंद को रोका, उनके भतीजों ने पकड़कर पेश किया, और अनंत ने खुद गोली चलाई। इसके बाद उन्हें गाड़ी से कुचल दिया गया। मौत रास्ते में हो गई।

FIR और सबूत: दुलारचंद के पोते ने अनंत सिंह समेत 5 लोगों (मणिकांत ठाकुर, रंजीत राम आदि) के खिलाफ नामजद FIR दर्ज कराई। पुलिस ने CCTV फुटेज, गवाह बयान (10+), फॉरेंसिक सैंपल और मोबाइल डेटा से सबूत इकट्ठा किए। SSP ने कहा, “अनंत सिंह फरार थे, लेकिन तकनीकी निगरानी से लोकेशन ट्रैक की गई।”

गिरफ्तारी और कार्रवाई का क्रम

1 नवंबर: पटना ग्रामीण SSP की टीम ने बाढ़ में सरप्राइज गिरफ्तारी की। अनंत के वाहन की तलाशी ली गई, मोबाइल जब्त। पहले ही 2 गिरफ्तारियां (कर्मवीर सिंह, राजवीर सिंह—अनंत के कथित करीबी) हो चुकी थीं। 35+ संदिग्ध हिरासत में।

2 नवंबर: कोर्ट में पेशी, 14 दिन न्यायिक हिरासत। ECI ने पहले ही SP समेत 4 अफसरों का तबादला और 1 को सस्पेंड किया था।

DGP का बयान: DGP विनय कुमार ने कहा, “देरी जांच के लिए जरूरी थी—सबूत नष्ट न हों, इसलिए समय लिया। राजनीतिक दबाव का कोई मामला नहीं।”

राजनीतिक प्रभाव: JD(U) को बड़ा झटका

NDA: अनंत सिंह मोकामा से JD(U) प्रत्याशी थे। CM नीतीश कुमार ने चुप्पी साधी, लेकिन पार्टी ने कहा, “कानूनी प्रक्रिया चलेगी, निर्दोष साबित होंगे।” BJP ने इसे “निष्पक्ष कार्रवाई” बताया।

विपक्ष: जन सुराज प्रमुख प्रशांत किशोर ने कहा, “सुनियोजित हत्या का खुलासा हुआ, न्याय होगा।” RJD के तेजस्वी यादव ने न्यायिक जांच की मांग की। पप्पू यादव ने अनंत पर “गुंडा राज” का आरोप लगाया।

चुनावी असर: मोकामा में 6 नवंबर को पहले चरण का वोटिंग। अनंत की अनुपस्थिति से JD(U) को नुकसान, EC ने अतिरिक्त फोर्स तैनात की।

यह मामला बिहार चुनाव को और गरमा रहा है, जहां कानून-व्यवस्था मुद्दा बन गया है। पुलिस ने चार्जशीट दाखिल करने का वादा किया है।

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