NEET-UG 2026 पेपर लीक विवाद: क्यों रद्द हुई परीक्षा? पूरी कहानी और लेटेस्ट अपडेट
NEET-UG 2026 पेपर लीक विवाद: क्यों रद्द हुई परीक्षा? पूरी कहानी और लेटेस्ट अपडेट
नई दिल्ली: NEET-UG 2026 परीक्षा (3 मई 2026 को आयोजित) को राष्ट्रीय परीक्षा एजेंसी (NTA) ने पेपर लीक के आरोपों के बीच रद्द कर दिया है। राजस्थान पुलिस की एसओजी (Special Operations Group) जांच में एक “गेस पेपर” या हैंडरिटन प्रश्न सेट सामने आया, जिसमें परीक्षा के 100-140 (कुछ रिपोर्ट्स में 600+ मार्क्स वाले) प्रश्न मैच करते पाए गए। इस बड़े विवाद के बाद केंद्र सरकार ने CBI जांच के आदेश दे दिए हैं और NTA ने री-एग्जाम का ऐलान किया है।
विवाद की पूरी कहानी
NEET-UG भारत की सबसे बड़ी मेडिकल प्रवेश परीक्षा है, जिसमें हर साल 20 लाख से ज्यादा छात्र भाग लेते हैं। MBBS, BDS और अन्य मेडिकल कोर्स में दाखिले के लिए यह अनिवार्य है। लेकिन पिछले कुछ सालों से यह परीक्षा लगातार विवादों में घिरी हुई है:
2024 का बड़ा घोटाला: बिहार (पटना) में पेपर लीक का मामला सामने आया। कुछ छात्रों ने ₹30-50 लाख देकर पेपर हासिल किया। पुलिस ने कई गिरफ्तारियां कीं। सुप्रीम कोर्ट ने मामले की सुनवाई की, ग्रेस मार्किंग विवाद चला और अंत में सीमित री-टेस्ट हुआ। NTA की विश्वसनीयता बुरी तरह प्रभावित हुई।
2025 में भी आरोप: सोशल मीडिया (Telegram, Instagram) पर फेक पेपर लीक क्लेम्स वायरल होते रहे। NTA ने 100+ चैनल्स ब्लॉक कराए और अफवाहों पर सख्ती दिखाई। परीक्षा हुई, लेकिन कई छात्रों ने पावर कट, देरी जैसी समस्याएं उठाईं।
2026 का ताजा विवाद: 3 मई को परीक्षा हुई। कुछ दिनों बाद राजस्थान पुलिस को सूचना मिली कि सिकर और देहरादून जैसे कोचिंग हब्स में Telegram/WhatsApp पर “गेस पेपर” बेचा गया, जिसमें असली पेपर के सैकड़ों प्रश्न मैच कर रहे थे। 13 लोगों को गिरफ्तार किया गया। NTA ने शुरुआत में इनकार किया लेकिन सबूतों के सामने परीक्षा रद्द करनी पड़ी।
पेपर लीक के आरोप क्यों लगते रहते हैं?
कोचिंग माफिया का नेटवर्क: बड़े कोचिंग सेंटर्स (खासकर राजस्थान, बिहार) में अत्यधिक दबाव और कॉम्पिटिशन। कुछ में पेपर आउट करने का रैकेट सक्रिय रहता है।
सुरक्षा में खामियां: प्रश्न पत्र प्रिंटिंग, ट्रांसपोर्ट और सेंटर पर पहुंचाने में लीकेज की आशंका।
सोशल मीडिया का रोल: फेक “लीक” क्लेम्स वायरल हो जाते हैं, जो असली लीक से पहले ही पैनिक पैदा करते हैं।
उच्च दांव: एक परीक्षा पर करियर, लाखों रुपये का निवेश और सीटों की कमी के कारण छात्र-परिवार हताश रहते हैं।
NTA पर भरोसे की कमी: 2024 विवाद के बाद भी पूरी सुरक्षा व्यवस्था पर सवाल उठते रहे।
लेटेस्ट अपडेट (12 मई 2026 तक)
NTA ने परीक्षा रद्द कर दी। नए एग्जाम की तारीख जल्द घोषित की जाएगी (कोई नया रजिस्ट्रेशन नहीं, पुराने एडमिट कार्ड मान्य)।
CBI जांच शुरू, कोचिंग सेंटर्स पर छापे की संभावना।
छात्रों में आक्रोश, दिल्ली में NSUI समेत छात्र संगठनों के प्रदर्शन।
विपक्ष ने शिक्षा मंत्री पर सवाल उठाए, NTA की जवाबदेही मांगी।
यह विवाद छात्रों के भविष्य को प्रभावित कर रहा है। लाखों परिवारों में अनिश्चितता है। NTA ने छात्रों से शांति बनाए रखने की अपील की है।
आप क्या सोचते हैं? NEET जैसी परीक्षाओं में बार-बार लीक के आरोप क्यों आते हैं? क्या सिस्टम में बड़े बदलाव की जरूरत है? कमेंट में अपनी राय जरूर बताएं!
