राष्ट्रीय

दीपोत्सव 2025: ‘दिव्य अयोध्या’ ऐप से जला सकेंगे दीया, तीर्थ विकास परिषद ने शुरू की नई डिजिटल पहल – विश्वभर के भक्त जुड़ सकेंगे ‘एक दीया राम के नाम’ से

दीपोत्सव 2025: ‘दिव्य अयोध्या’ ऐप से जला सकेंगे दीया, तीर्थ विकास परिषद ने शुरू की नई डिजिटल पहल – विश्वभर के भक्त जुड़ सकेंगे ‘एक दीया राम के नाम’ से

भगवान राम की नगरी अयोध्या में नौवें दीपोत्सव का आयोजन 19 अक्टूबर को होने वाला है, जो इस बार भव्यता और तकनीक का अनोखा संगम होगा। उत्तर प्रदेश सरकार के तत्वावधान में अयोध्या जी तीर्थ विकास परिषद ने ‘दिव्य अयोध्या’ मोबाइल ऐप के जरिए एक अनूठी डिजिटल पहल शुरू की है। इस ऐप से विश्वभर के रामभक्त घर बैठे वर्चुअल दीया जला सकेंगे और भगवान राम को अपनी प्रार्थनाएं अर्पित कर सकेंगे। यह पहल ‘एक दीया राम के नाम’ अभियान का हिस्सा है, जो दीपोत्सव को समावेशी और भावनात्मक रूप से एकजुट करने वाली बनाएगी।

‘दिव्य अयोध्या’ ऐप: डिजिटल भक्ति का नया द्वार

– मुख्य फीचर्स: ऐप के माध्यम से भक्त ऑनलाइन दीया प्रज्ज्वलन कर सकेंगे, प्रार्थना भेज सकेंगे और अयोध्या की संस्कृति-इतिहास की जानकारी प्राप्त कर सकेंगे। यह सुविधा उन लोगों के लिए खास है जो व्यक्तिगत रूप से अयोध्या नहीं पहुंच पा रहे।

– पंजीकरण प्रक्रिया: भक्त www.divyaayodhya.com/bookdiyaprasha पर जाकर या ऐप डाउनलोड करके आसानी से रजिस्टर कर सकेंगे। पंजीकरण के बाद वे दान भी दे सकेंगे, जिससे प्रसाद प्राप्ति का विकल्प भी खुलेगा।

– उद्देश्य: अयोध्या जी तीर्थ विकास परिषद के सीईओ जयेंद्र कुमार ने बताया, “यह पहल दीपोत्सव को वैश्विक स्तर पर ले जाएगी। चाहे कोई कहीं भी हो, वे अयोध्या से आध्यात्मिक रूप से जुड़ सकेंगे।” ऐप दीपोत्सव मेले के प्रचार-प्रसार के लिए भी इस्तेमाल होगा।

दीपोत्सव 2025 का भव्य स्वरूप: विश्व रिकॉर्ड की तैयारी

– दीयों की संख्या: सरयू नदी के 56 घाटों पर 26 लाख से अधिक दीये जलाए जाएंगे (कुछ रिपोर्ट्स में 28-29 लाख का लक्ष्य), जो गिनीज वर्ल्ड रिकॉर्ड तोड़ेगा। इसके लिए 65,000 लीटर सरसों का तेल, 66 लाख रुई की बत्तियां और लाखों दीये तैयार किए जा रहे हैं।

– मुख्य आकर्षण: 1,000 से अधिक ‘मेड इन इंडिया’ ड्रोनों से राम, लक्ष्मण और हनुमान की जीवंत छवियां आकाश में दिखेंगी। 2,100 भक्त सामूहिक महाआरती में शामिल होंगे, जिससे दो नए विश्व रिकॉर्ड बनेंगे।

– सुरक्षा और व्यवस्था: मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ और राज्यपाल के कार्यक्रमों के लिए कड़े इंतजाम। समन्वय, सुरक्षा, स्वच्छता जैसी 10 से अधिक समितियां गठित। राम जन्मभूमि, हनुमानगढ़ी पर विशेष ड्यूटी।

– सांस्कृतिक महत्व: यह आयोजन रामराज्य के आदर्शों को जीवंत करेगा। बिहार के मुस्लिम कारीगर 6 विशाल डेकोरेटिव दीपक बना रहे हैं, जो पर्यटकों का केंद्र होंगे।

भाग लेने के टिप्स

– ऐप डाउनलोड: Google Play Store या App Store से ‘दिव्य अयोध्या’ सर्च करें।

– लाइव स्ट्रीमिंग: दीपोत्सव की लाइव कवरेज ऐप और यूपी टूरिज्म चैनलों पर उपलब्ध।

– यात्रा सलाह: अयोध्या पहुंचने वालों के लिए यातायात और पार्किंग की पुख्ता व्यवस्था।

यह दीपोत्सव न केवल रोशनी का त्योहार है, बल्कि एकता और भक्ति का प्रतीक बनेगा।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *