कोलकाता: अभिषेक बनर्जी की संपत्तियों को KMC नोटिस मिलने की खबर, मेयर फिरहाद हकीम ने जताया अनभिज्ञता
कोलकाता: अभिषेक बनर्जी की संपत्तियों को KMC नोटिस मिलने की खबर, मेयर फिरहाद हकीम ने जताया अनभिज्ञता
पश्चिम बंगाल की राजनीति में एक बार फिर सरगर्मी तेज हो गई है। कोलकाता नगर निगम (KMC) द्वारा तृणमूल कांग्रेस (TMC) के राष्ट्रीय महासचिव और लोकसभा सांसद अभिषेक बनर्जी के कथित स्वामित्व या सह-स्वामित्व वाली 17 संपत्तियों को नोटिस जारी किए जाने की खबरें सामने आई हैं। हालांकि, कोलकाता के मेयर और ममता बनर्जी कैबिनेट के पूर्व मंत्री फिरहाद हकीम ने बुधवार को इस पूरे मामले पर अनभिज्ञता जाहिर की है।
KMC एक्ट की धारा 400(1) के तहत नोटिस की चर्चा
सामने आई खबरों के मुताबिक, कोलकाता नगर निगम ने ‘केएमसी अधिनियम, 1980’ की धारा 400(1) के तहत ये नोटिस जारी किए हैं। यह धारा कथित तौर पर अवैध या बिना अनुमति के किए गए निर्माणों से जुड़ी है, जिसमें संपत्ति के मालिकों को निगम अधिकारियों के समक्ष पेश होकर अपना पक्ष रखने का अवसर दिया जाता है।
इस विषय पर जब मीडिया ने कोलकाता के मेयर फिरहाद हकीम से सवाल किया, तो उन्होंने स्पष्ट किया कि उन्हें इस तरह के किसी नोटिस की जानकारी नहीं है। दोपहर को पत्रकारों से बातचीत में हकीम ने कहा:
”KMC अधिनियम के तहत, मैं केवल एक नीति निर्माता (Policy Maker) हूं। मुझे ऐसे नोटिसों के बारे में कोई जानकारी नहीं है और न ही इस घटनाक्रम के बारे में मुझे किसी ने सूचित किया था।”
”फैसला लेने का अधिकार केवल कमिश्नर को”
मेयर ने प्रशासनिक व्यवस्था साफ करते हुए कहा कि भवन विभाग (Building Department) के ऐसे मामलों में निर्णय लेने का पूरा अधिकार केएमसी कमिश्नर (KMC Commissioner) के पास होता है। हकीम ने आगे कहा:
“मुझे इस मामले में किसी ने कुछ नहीं बताया। केएमसी के मेयर का इस बात पर कोई प्रभाव नहीं हो सकता कि निगम के भवन विभाग ने किस मकान या निर्माण को गिराने का फैसला किया है। पद के नाते यह अधिकार पूरी तरह केएमसी कमिश्नर का है।”
”घर गिरा दें, पर भाजपा के आगे नहीं झुकूंगा”: अभिषेक बनर्जी
यह प्रशासनिक हलचल ऐसे समय में हुई है जब मंगलवार दोपहर को दक्षिण कोलकाता के कालीघाट स्थित ममता बनर्जी के आवास पर नवनिर्वाचित तृणमूल कांग्रेस विधायकों की एक महत्वपूर्ण बैठक हुई थी।
सूत्रों के मुताबिक, इस बैठक में खुद अभिषेक बनर्जी भी मौजूद थे और उन्होंने कड़ा रुख अख्तियार करते हुए कहा कि वह राज्य में भाजपा के नेतृत्व वाली नई सरकार के सामने घुटने नहीं टेकेंगे। बैठक में उन्होंने कहा:
”वे जो चाहें करें। वे मुझे नोटिस भेज सकते हैं, यहां तक कि मेरा घर भी गिरा सकते हैं। लेकिन मैं कभी नहीं झुकूंगा। चाहे कुछ भी हो जाए, भाजपा के खिलाफ मेरी लड़ाई जारी रहेगी।”
भाजपा ने जारी की 43 संपत्तियों की सूची, TMC ने बताया मनगढ़ंत
इस बीच, भारतीय जनता पार्टी (BJP) की पश्चिम बंगाल इकाई ने इस मुद्दे को और हवा देते हुए 43 संपत्तियों की एक सूची सार्वजनिक की है। भाजपा का दावा है कि ये सभी संपत्तियां सीधे या परोक्ष रूप से अभिषेक बनर्जी से जुड़ी हुई हैं।
दूसरी तरफ, तृणमूल कांग्रेस ने भाजपा के इन आरोपों को सिरे से खारिज कर दिया है। टीएमसी नेतृत्व का कहना है कि विपक्ष द्वारा जारी की गई यह सूची पूरी तरह से मनगढ़ंत, राजनीति से प्रेरित और अविश्वसनीय है। फिलहाल इस मामले को लेकर बंगाल के सियासी गलियारों में आरोप-प्रत्यारोप का दौर जारी है।
