केदारनाथ यात्रा पर ब्रेक: भारी बारिश के कारण प्रशासन ने अस्थायी रूप से रोकी यात्रा, सोनप्रयाग और गौरीकुंड में रोके गए श्रद्धालु
केदारनाथ यात्रा पर ब्रेक: भारी बारिश के कारण प्रशासन ने अस्थायी रूप से रोकी यात्रा, सोनप्रयाग और गौरीकुंड में रोके गए श्रद्धालु
रुद्रप्रयाग/देहरादून: अगर आप बाबा केदारनाथ धाम जाने की योजना बना रहे हैं, तो यह खबर आपके लिए बेहद जरूरी है। केदारनाथ धाम सहित रुद्रप्रयाग जनपद के ऊपरी हिमालयी क्षेत्रों में शनिवार रात से लगातार मूसलाधार बारिश हो रही है। मौसम के इस बिगड़े मिजाज को देखते हुए केदारनाथ प्रशासन ने एहतियातन यात्रा को अस्थायी रूप से रोक दिया है। श्रद्धालुओं की सुरक्षा को सर्वोपरि रखते हुए यात्रा मार्ग पर आवाजाही पर फिलहाल पूरी तरह पाबंदी लगा दी गई है। जिला प्रशासन का कहना है कि मौसम साफ होते ही यात्रा को दोबारा शुरू किया जाएगा, लेकिन मौजूदा हालातों में यात्रियों की जान को जोखिम में नहीं डाला जा सकता।
यात्रियों के लिए सुरक्षित होल्डिंग एरिया तैयार; इन जगहों पर रोके गए श्रद्धालु
केदारनाथ धाम और पैदल मार्ग पर लगातार हो रही बारिश के बीच रुद्रप्रयाग जिला प्रशासन और आपदा प्रबंधन तंत्र (DDMA) पूरी तरह अलर्ट मोड में है। धाम की ओर बढ़ रहे हजारों श्रद्धालुओं को रास्ते में ही सुरक्षित स्थानों पर रोक दिया गया है:
प्रमुख पड़ाव: यात्रियों को गुप्तकाशी, फाटा, रामपुर, शेरसी, सोनप्रयाग और गौरीकुंड स्थित सुरक्षित होल्डिंग क्षेत्रों और होटलों में ठहराया गया है।
सुरक्षित वापसी: जो श्रद्धालु बाबा केदार के दर्शन कर केदारनाथ धाम से नीचे उतर रहे हैं, उन्हें पुलिस और सुरक्षा बलों की देखरेख में चरणबद्ध (Sectors) तरीके से सुरक्षित नीचे लाया जा रहा है।
जिलाधिकारी के निर्देशन में पैदल यात्रा मार्ग, सभी पड़ाव स्थलों और मुख्य धाम में तैनात सेक्टोरल मजिस्ट्रेट, पुलिस, एसडीआरएफ (SDRF), एनडीआरएफ (NDRF) और अन्य सुरक्षा बलों को चौबीसों घंटे निगरानी बनाए रखने के निर्देश दिए गए हैं।
मौसम विभाग के अलर्ट के बाद प्रशासन सख्त, कोई जोखिम नहीं
उत्तराखंड मौसम विभाग द्वारा जारी भारी बारिश के पूर्वानुमान के मद्देनजर प्रशासन इस बार कोई ढिलाई बरतने के मूड में नहीं है। पहाड़ी रास्तों पर भूस्खलन (Landslide) और डेंजर जोन में पत्थर गिरने के खतरे को देखते हुए पहली तेज बारिश में ही यह कड़ा फैसला लिया गया है।
प्रशासन की अपील— अफवाहों से बचें: वर्तमान में हजारों श्रद्धालु यात्रा दोबारा शुरू होने के इंतजार में अलग-अलग पड़ावों पर डटे हुए हैं। केदारनाथ प्रशासन ने सभी यात्रियों से अपील की है कि वे सोशल मीडिया पर फैलने वाली किसी भी तरह की अफवाहों पर ध्यान न दें और केवल जिला प्रशासन द्वारा जारी आधिकारिक बुलेटिन पर ही भरोसा करें। साथ ही, सभी से खराब मौसम के दौरान अपने सुरक्षित स्थानों (होटल/धर्मशाला) के भीतर ही रहने को कहा गया है।
इस सीजन में 10 लाख से पार पहुंचा श्रद्धालुओं का आंकड़ा
गौरतलब है कि इस साल की केदारनाथ यात्रा शुरुआत से ही नए रिकॉर्ड बना रही है। कपाट खुलने के बाद से अब तक 10 लाख से अधिक श्रद्धालु बाबा केदार के दर्शन कर चुके हैं। भारी भीड़ और लगातार बढ़ते आंकड़ों के बीच, मौसम की इस नई चुनौती से निपटने और यात्रा को सुरक्षित व व्यवस्थित बनाए रखने के लिए उत्तराखंड सरकार और स्थानीय प्रशासन लगातार युद्ध स्तर पर काम कर रहा है।
