सीएम पुष्कर सिंह धामी का व्यस्त दौरा: आदिबद्री में टेका माथा, पर्यावरण मित्रों का मानदेय बढ़ाने का ऐलान और रुद्रप्रयाग पुल-सुरंग परियोजना का निरीक्षण
सीएम पुष्कर सिंह धामी का व्यस्त दौरा: आदिबद्री में टेका माथा, पर्यावरण मित्रों का मानदेय बढ़ाने का ऐलान और रुद्रप्रयाग पुल-सुरंग परियोजना का निरीक्षण
उत्तराखंड के मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने सोमवार को अपने एक दिवसीय दौरे के दौरान चमोली, रुद्रप्रयाग और देहरादून जनपदों में कई महत्वपूर्ण कार्यक्रमों में शिरकत की। गैरसैंण में शुरू होने जा रहे विधानसभा सत्र के लिए जाते समय उन्होंने आदिबद्री में पूजा-अर्चना की, देहरादून में पर्यावरण मित्रों के मानदेय बढ़ाने की घोषणा की, तथा रुद्रप्रयाग में 156 करोड़ रुपये की लागत वाली महत्वाकांक्षी पुल-सुरंग परियोजना का जायजा लिया।
1. गैरसैंण सत्र से पहले आदिबद्री मंदिर में दर्शन और भव्य स्वागत
आदिबद्री धाम में प्रार्थना: विधानसभा सत्र में भाग लेने भराड़ीसैंण (गैरसैंण) जा रहे मुख्यमंत्री धामी ने सोमवार को चमोली जिले के प्रसिद्ध आदिबद्री मंदिर में विधि-विधान से पूजा-अर्चना कर प्रदेश की सुख-समृद्धि और शांति की कामना की।
रास्ते में जन-स्वागत: गौचर, कर्णप्रयाग और खेती सहित विभिन्न स्थानों पर स्थानीय जनप्रतिनिधियों, विधायकों (अनिल नौटियाल, भूपाल राम टम्टा) और जनता ने मुख्यमंत्री का जगह-जगह पुष्प वर्षा कर भव्य स्वागत किया। इस दौरान सीएम ने स्थानीय लोगों से संवाद कर उनका कुशलक्षेम जाना।
2. देहरादून: महर्षि वाल्मीकि प्रकटोत्सव और पर्यावरण मित्रों के मानदेय पर बड़ा ऐलान
नगर निगम देहरादून में आयोजित महर्षि वाल्मीकि प्रकटोत्सव की शोभा यात्रा में शामिल होते हुए मुख्यमंत्री धामी ने एक बड़ी घोषणा की:
पर्यावरण मित्रों का मानदेय बढ़ेगा: मुख्यमंत्री ने घोषणा की कि प्रदेश के विभिन्न विभागों में कार्यरत ‘पर्यावरण मित्रों’ का मानदेय जल्द बढ़ाया जाएगा, जिसके लिए यथाशीघ्र उच्चस्तरीय बैठक आयोजित की जाएगी।
सांस्कृतिक चेतना और सामाजिक समरसता: महर्षि वाल्मीकि के जीवन और रामायण के आदर्शों (सत्य, धर्म, त्याग और समरसता) का स्मरण करते हुए उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में देश सांस्कृतिक विरासत के साथ विकास के नए आयाम स्थापित कर रहा है। उन्होंने अयोध्या में वाल्मीकि जी, निषादराज और माता शबरी को दिए गए स्थान को सामाजिक समरसता का प्रतीक बताया।
कल्याणकारी योजनाएं: सीएम ने राज्य सरकार द्वारा अनुसूचित जाति/जनजाति वर्ग के विद्यार्थियों के लिए चलाई जा रही छात्रवृत्ति, निःशुल्क छात्रावास, अटल आवास योजना और अंतरजातीय विवाह प्रोत्साहन जैसी योजनाओं की जानकारी दी।
3. रुद्रप्रयाग को मिलेगी जाम से मुक्ति: 156 करोड़ की पुल-सुरंग परियोजना का ट्रायल शुरू
रुद्रप्रयाग दौरे के दौरान मुख्यमंत्री ने चारधाम सड़क परियोजना के तहत बनी महत्वपूर्ण पुल-सुरंग परियोजना का निरीक्षण किया:
परियोजना की विशेषता: लगभग 156 करोड़ रुपये की लागत से अलकनंदा नदी पर बने 200 मीटर लंबे पुल और 900.30 मीटर लंबी सुरंग (कुल लंबाई ~1.18 किमी) का कार्य पूरा हो चुका है।
ट्रायल शुरू: इस मार्ग पर सोमवार से ट्रायल के तौर पर आवागमन शुरू कर दिया गया है, जिसका विधिवत लोकार्पण जल्द किया जाएगा।
चारधाम यात्रियों को राहत: इस परियोजना के नियमित संचालन से केदारनाथ (NH-107) और बदरीनाथ (NH-07) राष्ट्रीय राजमार्ग सीधे जुड़ जाएंगे। तीर्थयात्रियों को रुद्रप्रयाग मुख्य बाजार से होकर नहीं गुजरना पड़ेगा, जिससे शहर को भीषण ट्रैफिक जाम से बड़ी राहत मिलेगी। साथ ही, उन्होंने भूस्खलन संभावित क्षेत्रों में चल रहे ढलान सुरक्षा (Slope Protection) कार्यों की भी समीक्षा की।
4. ‘संगम लाइब्रेरी’ की सराहना और मुख्यमंत्री का पुस्तक दान
अभिनव पहल: रुद्रप्रयाग के जिलाधिकारी विशाल मिश्रा की पहल पर शुरू किए गए ‘एक पुस्तक दान करें, ज्ञान का वृक्ष लगाएं’ अभियान के तहत स्थापित ‘संगम लाइब्रेरी’ का मुख्यमंत्री ने अवलोकन किया।
मुख्यमंत्री का योगदान: जनसहभागिता से चल रहे इस अभियान के तहत अब तक 2,500 से अधिक पुस्तकें मिल चुकी हैं। मुख्यमंत्री धामी ने इस सराहनीय पहल में व्यक्तिगत रूप से 150 पुस्तकें दान कर युवाओं और विद्यार्थियों का उत्साहवर्धन किया। उन्होंने कहा कि यह पुस्तकालय प्रतियोगी परीक्षाओं की तैयारी कर रहे युवाओं के लिए मील का पत्थर साबित होगा।

