इगास पर्व पर आपदा प्रभावितों के बीच पहुंचे सीएम धामी: रुद्रप्रयाग में ग्रामीणों के साथ सादगी से किया भोजन, दिया ढाढस
इगास पर्व पर आपदा प्रभावितों के बीच पहुंचे सीएम धामी: रुद्रप्रयाग में ग्रामीणों के साथ सादगी से किया भोजन, दिया ढाढस
रुद्रप्रयाग जिले में मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी आपदा प्रभावित परिवारों के बीच पहुंचे, जहां उन्होंने ग्रामीणों के साथ पारंपरिक भोजन किया और उनका कुशलक्षेम जाना। यह दौरा हाल की प्राकृतिक आपदाओं (जैसे अगस्त-सितंबर 2025 की बाढ़-भूस्खलन) से प्रभावित क्षेत्रों के लिए सरकार की संवेदनशीलता का प्रतीक है, जहां सीएम ने माताओं-बहनों को आशीर्वाद लेकर नई ऊर्जा का संचार किया।
दौरे की झलक: सादगी और संवेदना का संगम
कार्यक्रम: सीएम धामी ने रुद्रप्रयाग के आपदा प्रभावित गांवों का दौरा किया, जहां भारी बारिश और भूस्खलन से सैकड़ों परिवार बेघर हो गए थे। उन्होंने परिवारों के साथ बैठकर स्थानीय व्यंजन (मंडुए की रोटी, आलू की सब्जी) ग्रहण किया, जो इगास की परंपरा के अनुरूप था। ग्रामीणों ने उन्हें पारंपरिक शुभकामनाएं दीं, और सीएम ने कहा, “एक बेटे के रूप में माताओं से मिला आशीर्वाद और बहनों के विश्वास ने मुझे नई ऊर्जा दी।”
निर्देश: सीएम ने जिला प्रशासन को राहत राशि, पुनर्निर्माण और स्वास्थ्य सुविधाओं को तुरंत उपलब्ध कराने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि सरकार हर प्रभावित परिवार के साथ खड़ी है, और इगास की तरह सुख-समृद्धि का संकल्प लिया।
ग्रामीणों की प्रतिक्रिया: प्रभावितों ने सीएम के इस gesture को यादगार बताया। एक ग्रामीण ने कहा, “मुख्यमंत्री का घर-घर पहुंचना हमारे दर्द को कम करता है।”
इगास का महत्व: लोक संस्कृति का उत्सव
इगास, दीपावली के 11 दिन बाद मनाया जाने वाला कुमाऊंनी पर्व, फसल कटाई और परिवारिक एकता का प्रतीक है। इसमें भैलो पूजन, सुंदरकांड पाठ और पारंपरिक नृत्य-भोजन शामिल हैं। सीएम धामी ने पहले ही प्रदेशवासियों को शुभकामनाएं दीं और लोक परंपराओं को मजबूत रखने का आह्वान किया। सरकार ने इस पर्व पर सार्वजनिक अवकाश घोषित कर जड़ों से जुड़ाव को बढ़ावा दिया।
यह दौरा न केवल आपदा राहत का हिस्सा है, बल्कि उत्तराखंड की सांस्कृतिक धरोहर को मजबूत करने वाला।
