पंजाब कांग्रेस में प्रभारी भूपेश बघेल के सामने खुला बगावत का मोर्चा: राजा वड़िंग के भाषण के दौरान चन्नी समर्थकों का हंगामा; लगे ‘पंजाब बचाओ’ के नारे
पंजाब कांग्रेस में प्रभारी भूपेश बघेल के सामने खुला बगावत का मोर्चा: राजा वड़िंग के भाषण के दौरान चन्नी समर्थकों का हंगामा; लगे ‘पंजाब बचाओ’ के नारे
पंजाब कांग्रेस के भीतर चल रही अंदरूनी कलह और गुटबाजी एक बार फिर सार्वजनिक रूप से उजागर हो गई है। आगामी चुनावों से पहले संगठन को एकजुट करने के मकसद से पंजाब दौरे पर पहुंचे नए प्रदेश प्रभारी भूपेश बघेल के सामने ही पार्टी कार्यकर्ताओं ने जमकर बवाल और नारेबाजी की।
1. पटियाला (समाना) की बैठक में क्या हुआ?
भाषण के दौरान हंगामा: पटियाला के समाना में आयोजित एक महत्वपूर्ण संगठनात्मक बैठक में जब पंजाब कांग्रेस अध्यक्ष अमरिंदर सिंह राजा वड़िंग संबोधन के लिए माइक पर पहुंचे, तभी पूर्व मुख्यमंत्री चरणजीत सिंह चन्नी के समर्थक उग्र हो गए।
जोरदार नारेबाजी: चन्नी समर्थकों ने मंच के ठीक सामने “चरनजीत चन्नी जिंदाबाद” और “चन्नी लाओ, पंजाब बचाओ” के नारे लगाने शुरू कर दिए।
भाषण में बाधा: हंगामे और भारी शोर-शराबे के कारण राजा वड़िंग का भाषण बीच में ही दबकर रह गया, जिससे मंच पर मौजूद भूपेश बघेल सहित तमाम वरिष्ठ नेता असहज स्थिति में आ गए।
2. फतेहगढ़ साहिब से शुरू हुई थी रार
पंजाब कांग्रेस का यह विवाद एक दिन पहले ही गहराने लगा था:
अनदेखी के आरोप: शुक्रवार को जब भूपेश बघेल फतेहगढ़ साहिब पहुँचे थे, तब पार्टी के कई वरिष्ठ नेताओं ने आरोप लगाया कि उन्हें जानबूझकर बैठक से बाहर रखा गया और आमंत्रित नहीं किया गया।
पटियाला में असर: फतेहगढ़ साहिब में अनदेखी से असंतुष्ट धड़े के गुस्से का असर अगले ही दिन पटियाला की बैठक में खुले हंगामे के रूप में देखने को मिला।
3. प्रभारी भूपेश बघेल के लिए बड़ी चुनौती
कांग्रेस आलाकमान ने छत्तीसगढ़ के पूर्व मुख्यमंत्री भूपेश बघेल को पंजाब की राजनीतिक जमीन मजबूत करने और गुटबाजी खत्म करने की कमान सौंपी है। हालांकि, दौरे के शुरुआती दो दिनों में ही जिस तरह से राजा वड़िंग और चन्नी के समर्थकों के बीच खींचतान सामने आई है, उससे यह साफ हो गया है कि पंजाब में पार्टी के विभिन्न धड़ों को एक मंच पर लाना आलाकमान के लिए एक बड़ी चुनौती साबित होने वाला है।
