चंद्रिमा भट्टाचार्य के इस्तीफे के बाद ममता बनर्जी का तीखा पलटवार: “दबाव के आगे नहीं झुकूंगी, गद्दारों के लिए कोई जगह नहीं”
चंद्रिमा भट्टाचार्य के इस्तीफे के बाद ममता बनर्जी का तीखा पलटवार: “दबाव के आगे नहीं झुकूंगी, गद्दारों के लिए कोई जगह नहीं”
कोलकाता: पश्चिम बंगाल की राजनीति में जारी घमासान के बीच, तृणमूल कांग्रेस (TMC) की प्रदेश अध्यक्ष चंद्रिमा भट्टाचार्य के इस्तीफे के ठीक बाद पार्टी प्रमुख ममता बनर्जी ने फेसबुक लाइव के जरिए बागी नेताओं और विपक्ष पर सीधा और तीखा हमला बोला है. बेहद भावुक और आक्रामक अंदाज में कार्यकर्ताओं को संबोधित करते हुए ममता बनर्जी ने साफ कर दिया कि वह किसी भी दबाव के आगे घुटने टेकने वाली नहीं हैं.
’कभी-कभी चुप्पी ही सब कुछ कह देती है’
अपने संबोधन की शुरुआत में ममता बनर्जी ने वफादार कार्यकर्ताओं का आभार व्यक्त करते हुए कहा, “मैं उन पार्टी कार्यकर्ताओं के प्रति अपना समर्थन और आभार व्यक्त करती हूं, जो संकट की इस घड़ी में भी पार्टी के साथ मजबूती से खड़े हैं. जैसा कि आप देख रहे हैं, पिछले कुछ दिनों से मेरे सहयोगी और पार्टी के प्रवक्ता सार्वजनिक रूप से कई बयान दे रहे हैं, लेकिन मैं शांत हूं. मेरा मानना है कि कभी-कभी चुप्पी ही सबसे सही बात कहती है.”
चुनाव पर सवाल: 2026 में किस मुंह से लड़ेंगे चुनाव?
भारतीय जनता पार्टी (BJP) पर चुनावों में धांधली का आरोप लगाते हुए उन्होंने कहा, “मैंने देखा कि बीजेपी ने चुनाव में धांधली की है और वोटों की गिनती वाले केंद्रों पर सरेआम वोट लूटे हैं. लोगों के लिए काम करने के बजाय, वे हर तरफ परेशानी और डर का माहौल बना रहे हैं. हमारे कार्यकर्ताओं पर बेबुनियाद मामले दर्ज किए जा रहे हैं.”
बागी नेताओं को आड़े हाथों लेते हुए उन्होंने आगे कहा, “यह देखकर हैरानी होती है कि जिन लोगों ने हमारे टिकट पर चुनाव जीता, वे आज कह रहे हैं कि पार्टी 2023 से ठीक से काम नहीं कर रही है! हमारे संविधान के अनुसार यह पूरी तरह गलत है. अगर ऐसा ही था, तो आप लोग 2026 में हमारी पार्टी से चुनाव कैसे लड़ सकते हैं?”
बागी नेताओं को ‘गद्दार’ कह घेरा
ममता बनर्जी ने बागी सुर अपनाने वाले नेताओं को सीधे तौर पर ‘गद्दार’ करार दिया. उन्होंने गुस्से में कहा, “चुनाव चिह्न मैंने ही दिया था और 2026 के चुनावों में आपके नामांकन पत्रों पर हस्ताक्षर भी मैंने ही किए थे. चुनाव खत्म होने के दो महीने के भीतर ही आप गद्दार कैसे बन गए? गद्दारी की भी कोई सीमा होनी चाहिए. आप लोग अभी बीजेपी के इशारों पर काम कर रहे हैं, जो इस पार्टी में नहीं चल सकता, क्योंकि TMC की मूल विचारधारा हमेशा से बीजेपी-विरोधी रही है.”
”रोकना है तो मुझे मारना होगा, दबाव के आगे नहीं झुकूंगी”
बीजेपी को खुली चुनौती देते हुए ममता बनर्जी ने कहा, “ये गद्दार बीजेपी की इच्छा के अनुसार काम कर रहे हैं. मैं उनसे कहूंगी कि वे लुका-छिपी खेलने के बजाय सीधे जाकर बीजेपी में शामिल हो जाएं. याद रखें, मैं अभी भी जिंदा हूं और पार्टी का चुनाव चिह्न कहीं नहीं जाने वाला. अगर आप मुझे रोकना चाहते हैं, तो आपको मुझे मारना होगा.”
उन्होंने राज्य के मौजूदा हालात पर दुख जताते हुए कहा, “आपने मुझ पर, महुआ पर, अभिषेक पर और दूसरों पर लगातार हमले किए हैं. बंगाल में आज जो नया कल्चर दिख रहा है, उसे देखकर दुख होता है; बच्चों को मिड-डे मील में अंडे तक नहीं मिल रहे हैं और आप पुलिस की मदद से सत्ता का गलत इस्तेमाल कर रहे हैं. मैं उन लोगों को दोष नहीं दूंगी जो पार्टी से अलग हो रहे हैं क्योंकि मुझे पता है कि उन पर केंद्रीय एजेंसियों और विपक्ष का भारी दबाव डाला जा रहा है. लेकिन यह साफ सुन लीजिए—मैं बीजेपी के सामने कभी नहीं झुकूंगी और मेरी पार्टी भी किसी दबाव के आगे घुटने नहीं टेकेगी.”
