भारत 2028 तक तीसरी सबसे बड़ी अर्थव्यवस्था बनेगा: UK PM कीर स्टार्मर ने भारत यात्रा से पहले की घोषणा
भारत 2028 तक तीसरी सबसे बड़ी अर्थव्यवस्था बनेगा: UK PM कीर स्टार्मर ने भारत यात्रा से पहले की घोषणा
ब्रिटिश प्रधानमंत्री कीर स्टार्मर ने अपनी पहली भारत यात्रा से पहले भारत की आर्थिक प्रगति की तारीफ की है। उन्होंने कहा कि भारत 2028 तक दुनिया की तीसरी सबसे बड़ी अर्थव्यवस्था बन जाएगा। स्टार्मर मंगलवार को मुंबई पहुंचे, जहां वे प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी से द्विपक्षीय वार्ता करेंगे। यह बयान जुलाई में हस्ताक्षरित UK-India व्यापार समझौते को “विकास का लॉन्चपैड” बताते हुए आया है, जो ब्रिटिश व्यवसायों के लिए नई संभावनाएं खोलेगा।
स्टार्मर का बयान और यात्रा का उद्देश्य
स्टार्मर ने कहा, “हमने जुलाई में भारत के साथ एक प्रमुख व्यापार समझौता किया – जो किसी भी देश द्वारा हासिल किया गया सबसे अच्छा सौदा है – लेकिन कहानी यहीं खत्म नहीं होती। यह सिर्फ एक कागज का टुकड़ा नहीं है, बल्कि विकास का लॉन्चपैड है। भारत के 2028 तक दुनिया की तीसरी सबसे बड़ी अर्थव्यवस्था बनने के साथ, और व्यापार तेज और सस्ता होने से, जो अवसर इंतजार कर रहे हैं, वे बेजोड़ हैं।”
यह यात्रा स्टार्मर की पहली बड़ी व्यापारिक मिशन है, जिसमें 125 ब्रिटिश CEOs, यूनिवर्सिटी लीडर्स और सांस्कृतिक प्रतिनिधि शामिल हैं। एयरबस, ब्रिटिश एयरवेज, रोल्स-रॉयस, बीटी और बैरोज जैसे प्रमुख ब्रिटिश ब्रांड्स के प्रतिनिधि साथ हैं। यात्रा का मुख्य फोकस जुलाई में चेकर्स हाउस में हस्ताक्षरित UK-India व्यापार समझौते को लागू करना है, जो ब्रिटिश सामानों पर टैरिफ को औसतन 15% से घटाकर 3% कर देगा। इससे द्विपक्षीय व्यापार में £4.8 बिलियन (करीब 52,000 करोड़ रुपये) का इजाफा होने का अनुमान है।
स्टार्मर बुधवार को मुंबई में मोदी से मिलेंगे और ‘विजन 2035’ के तहत रणनीतिक साझेदारी की समीक्षा करेंगे। एजेंडा में एडवांस्ड मैन्युफैक्चरिंग, ग्रीन फाइनेंस, डिजिटल इनोवेशन और स्किल्ड प्रोफेशनल्स की मोबिलिटी शामिल है।
भारत की आर्थिक प्रगति: चौथे से तीसरे स्थान पर
वर्तमान में भारत दुनिया की चौथी सबसे बड़ी अर्थव्यवस्था है, जिसका GDP करीब 3.9 ट्रिलियन डॉलर है। IMF और वर्ल्ड बैंक के अनुमानों के मुताबिक, 7-8% की वार्षिक वृद्धि दर से भारत 2028 तक जापान को पीछे छोड़कर तीसरा स्थान हासिल कर लेगा। स्टार्मर का बयान भारत की तेजी से बढ़ती अर्थव्यवस्था को रेखांकित करता है, जो ब्रेक्सिट के बाद UK के लिए महत्वपूर्ण साझेदार है।
फेडरेशन ऑफ इंडियन चैंबर्स ऑफ कॉमर्स एंड इंडस्ट्री (FICCI) की डायरेक्टर जनरल ज्योति विज ने कहा, “यह यात्रा CETA (कॉम्प्रिहेंसिव इकोनॉमिक एंड ट्रेड एग्रीमेंट) को ठोस व्यावसायिक परिणामों में बदलने का निर्णायक मौका है। यह उन्नत विनिर्माण, हरित वित्त और डिजिटल नवाचार में नई संभावनाएं खोलेगा।”
अन्य मुद्दे: वीजा और मानवाधिकार
यात्रा के दौरान स्टार्मर ने भारतीय हाई-स्किल्ड वर्कर्स के लिए UK वीजा बढ़ाने की मांग को खारिज कर दिया। उन्होंने कहा कि नेट माइग्रेशन कम करने पर फोकस है, लेकिन भारत के साथ रिटर्न एग्रीमेंट मजबूत है। इसके अलावा, ब्रिटिश नागरिक जगतर सिंह जोहल की रिहाई की मांग भी उठी है, जिन्हें 2017 से भारत में हिरासत में रखा गया है। जोहल के भाई गुरप्रीत सिंह ने स्टार्मर से अपील की कि वे इस मुद्दे को उठाएं।
यह यात्रा UK-India संबंधों को नई गति देगी, खासकर व्यापार और निवेश में। स्टार्मर ने कहा, “यह साझेदारी सस्टेनेबिलिटी और साझा समृद्धि को बढ़ावा देगी।”
