संसद के मानसून सत्र का दूसरा दिन भी हंगामे की भेंट: दोनों सदन दिनभर के लिए स्थगित, विपक्ष ने नीट और सीजेपी प्रदर्शन पर घेरा
संसद के मानसून सत्र का दूसरा दिन भी हंगामे की भेंट: दोनों सदन दिनभर के लिए स्थगित, विपक्ष ने नीट और सीजेपी प्रदर्शन पर घेरा
संसद के मानसून सत्र के दूसरे दिन भी भारी हंगामे और विपक्ष के तीखे विरोध-प्रदर्शन के कारण विधाई कामकाज ठप रहा। विपक्षी दलों ने नीट (NEET) पेपर लीक, CJP प्रदर्शन के दौरान छात्रों पर पुलिस लाठीचार्ज और राम मंदिर में चंदे की कथित चोरी जैसे मुद्दों पर चर्चा की मांग को लेकर दोनों सदनों में जमकर नारेबाजी की।
हंगामे के चलते लोकसभा और राज्यसभा की कार्यवाही पहले दोपहर 12 बजे और फिर 2 बजे तक स्थगित की गई, जिसके बाद अंततः दिनभर के लिए स्थगित कर दी गई। अब दोनों सदनों की बैठक 22 जुलाई को होगी।
दिनभर के घटनाक्रम के प्रमुख बिंदु
सदन की शुरुआत में ही नारेबाजी: सुबह 11 बजे कार्यवाही शुरू होते ही विपक्षी सदस्य अपनी सीटों से खड़े होकर नारेबाजी करने लगे। लोकसभा अध्यक्ष ओम बिरला की शांति की अपीलों का असर न होते देख कार्यवाही बार-बार टालनी पड़ी।
राहुल गांधी का हमला: लोकसभा में नेता प्रतिपक्ष राहुल गांधी ने नीट पेपर लीक मामले को लेकर केंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान के इस्तीफे और प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी से देश के युवाओं से माफी मांगने की मांग दोहराई।
मल्लिकार्जुन खड़गे का माइक बंद करने का आरोप: राज्यसभा में नेता प्रतिपक्ष मल्लिकार्जुन खड़गे ने सरकार पर बड़ा हमला बोलते हुए आरोप लगाया कि जब उन्होंने CJP मार्च पर पुलिस कार्रवाई और दमन का मुद्दा उठाना चाहा, तो उनका माइक बंद कर दिया गया।
खड़गे ने कहा, “60 साल के राजनीतिक जीवन में मैंने ऐसा कभी नहीं देखा। अगर लोकतंत्र में विपक्ष को बोलने नहीं दिया जाएगा तो हम कहां जाएंगे?”
उन्होंने CJP मार्च, पुलिस कार्रवाई और आंतरिक बैठकों के मुद्दों पर सीधे गृह मंत्री से बयान देने की मांग की।
विपक्ष के सख्त रुख के कारण मानसून सत्र के शुरुआती दोनों ही दिनों में संसद में कोई महत्वपूर्ण विधाई कार्य पूरा नहीं हो सका है।
