’तुम्हारे लिए दोनों पेपर आउट कर लिए हैं, मिलने आ जाओ’… छात्रा को ऑफर देने वाला लखनऊ यूनिवर्सिटी का प्रोफेसर गिरफ्तार
नीट (NEET) पेपर लीक मामले को लेकर देश भर में जारी बवाल के बीच अब लखनऊ विश्वविद्यालय (LU) से एक बेहद शर्मनाक और हैरान करने वाला मामला सामने आया है। यूनिवर्सिटी के जियोलॉजी डिपार्टमेंट (भूविज्ञान विभाग) के एक असिस्टेंट प्रोफेसर का अपनी ही छात्रा के साथ आपत्तिजनक बातचीत और पेपर लीक करने का लालच देने का ऑडियो सोशल मीडिया पर वायरल हो गया है। ऑडियो क्लिप में प्रोफेसर छात्रा को ‘डार्लिंग’ संबोधित करते हुए परीक्षा के पेपर पहले ही देने के बदले मिलने बुलाता सुनाई दे रहा है।
मामला सामने आते ही विश्वविद्यालय प्रशासन और पुलिस तुरंत अलर्ट मोड में आ गए। परीक्षा नियंत्रक (एग्जाम कंट्रोलर) की तहरीर पर हसनगंज पुलिस ने मुकदमा दर्ज कर आरोपी प्रोफेसर को हिरासत में ले लिया है।
क्या है वायरल ऑडियो में? (प्रोफेसर और छात्रा की बातचीत)
सोशल मीडिया पर वायरल हुई यह ऑडियो क्लिप कथित तौर पर जियोलॉजी डिपार्टमेंट के असिस्टेंट प्रोफेसर परमजीत सिंह और एक छात्रा के बीच की है। बताया जा रहा है कि प्रोफेसर की हरकतों और ब्लैकमेलिंग से तंग आकर खुद छात्रा ने इस ऑडियो को रिकॉर्ड कर वायरल किया ताकि प्रोफेसर का असली चेहरा सामने आ सके।
ऑडियो के मुख्य अंश इस प्रकार हैं:
प्रोफेसर: “…अगर कोई फाइनेंशियल सपोर्ट चाहिए या कोई और हेल्प चाहिए, तुम्हारे लिए सबकुछ ओपन है। किस दिन मिलने आओगी, मैंने दोनों पेपर आउट कर लिए हैं आपके लिए?”
छात्रा: “सर, मुझे मुश्किल ही लग रहा है, क्योंकि अभी घर पर भी देखना है। वैसे मैंने पढ़ तो लिया है, सिलेबस पूरा हो गया है।”
प्रोफेसर: “नहीं-नहीं… तुम आ जाओ, तुम्हारे लिए मैं पेपर आउट कर दूंगा यार। पूरा पेपर रखा है मेरे पास, तो आ जाओ आप। मिलने नहीं आओगी एक बार भी? एग्जाम से पहले आ जाओ, दोनों पेपर आउट कर लिए हैं तुम्हारे लिए।”
छात्रा: “अच्छा सर, मैं ट्राई करती हूं। जिस दिन घर से निकल पाऊंगी, तब देखती हूं।”
प्रोफेसर: “ट्राई नहीं, आना पड़ेगा आपको। तो 7 दिन के अंदर आ जाओ फिर।”
एबीवीपी का हंगामा, कुलपति ने दिए 24 घंटे में जांच के आदेश
ऑडियो क्लिप वायरल होते ही लखनऊ विश्वविद्यालय परिसर का माहौल गरमा गया। अखिल भारतीय विद्यार्थी परिषद (ABVP) के कार्यकर्ताओं ने विश्वविद्यालय प्रशासनिक भवन के बाहर जोरदार प्रदर्शन किया और आरोपी प्रोफेसर को तुरंत बर्खास्त करने की मांग उठाई।
मामले की गंभीरता और विश्वविद्यालय की छवि पर लगते दाग को देखते हुए कुलपति प्रोफेसर जे.पी. सैनी ने तत्काल आपात बैठक बुलाई। उन्होंने आंतरिक शिकायत समिति (Internal Complaints Committee – ICC) को पूरे प्रकरण की जांच कर 24 घंटे के भीतर विस्तृत रिपोर्ट सौंपने के सख्त निर्देश दिए हैं। विश्वविद्यालय प्रशासन ने साफ किया है कि छात्राओं की सुरक्षा और परीक्षा की शुचिता से समझौता करने वाले किसी भी कर्मचारी को बख्शा नहीं जाएगा।
पुलिस ने किया गिरफ्तार, अन्य छात्रों के रिकॉर्ड की भी जांच शुरू
हसनगंज पुलिस ने विश्वविद्यालय के एग्जाम कंट्रोलर की आधिकारिक शिकायत पर आईटी एक्ट, धोखाधड़ी और पद के दुरुपयोग की धाराओं में मामला दर्ज कर प्रोफेसर परमजीत सिंह को हिरासत में लेकर पूछताछ शुरू कर दी है। पुलिस इस बात की भी जांच कर रही है कि क्या प्रोफेसर ने इससे पहले भी किसी परीक्षा के पेपर लीक किए हैं या अन्य छात्राओं को भी इस तरह के जाल में फंसाया है। पुलिस सूत्रों के मुताबिक, प्रोफेसर के मोबाइल फोन और चैट रिकॉर्ड को फॉरेंसिक जांच के लिए भेजा जा रहा है।
