राजनीति

​महंगाई और आंधी-तूफान की तबाही पर सरकार पर बरसीं मायावती, राहत और मूल्य नियंत्रण की उठाई मांग

​लखनऊ: बहुजन समाज पार्टी (बसपा) की राष्ट्रीय अध्यक्ष और उत्तर प्रदेश की पूर्व मुख्यमंत्री मायावती ने राज्य के कई हिस्सों में हाल ही में आए भीषण आंधी-तूफान से हुई तबाही और देश में पेट्रोल-डीजल की बढ़ती कीमतों को लेकर केंद्र व राज्य सरकार पर तीखा निशाना साधा है। उन्होंने सरकारों से प्रभावित परिवारों को तत्काल राहत देने और बेलगाम होती महंगाई पर काबू पाने के लिए ठोस कदम उठाने की मांग की है।

​’उजड़े परिवारों की पूरी उदारता से मदद करे सरकार’

​बसपा सुप्रीमो मायावती ने सोशल मीडिया मंच ‘एक्स’ (पहले ट्विटर) पर पोस्ट करते हुए उत्तर प्रदेश में प्राकृतिक आपदा से हुए नुकसान पर गहरी चिंता व्यक्त की। उन्होंने लिखा:

​”अभी हाल ही में उत्तर प्रदेश के कई हिस्सों में ज़बरदस्त आंधी-तूफान से हुई जान-माल की भारी तबाही से प्रभावित लोगों/परिवारों की मदद के लिए राज्य सरकार को अपनी पूरी उदारता बरतते हुये हर प्रकार से उनके सहयोग के लिये आगे आना चाहिये ताकि वे लोग अपने उजड़े/बिखरे हुये पारिवारिक जीवन को समेट कर दोबारा से अपनी ज़िन्दगी शुरू कर सकें।”

​पेट्रोल-डीजल के दामों में बढ़ोतरी पर केंद्र को घेरा

​मायावती ने केंद्र सरकार की आर्थिक नीतियों और लगातार बढ़ती महंगाई पर भी कड़ा प्रहार किया। उन्होंने हाल ही में ईंधन की कीमतों में हुए इजाफे का जिक्र करते हुए कहा कि पेट्रोलियम पदार्थों और अन्य आवश्यक वस्तुओं के दामों में अनवरत (लगातार) हो रही वृद्धि आम जनता की कमर तोड़ रही है।

​उन्होंने आगे लिखा:

​पेट्रोल और डीजल की कीमतों में की गई तीन रुपये प्रति लीटर की वृद्धि देश के करोड़ों गरीबों, मेहनतकश परिवारों और किसानों के लिए एक बड़ा झटका है।

​इस बढ़ोतरी का सीधा और सबसे बुरा असर देश के मिडिल क्लास (मध्यम वर्ग) के जीवन पर भी पड़ेगा।

​महंगाई की इस मार से आम जनता के सामने अपने परिवार का पालन-पोषण करने का संकट खड़ा हो जाएगा।

​’महंगाई कम करना ही समय की मांग’

​बसपा प्रमुख ने सरकारों को चेतावनी भरे लहजे में नसीहत देते हुए कहा कि आम जनता का जीवन लगातार दुष्कर होता जा रहा है। सरकार को इस प्रकार की नियमित मूल्य वृद्धि को रोकने और महंगाई को कम करने के लिए तत्काल सार्थक व जरूरी कदम उठाने चाहिए, क्योंकि आज के समय की यही सबसे बड़ी मांग है।

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