Monday, September 7, 2026
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इंडोनेशिया: माउंट अनाक क्राकाताऊ में नए विस्फोट के बाद 4 प्रमुख हवाई अड्डों पर उड़ानों का निलंबन बढ़ा; जकार्ता की ओर बढ़ रही राख

इंडोनेशिया: माउंट अनाक क्राकाताऊ में नए विस्फोट के बाद 4 प्रमुख हवाई अड्डों पर उड़ानों का निलंबन बढ़ा; जकार्ता की ओर बढ़ रही राख

​जकार्ता: इंडोनेशिया के जावा और सुमात्रा द्वीपों के बीच सुंडा जलडमरूमध्य में स्थित माउंट अनाक क्राकाताऊ (Anak Krakatoa) ज्वालामुखी में जारी विस्फोटों के बाद स्थिति और गंभीर हो गई है। अधिकारियों ने जकार्ता और आसपास के 4 प्रमुख हवाई अड्डों पर उड़ानों के निलंबन को सोमवार शाम 6 बजे तक बढ़ा दिया है। उपग्रह तस्वीरों से पुष्टि हुई है कि ज्वालामुखी से उठी राख के विशाल गुबार राजधानी जकार्ता की ओर बढ़ रहे हैं।

​सप्ताहांत से शुरू हुई इस प्राकृतिक आपदा के कारण अब तक 1.70 लाख से अधिक यात्री प्रभावित हुए हैं और 1,500 से ज्यादा उड़ानें रद्द या बाधित हुई हैं।

​1. चार प्रमुख हवाई अड्डों पर परिचालन ठप

​’अंगकासा पुरा इंडोनेशिया’ (हवाई अड्डा संचालक) और न्यूज एजेंसी सिन्हुआ के अनुसार, निम्नलिखित प्रमुख हवाई अड्डों पर उड़ान सेवाएं पूरी तरह निलंबित की गई हैं:

​जकार्ता: सोकर्णो-हट्टा अंतरराष्ट्रीय हवाई अड्डा (अकेले यहाँ 964 से अधिक उड़ानें प्रभावित हुई हैं) और हलीम परदानाकुसुमा हवाई अड्डा।

​लाम्पुंग: राडिन इंटेन II हवाई अड्डा।

​बांडुंग: हुसैन सास्त्रानेगारा हवाई अड्डा।

​मौसम विज्ञान, जलवायु विज्ञान और भूभौतिकी एजेंसी (BMKG) ने चेतावनी दी है कि सैटेलाइट तस्वीरों में राख के दो बड़े गुच्छे सीधे जकार्ता की तरफ बढ़ते देखे गए हैं।

​2. आम जनजीवन पर असर और स्वास्थ्य चेतावनियाँ

​स्वास्थ्य एडवाइजरी: जकार्ता और आसपास के प्रभावित इलाकों में नागरिकों को बाहर निकलते समय अनिवार्य रूप से मास्क पहनने के निर्देश दिए गए हैं।

​स्कूल और व्यवसाय प्रभावित: जकार्ता और लाम्पुंग प्रांत में स्वास्थ्य जोखिमों को देखते हुए स्कूलों को ऑनलाइन क्लास चलाने का आदेश दिया गया है। इसके अलावा, तटीय क्षेत्रों में मछली पकड़ने का काम भी ठप पड़ गया है।

​सुरक्षा घेरा: नेशनल एजेंसी फॉर डिजास्टर काउंटरमेजर्स (BNPB) ने लोगों को ज्वालामुखी क्रेटर से कम से कम 2 मील (लगभग 3.2 किमी) दूर रहने की हिदायत दी है।

​3. हाल के महीनों में इंडोनेशिया में अन्य सक्रिय ज्वालामुखी

​प्रशांत महासागर के “रिंग ऑफ फायर” (Ring of Fire) पर स्थित होने के कारण इंडोनेशिया में 120 से अधिक सक्रिय ज्वालामुखी हैं। हाल के महीनों में हुई अन्य प्रमुख घटनाएँ:

​माउंट सेमेरू (पूर्वी जावा): पिछले महीने माउंट सेमेरू में भीषण विस्फोट हुआ, जिससे शिखर से 2,000 मीटर ऊपर तक राख का गुबार उठा और 2 किलोमीटर लंबा पायरोक्लास्टिक प्रवाह (गर्म गैस और राख का बहाव) देखा गया।

​माउंट डुकोनो (उत्तरी मालुकु): मई महीने (8 मई और 17 मई) में हुए विस्फोटों में 10 किलोमीटर तक राख उठी थी, जिसके चलते हादसे में 3 लोगों की मौत हो गई थी।

​अनाक क्राकाताऊ का इतिहास: 1883 में क्राकाताऊ के ऐतिहासिक विस्फोट में 36,000 लोग मारे गए थे। वहीं, 2018 में अनाक क्राकाताऊ के आंशिक रूप से ढहने से आई सुनामी में 400 से अधिक लोगों की जान चली गई थी।

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