मुंबई-पुणे एक्सप्रेसवे पर भारी लैंडस्लाइड: खंडाला के पास लगा लंबा जाम, 6695 करोड़ की ‘मिसिंग लिंक’ पर उठे सवाल
मुंबई-पुणे एक्सप्रेसवे पर भारी लैंडस्लाइड: खंडाला के पास लगा लंबा जाम, 6695 करोड़ की ‘मिसिंग लिंक’ पर उठे सवाल
मुंबई: मुंबई और उसके आसपास के इलाकों में जारी मूसलाधार बारिश ने अब यातायात व्यवस्था की कमर तोड़ दी है। देश के सबसे व्यस्त और महत्वपूर्ण हाईवे में से एक मुंबई-पुणे एक्सप्रेसवे (Mumbai–Pune Expressway) पर खंडाला एग्जिट के पास एक बड़ा हादसा सामने आया है। यहां नवनिर्मित “मिसिंग लिंक” सेक्शन में अचानक हुए भीषण भूस्खलन (लैंडस्लाइड) के कारण सड़क पर भारी मात्रा में मलबा और चट्टानें आ गिरी हैं, जिसके बाद प्रशासन को एहतियात के तौर पर एक्सप्रेसवे को अस्थायी रूप से पूरी तरह बंद करना पड़ा है।
खंडाला एग्जिट पर कैसे हुआ हादसा?
प्रत्यक्षदर्शियों और हाईवे पुलिस के अनुसार, खंडाला के पास स्थित एक्सप्रेसवे के इस हिस्से में पिछले कई दिनों से लगातार भारी बारिश हो रही थी। अत्यधिक पानी के कारण पहाड़ी ढलान बेहद कमजोर हो गई और अचानक टनन वजनी मिट्टी और विशालकाय पत्थर सीधे मुख्य सड़क पर आ गिरे।
इस भूस्खलन के बाद स्थिति बेहद गंभीर हो गई:
लेन पूरी तरह ठप: मुंबई की ओर जाने वाली सभी लेन मलबे की चपेट में आने से पूरी तरह बंद हो गई हैं।
किलोमीटर लंबा जाम: अचानक रास्ता बंद होने से एक्सप्रेसवे के दोनों ओर वाहनों की मील लंबी कतारें लग गई हैं।
थम गई रफ्तार: मुंबई और पुणे के बीच सफर करने वाले हजारों यात्री बीच रास्ते में ही फंस गए हैं और वाहनों की रफ्तार पूरी तरह थम गई है।
युद्ध स्तर पर राहत और बचाव कार्य जारी
घटना की सूचना मिलते ही स्थानीय पुलिस, हाईवे प्रशासन (IRB) और आपदा प्रबंधन की टीमें भारी मशीनों और क्रेन के साथ मौके पर पहुंच चुकी हैं। सड़क से मलबे और भारी पत्थरों को हटाने का काम युद्ध स्तर पर शुरू कर दिया गया है। हाईवे पुलिस फंसे हुए वाहनों को निकालने और ट्रैफिक को पुराने मुंबई-पुणे हाईवे की तरफ डायवर्ट (मार्ग परिवर्तन) करने की कोशिश में जुटी है। सबसे बड़ी राहत की बात यह है कि इस हादसे में अभी तक किसी के हताहत होने या किसी वाहन के मलबे में दबने की सूचना नहीं मिली है।
पहली ही बारिश में खुली पोल, ₹6,695 करोड़ के प्रोजेक्ट पर उठे सवाल
इस हादसे ने एक्सप्रेसवे के निर्माण और उसकी सुरक्षा व्यवस्था पर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं। जिस “मिसिंग लिंक” (Missing Link) सेक्शन में यह लैंडस्लाइड हुआ है, उसे करीब ₹6,695 करोड़ की भारी-भरकम लागत से तैयार किया गया था। इस आधुनिक रूट को मात्र दो महीने पहले ही आम जनता के लिए खोला गया था ताकि मुंबई-पुणे के बीच का सफर आसान हो सके। लेकिन पहली ही भारी बारिश में इस तरह पहाड़ी का दरकना इसके डिजाइन, जियोलॉजिकल सर्वे और निर्माण की गुणवत्ता पर बड़े सवालिया निशान लगा रहा है।
मौसम विभाग का ‘रेड अलर्ट’: यात्रियों को न निकलने की सलाह
मौसम विज्ञान विभाग (IMD) ने मुंबई, ठाणे, रायगढ़ और विशेष रूप से पश्चिमी घाट के पहाड़ी क्षेत्रों के लिए अगले कुछ घंटों का हाई अलर्ट जारी किया है। मौसम विभाग के मुताबिक इन इलाकों में:
अत्यधिक भारी से बहुत भारी बारिश होने की आशंका है।
पहाड़ी रास्तों पर तेज हवाएं चलने और अत्यधिक फिसलन होने की स्थिति बनी रहेगी।
प्रशासन की अपील: एक्सप्रेसवे पर यातायात पूरी तरह ठप होने के कारण प्रशासन ने यात्रियों से अपील की है कि वे बेहद जरूरी न होने पर इस रूट पर यात्रा करने से बचें और केवल वैकल्पिक व सुरक्षित मार्गों का ही उपयोग करें।
